Media24Media.com: छत्तीसगढ़िया ओलंपिक: दुर्ग संभाग ने लंगड़ी दौड़ और सरगुजा संभाग ने रस्सा-कस्सी प्रतियोगिता में मारी बाजी

Responsive Ad Slot

Latest

latest


 

छत्तीसगढ़िया ओलंपिक: दुर्ग संभाग ने लंगड़ी दौड़ और सरगुजा संभाग ने रस्सा-कस्सी प्रतियोगिता में मारी बाजी

Document Thumbnail

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने तीन दिवसीय राज्य स्तरीय छत्तीसढ़िया ओलंपिक का आज शुभारंभ किया। राज्य में पहली बार आयोजित हो रहे छत्तीसगढ़िया ओलंपिक के अंतर्गत छत्रपति शिवाजी महाराज आउटडोर स्टेडियम बूढ़ापारा रायपुर में संखली, रस्सा-कस्सी, लंगड़ी, पिठ्ठूल, बांटी (कंचा) की प्रतियोगिताओं में राज्य से आए संभाग के खिलाड़ियों ने अपने खेल का जौहर दिखाया। 

खेल एवं युवा कल्याण विभाग की अपर मुख्य सचिव सचिव श्रीमती रेणु जी पिल्ले ने मैदान में पहुंचकर खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए प्रतियोगिता का आनंद लिया। जहां एक ओर रस्सा-कस्सी की प्रतियोगिता में खिलाड़ियों ने अपने कौशल के साथ काफी ज़ोर आजमाईश भी की, वहीं पिठ्ठूल के साथ-साथ कंचा (बांटी) में अपने सधे हुए हाथों से लक्ष्य पर निशाना साधा। लंगड़ी दौड़ में सहभागी में परस्पर सामंजस्य व संतुलन देखते बन रहा था। संखली में श्रृंखला के रूप में खिलाड़ियों में एकता की भावना एवं विपक्षी दल के लिए चपलता से घेरा बंदी करते दिखे।

लंगड़ी दौड़ में दुर्ग संभाग का दबदबा –

लंगड़ी दौड़ प्रतियोगिता जहां एक ओर पुरूष वर्ग में 18 वर्ष से कम आयु समूह में दुर्ग संभाग के जयनारायण व तोरण साहू ने प्रथम, बस्तर संभाग के कुंजाम वेकेंटस व सोड़ी लक्ष्मण ने द्वितीय और सरगुजा संभाग के महेश व भूवनलाल ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। 18 से 40 वर्ष के वर्ग में दुर्ग संभाग के रामेश्वर व देवकरण ठाकुर प्रथम, बिलासपुर संभाग के ब्रजलाल व भरतलाल द्वितीय एवं रायपुर संभाग के खिलेश्वर व ओमेश्वर तृतीय स्थान पर रहे। 40 वर्ष से अधिक उम्र वर्ग की दलीय प्रतियोगिता में दुर्ग संभाग के शत्रुशाल वर्मा व संदेश वर्मा प्रथम, बिलासपुर संभाग के रामकुमार चौहान एवं शिवकुमार चौहान द्वितीय और तृतीय स्थान पर रायपुर संभाग के पतिराम कुर्रे व संतोष वर्मा ने अपना स्थान पक्का किया। वहीं दूसरी ओर महिला वर्ग में 18-40 वर्ष से आयु समूह में दुर्ग संभाग की निशा व अनिता प्रथम, बस्तर संभाग की खिलेश्वरी व आरती मरकाम द्वितीय और बिलासपुर संभाग की सुजिता यादव व कांता यादव ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।

18 वर्ष से कम आयु वर्ग के रस्सा-कस्सी प्रतियोगिता में सरगुजा ने दिखाया दम

रस्सा-कस्सी प्रतियोगिता में महिला एवं पुरूष दोनों वर्ग में 18 वर्ष से कम उम्र के खिलाड़ियों में सरगुजा संभाग ने फ़तह हासिल की। पुरूष वर्ग में बिलासपुर उप विजेता और महिला वर्ग में रायपुर उपविजेता रहे। तृतीय स्थान पर महिला वर्ग में बिलासपुर संभाग और पुरूष वर्ग में बस्तर संभाग रहा।

बांटी (कंचा) की प्रतियोगिता - 40 वर्ष से अधिक उम्र के पुरूष वर्ग में सरगुजा संभाग प्रथम, दुर्ग संभाग द्वितीय और बस्तर संभाग ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। महिला वर्ग में प्रथम स्थान पर रायपुर संभाग, द्वितीय स्थान पर सरगुजा संभाग एवं तृतीय स्थान पर दुर्ग संभाग ने कब्जा जमाया।

पिठ्ठूल प्रतियोगिता 18 वर्ष से कम आयु की बालिका वर्ग में सरगुजा संभाग ने प्रथम, बिलासपुर संभाग ने द्वितीय एवं बस्तर संभाग ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। बालक वर्ग की प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर रायपुर संभाग का दबदबा रहा। द्वितीय स्थान बस्तर संभाग एवं तृतीय स्थान सरगुजा संभाग ने प्राप्त किया। संखली प्रतियोगिता में आज 18 वर्ष से कम आयु के बालक वर्ग में रायपुर संभाग और बालिका वर्ग में बस्तर संभाग की टीम ने फाईनल में स्थान पक्का कर लिया है।

विभिन्न स्तरों में ग्रामीण क्षेत्रों से 25 लाख और नगरों से 1.30 लाख लोगों की रही भागीदारी

खेल एवं युवा कल्याण विभाग की अपर मुख्य सचिव श्रीमती रेणु जी पिल्ले ने बताया कि इस राज्य स्तरीय आयोजन में प्रदेश के सभी जिलों के लगभग 1900 प्रतिभागी शामिल हो रहे हैं। ये स्पर्धाएं 10 जनवरी 2023 तक चलेगी। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़िया ओलंपिक में ग्रामीण क्षेत्रों के 25 लाख से ज्यादा और नगरीय क्षेत्रों में एक लाख 30 हजार से ज्यादा लोगों की भागीदारी रही। उन्होंने बताया कि बलबीर सिंह जुनेजा इनडोर स्टेडियम में फुगड़ी, बिल्लस, भंवरा, बाटी और कबड्डी, छत्रपति शिवाजी महाराज आउटडोर स्टेडियम में संखली, रस्साकशी, लंगडी, पिट्ठुल, गेंडी दौड़, माधव राव सप्रे उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में खो-खो और गिल्ली डंडा और स्वामी विवेकानंद स्टेडियम कोटा में लंबी कूद और 100 मीटर दौड़ खेलों की प्रतिस्पर्धाएं आयोजित की जाएंगी।

14 पारंपरिक खेल विधा को किया गया है शामिल

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देेने के उद्देश्य के छत्तीसगढ़िया ओलंपिक का आयोजन किया गया है। घरेलू महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी इस ओलंपिक में बढ़-चढ़ कर हिस्सा ले रहे हैं। छत्तीसगढ़िया ओलंपिक में 14 खेल विधा को शामिल किया गया है। इसके तहत दलीय खेल में गिल्ली डंडा, पिट्टुल, संखली, लंगड़ी दौड़, कबड्डी, खो-खो, रस्साकसी, बाटी (कंचा) और एकल खेल में बिल्लस, फुगड़ी, गेड़ी दौड़, भंवरा, 100 मी. दौड़ तथा लंबी कूद की प्रतिस्पर्धाएं शामिल हैं।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ के परंपरागत खेलों को बढ़ावा देने के लिए छत्तीसगढ़िया ओलंपिक की शुरूआत की है, जिसका आयोजन प्रत्येक वर्ष होगा। छत्तीसगढ़िया ओलंपिक की शुरूआत 06 अक्टूबर 2022 से राजीव गांधी युवा मितान क्लब स्तर से प्रारंभ होकर विभिन्न स्तरों से होते हुए अपने अंतिम पड़ाव राज्य स्तरीय तक पहुंच चुका है, जिसका आयोजन 8 जनवरी से 10 जनवरी 2023 तक होगा।

Advertisement Sushasan Divas Advertisement Mohan Chandrakar Chhattisgarh Tourism Chhattisgarh Tourism
Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.