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सत्य, अहिंसा और सादगी के आदर्श हमें राष्ट्रसेवा की प्रेरणा देते रहेंगे : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

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 रायपुर : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज नई दिल्ली स्थित छत्तीसगढ़ सदन में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय श्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया।


मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि महात्मा गांधी ने सत्य, अहिंसा और मानवता के मार्ग पर चलते हुए पूरी दुनिया को शांति और सद्भाव का संदेश दिया। उनके विचारों में समाज के अंतिम व्यक्ति के कल्याण और आत्मनिर्भर भारत की भावना निहित थी। उनका जीवन हमें सत्य के मार्ग पर अडिग रहते हुए समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करने की प्रेरणा देता है।


मुख्यमंत्री साय ने पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय श्री लाल बहादुर शास्त्री का स्मरण करते हुए कहा कि उनका सादगीपूर्ण जीवन, दृढ़ नेतृत्व और राष्ट्र के प्रति समर्पण प्रत्येक भारतीय के लिए प्रेरणास्रोत है। उनका दिया ‘जय जवान-जय किसान’ का मंत्र देश की सुरक्षा और समृद्धि में हमारे जवानों तथा किसानों के अमूल्य योगदान को रेखांकित करता है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के जीवन एवं आदर्श हमें जनकल्याण, सुशासन और राष्ट्रसेवा के पथ पर निरंतर आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।

PM मोदी से बात करते भावुक हुए कैप्टन स्मित, बोले- हनुमान जी ने सबको बचाया

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 नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को फ्लाईदुबई के भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार से वीडियो कॉल पर बातचीत की और उनके साहस की सराहना की। फ्लाईदुबई की दुबई से तेल अवीव जा रही उड़ान में 30 सितंबर को सह-पायलट ने कैप्टन मच्छार पर कथित तौर पर हमला कर दिया था। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद मच्छार ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफलता हासिल की, जिसके बाद यात्रियों और क्रू ने हमलावर को काबू किया। विमान की सऊदी अरब के तबुक में आपात लैंडिंग कराई गई।


PM मोदी से बातचीत में भावुक हुए कैप्टन मच्छार

बातचीत के दौरान कैप्टन स्मित मच्छार ने प्रधानमंत्री मोदी को उस घटना के दौरान अपने अनुभव के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि उन्हें लगा था कि विमान नीचे गिर सकता है। उन्होंने बताया कि ऐसी स्थिति में उन्होंने अपनी पूरी क्षमता से यात्रियों को बचाने की कोशिश की।

मच्छार ने यह भी बताया कि घटना के दौरान वह हनुमान चालीसा का पाठ कर रहे थे और इसी से उन्हें हिम्मत मिली। बातचीत के दौरान वह भावुक हो गए। इस पर प्रधानमंत्री मोदी ने उन्हें सांत्वना देते हुए कहा कि अगर आप मेरे सामने भावुक नहीं होंगे तो फिर कहां होंगे।

“मैंने नहीं, हनुमान जी ने सबको बचाया”

कैप्टन मच्छार ने प्रधानमंत्री से कहा कि उन्होंने जो कुछ किया, उसमें उनका मानना है कि “मैंने नहीं, हनुमान जी ने सबको बचाया।” उन्होंने बताया कि यात्रियों को बचाने की कोशिश में उन्हें गंभीर चोटें आईं और वह घायल होकर गिर गए थे।

मच्छार ने यह भी कहा कि वह अपने देश से दूर होने के बावजूद अपनी संस्कृति से खुद को करीब महसूस करते हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने उनके साहस और यात्रियों की सुरक्षा के लिए किए गए प्रयासों की सराहना की और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की।

पीएम मोदी पहले भी कर चुके हैं पायलट की तारीफ

इस घटना के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने 1 अक्टूबर को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए भी कैप्टन मच्छार की बहादुरी की प्रशंसा की थी। मोदी ने कहा था कि बेहद खतरनाक परिस्थितियों और गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद मच्छार ने दूसरों की जान बचाने के लिए साहस और दृढ़ संकल्प दिखाया।

प्रधानमंत्री ने इससे पहले कैप्टन मच्छार के परिवार से भी बातचीत की थी और उनके इलाज के लिए हरसंभव सहायता का भरोसा दिया था।

कैसे टली बड़ी विमान दुर्घटना?

30 सितंबर को फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 दुबई से तेल अवीव जा रही थी। जांच के अनुसार, उड़ान के दौरान ओमानी सह-पायलट ने कैप्टन मच्छार पर हमला किया और विमान को नुकसान पहुंचाने की कथित कोशिश की। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद मच्छार ने कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया, जिसके बाद यात्रियों और क्रू के सदस्यों ने हमलावर को काबू करने में मदद की।

विमान को सऊदी अरब के तबुक में आपात स्थिति में उतारा गया। इस दौरान विमान में सवार सभी लोगों की जान बच गई। मामले की जांच सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात और अन्य संबंधित एजेंसियां कर रही हैं।

“9/11 जैसी घटना टल गई” वाले बयान का भी जिक्र

प्रधानमंत्री मोदी ने 1 अक्टूबर को एक कार्यक्रम में कैप्टन मच्छार के साहस का उल्लेख करते हुए कहा था कि उनके प्रयासों से एक ऐसी त्रासदी टल गई, जिसकी तुलना 9/11 जैसी घटना से की गई। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी मच्छार की बहादुरी की प्रशंसा करते हुए कहा था कि उन्होंने संभावित बड़ी विमान त्रासदी को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

हालांकि, घटना के पीछे की मंशा और सह-पायलट के उद्देश्य को लेकर जांच अभी जारी है। अधिकारियों की जांच पूरी होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की अंतिम तस्वीर स्पष्ट होगी।

इलाज के लिए UAE ले जाए गए कैप्टन मच्छार

घटना के बाद कैप्टन मच्छार को सऊदी अरब में प्राथमिक उपचार दिया गया। बाद में उन्हें आगे के इलाज के लिए संयुक्त अरब अमीरात ले जाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार उनकी स्थिति स्थिर बताई गई है और उन्हें चिकित्सा सहायता दी जा रही है।

छत्तीसगढ़ में मानसून की विदाई के संकेत, अगले 48 घंटे में बदल सकता है मौसम का मिजाज

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 रायपुर। छत्तीसगढ़ से दक्षिण-पश्चिम मानसून की विदाई की प्रक्रिया शुरू होने के संकेत मिलने लगे हैं। मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटे में प्रदेश के कुछ हिस्सों से मानसून की वापसी के लिए परिस्थितियां अनुकूल हो सकती हैं। इसके चलते अगले दो दिनों तक राज्य के अधिकांश इलाकों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है। फिलहाल मौसम विभाग ने प्रदेश के किसी भी जिले के लिए बारिश या अन्य मौसम संबंधी कोई चेतावनी जारी नहीं की है।


मानसून की वापसी के लिए बन रही अनुकूल परिस्थितियां

मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की रेखा लगातार आगे बढ़ रही है। अगले 48 घंटे में पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, गुजरात और मध्य प्रदेश के अधिकांश हिस्सों के साथ छत्तीसगढ़ के कुछ क्षेत्रों से भी मानसून की विदाई के लिए परिस्थितियां अनुकूल होने की संभावना है।

पिछले 24 घंटे के दौरान प्रदेश के लगभग सभी हिस्सों में मौसम शुष्क रहा। आने वाले दो दिनों में भी बारिश की गतिविधियां सीमित रहने का अनुमान है।

रायपुर में साफ रहेगा मौसम

राजधानी रायपुर में 2 अक्टूबर को मौसम मुख्यतः साफ रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने यहां अधिकतम तापमान करीब 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान जताया है।

इससे पहले गुरुवार को रायपुर में अधिकतम तापमान 33.4 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

राजनांदगांव सबसे गर्म, पेंड्रा रोड सबसे ठंडा

गुरुवार को प्रदेश में सबसे अधिक तापमान राजनांदगांव में 34.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान पेंड्रा रोड में 18.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ।

इसके अलावा बिलासपुर में अधिकतम तापमान 32.8 डिग्री और न्यूनतम 23.6 डिग्री सेल्सियस रहा। अंबिकापुर में अधिकतम तापमान 31 डिग्री और न्यूनतम तापमान 19.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

अगले दो दिन बारिश का अलर्ट नहीं

मौसम विभाग के अनुसार अगले दो दिनों के दौरान छत्तीसगढ़ के किसी भी जिले में बारिश या अन्य मौसम संबंधी चेतावनी जारी नहीं की गई है। मानसून की गतिविधियां कमजोर होने के साथ प्रदेश में मौसम के शुष्क रहने की संभावना है। मानसून की विदाई के साथ आने वाले दिनों में तापमान में हल्का उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।

पुलिस पहुंचने से पहले फरार हुआ शोएब ढेबर, गोपनीय जानकारी लीक होने के आरोप में आरक्षक लाइन अटैच

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 रायपुर। छत्तीसगढ़ के कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा से कथित तौर पर 25 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने के मामले में पुलिस की कार्रवाई तेज हो गई है। पुलिस आरोपी शोएब ढेबर की तलाश में लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। बुधवार को रायपुर पुलिस ने पाम बेलाजिओ स्थित ठिकाने, बैरन बाजार स्थित पारिवारिक आवास समेत करीब आधा दर्जन स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया। हालांकि, पुलिस के पहुंचने से पहले ही शोएब के वहां से निकल जाने की जानकारी सामने आई है।

फाइल फोटो 

पुलिसकर्मी लाइन अटैच, गोपनीय जानकारी लीक होने की चर्चा

शोएब की तलाश के दौरान पुलिस विभाग के एक आरक्षक पर भी कार्रवाई की गई है। जानकारी के मुताबिक, एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट में पदस्थ आरक्षक शिवम द्विवेदी को लाइन अटैच किया गया है।


सूत्रों के अनुसार, आरक्षक पर पुलिस की दबिश से जुड़ी गोपनीय जानकारी लीक होने में लापरवाही बरतने का आरोप है। हालांकि, पुलिस की ओर से फिलहाल कार्रवाई के कारणों को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। मामले में विभागीय स्तर पर जांच किए जाने की बात कही जा रही है।


दूसरे राज्यों में भी शोएब की तलाश

पुलिस को आशंका है कि कार्रवाई की भनक लगने के बाद शोएब ढेबर दूसरे राज्य में जा सकता है। इसके मद्देनजर रायपुर पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों और संपर्कों की जानकारी जुटा रही हैं। दूसरे राज्यों में भी उसके संभावित ठिकानों पर निगरानी और तलाश की जा रही है।

कोर्ट से अनुमति मिलने के बाद बढ़ी तलाश

बताया जा रहा है कि कोर्ट से दोबारा गिरफ्तारी की अनुमति मिलने के बाद पुलिस ने शोएब ढेबर की तलाश तेज कर दी है। मामले की जांच में पुलिस ने उसकी भूमिका सामने आने के बाद उसे गिरफ्तार किया था, हालांकि बाद में उसे छोड़ना पड़ा था।

मामला कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा को कथित तौर पर व्हाट्सऐप के जरिए 25 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने और धमकी देने से जुड़ा है। पुलिस अब आरोपी की तलाश के साथ-साथ मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है। पुलिस की आधिकारिक जांच और कार्रवाई के बाद ही पूरे मामले की तस्वीर स्पष्ट होगी।

लवलीना बोरगोहेन का गोल्डन पंच, जन्मदिन पर जीता एशियन गेम्स का स्वर्ण

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 नई दिल्ली। भारतीय मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन ने अपने जन्मदिन पर देश को शानदार तोहफा दिया है। उन्होंने 2026 एशियन गेम्स में महिलाओं की 75 किलोग्राम बॉक्सिंग स्पर्धा का स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया। फाइनल मुकाबले में लवलीना ने चीन की बाओ जियी को 5-0 से हराकर खिताब जीता।


शुरुआती दो राउंड में दोनों मुक्केबाजों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। लवलीना ने संयम के साथ खेलते हुए सटीक पंच लगाए और बढ़त बनाए रखी। आखिरी राउंड में उन्होंने मुकाबले पर पूरी तरह पकड़ बना ली और जजों के सर्वसम्मत फैसले से जीत दर्ज की।

12 साल बाद भारत की महिला बॉक्सर को एशियाड गोल्ड

लवलीना की इस जीत के साथ भारतीय महिला बॉक्सिंग के लिए भी खास उपलब्धि जुड़ गई है। 2014 के इंचियोन एशियन गेम्स के बाद यह पहली बार है, जब भारत की किसी महिला मुक्केबाज ने एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीता है।

इससे पहले भारत के लिए यह उपलब्धि महान मुक्केबाज मैरी कॉम ने हासिल की थी। मैरी कॉम ने 2014 में 51 किलोग्राम भारवर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रचा था। अब 12 साल बाद लवलीना ने 75 किलोग्राम भारवर्ग में गोल्ड जीतकर भारतीय महिला बॉक्सिंग में नया अध्याय जोड़ा है।

सिल्वर के बाद बदला पदक का रंग

लवलीना के लिए यह जीत इसलिए भी खास है, क्योंकि 2022 के एशियन गेम्स में उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा था। चार साल बाद उन्होंने शानदार वापसी करते हुए इस बार पदक का रंग बदल दिया और सीधे स्वर्ण पर कब्जा किया।

फाइनल में बाओ जियी को दी मात

फाइनल मुकाबले में चीन की बाओ जियी ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और क्लिंच के जरिए लवलीना पर दबाव बनाने की कोशिश की। मुकाबले के दौरान दोनों मुक्केबाज एक-दूसरे से भिड़ते हुए मैट पर भी गिरीं।

हालांकि, लवलीना ने धैर्य नहीं खोया। उन्होंने आक्रामकता के बजाय सटीक और साफ पंच लगाने पर ध्यान दिया। पहले राउंड के बाद वह 3-2 से आगे रहीं और दूसरे राउंड में भी अपनी बढ़त बरकरार रखी।

आखिरी राउंड में लवलीना ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मुकाबले को अपने पक्ष में पूरी तरह कर लिया। जजों ने सर्वसम्मत फैसला देते हुए उन्हें 5-0 से विजेता घोषित किया। जन्मदिन के दिन मिले इस स्वर्ण पदक के साथ लवलीना ने एशियन गेम्स में अपना नाम भारतीय बॉक्सिंग की उपलब्धियों में दर्ज करा दिया।

महानदी में मिला अज्ञात महिला का शव, एनीकट के पास मिलने से मचा हड़कंप; बाढ़ में बहने की आशंका

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 अभनपुर। गोबरा नवापारा थाना क्षेत्र के ग्राम टीला स्थित निर्माणाधीन एनीकट के पास महानदी में अज्ञात महिला का शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। महिला की पहचान फिलहाल नहीं हो सकी है। हाल ही में निर्माणाधीन एनीकट क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति बनी थी। ऐसे में महिला के बाढ़ के पानी में बहकर डूबने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, पुलिस ने मौत के कारणों को लेकर अभी किसी निष्कर्ष की पुष्टि नहीं की है।


जानकारी के अनुसार, घटनास्थल से गुजर रहे ग्रामीणों ने महानदी किनारे महिला का शव पड़ा देखा। इसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही गोबरा नवापारा पुलिस टीम फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंची और घटनास्थल की जांच की।

शरीर पर मिले चोट के निशान

प्राथमिक जांच में महिला की उम्र करीब 40 वर्ष बताई जा रही है। पुलिस को महिला के शरीर पर चोट के निशान भी मिले हैं। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत के कारणों को लेकर स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है।

पहचान और मौत के कारणों की जांच जारी

फिलहाल पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है। महिला की पहचान के प्रयास किए जा रहे हैं। साथ ही पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि महिला एनीकट क्षेत्र तक कैसे पहुंची और उसकी मौत किन परिस्थितियों में हुई। पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

गांधी जयंती विशेष: सत्य और अहिंसा के रास्ते पर चलने वाले महात्मा गांधी

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2 अक्टूबर भारत के इतिहास में एक बेहद महत्वपूर्ण दिन है। इसी दिन वर्ष 1869 में गुजरात के पोरबंदर में मोहनदास करमचंद गांधी का जन्म हुआ था, जिन्हें पूरा देश प्यार और सम्मान से महात्मा गांधी के नाम से जानता है।

गांधीजी ने अपने जीवन में सत्य, अहिंसा और सादगी को सबसे अधिक महत्व दिया। उनका मानना था कि बड़े से बड़ा बदलाव भी बिना हिंसा के लाया जा सकता है। उनके विचारों और नेतृत्व ने भारत के स्वतंत्रता आंदोलन को एक नई दिशा दी।

सत्य और अहिंसा का संदेश

गांधीजी का जीवन केवल स्वतंत्रता आंदोलन तक सीमित नहीं था। वे समाज में समानता, स्वच्छता, आत्मनिर्भरता और ग्रामीण विकास को भी महत्वपूर्ण मानते थे।

उन्होंने लोगों को विदेशी वस्तुओं के बजाय स्वदेशी वस्तुओं को अपनाने और अपने आसपास स्वच्छता रखने के लिए प्रेरित किया। चरखा और खादी उनके आत्मनिर्भर भारत के विचार के प्रतीक बने।

स्वतंत्रता आंदोलन में योगदान

भारत के स्वतंत्रता आंदोलन में गांधीजी ने असहयोग आंदोलन, नमक सत्याग्रह और भारत छोड़ो आंदोलन जैसे आंदोलनों के माध्यम से लाखों लोगों को जोड़ा।

उनकी सबसे बड़ी ताकत लोगों को शांतिपूर्ण तरीके से एकजुट करना थी। उन्होंने यह दिखाया कि आम नागरिक भी देश के बड़े बदलाव में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

आज के समय में गांधीजी के विचार

आज दुनिया कई चुनौतियों का सामना कर रही है—हिंसा, असमानता, पर्यावरण संकट और सामाजिक तनाव जैसी समस्याएं हमारे सामने हैं। ऐसे समय में गांधीजी के सत्य, अहिंसा, संयम और मानवता के विचार पहले से भी अधिक प्रासंगिक दिखाई देते हैं।

गांधी जयंती केवल एक महान व्यक्ति को याद करने का दिन नहीं है, बल्कि यह स्वयं से यह सवाल पूछने का अवसर भी है कि हम अपने समाज और देश को बेहतर बनाने के लिए क्या कर सकते हैं।

गांधी जयंती का संदेश

“सच्चा बदलाव तभी आएगा, जब हम अपने जीवन में सत्य, अहिंसा, स्वच्छता और मानवता को अपनाएंगे।”

आइए, इस गांधी जयंती पर हम केवल गांधीजी को याद न करें, बल्कि उनके अच्छे विचारों को अपने दैनिक जीवन में अपनाने का संकल्प लें।

महात्मा गांधी को शत-शत नमन।

PM मोदी ने राजघाट पहुंचकर बापू को दी श्रद्धांजलि, विजय घाट जाकर शास्त्री जी को भी किया नमन

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 नई दिल्ली। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 157वीं जयंती और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की 122वीं जयंती के अवसर पर शुक्रवार को देशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में राजघाट पहुंचकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद उन्होंने गांधी समाधि पर आयोजित सर्व-धर्म प्रार्थना सभा में हिस्सा लिया।


प्रधानमंत्री मोदी ने इसके बाद विजय घाट पहुंचकर पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि दी। हर वर्ष 2 अक्टूबर को देश महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री की जयंती मनाता है।

राजघाट पहुंचकर बापू को किया नमन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार सुबह राजघाट पहुंचे और महात्मा गांधी की समाधि पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस दौरान उन्होंने बापू के सत्य, अहिंसा और स्वच्छता के संदेश को याद किया।

राजघाट पर आयोजित सर्व-धर्म प्रार्थना सभा में भी प्रधानमंत्री शामिल हुए। इस दौरान विभिन्न धर्मों के प्रतिनिधियों ने प्रार्थना की और महात्मा गांधी के विचारों एवं देश के लिए उनके योगदान को याद किया गया।

विजय घाट जाकर शास्त्री जी को दी श्रद्धांजलि

प्रधानमंत्री मोदी ने विजय घाट पहुंचकर देश के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को भी नमन किया। शास्त्री जी की 122वीं जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए प्रधानमंत्री ने देश के लिए उनके योगदान को याद किया।

महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री दोनों की जयंती 2 अक्टूबर को होने के कारण यह दिन देश के इतिहास में विशेष महत्व रखता है।

एलजी संधू और ओम बिरला भी राजघाट पहुंचे

दिल्ली के उपराज्यपाल तरणजीत सिंह संधू ने भी राजघाट पहुंचकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने गांधी समाधि पर पुष्प अर्पित किए और सर्व-धर्म प्रार्थना सभा में हिस्सा लिया।

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी राजघाट पहुंचकर बापू को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने गांधी समाधि पर पुष्प अर्पित कर महात्मा गांधी के विचारों और उनके योगदान को याद किया।

2 अक्टूबर के अवसर पर देशभर में महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री को श्रद्धांजलि देने के साथ उनके आदर्शों और राष्ट्र निर्माण में योगदान को याद किया जा रहा है।

आज की ताज़ा खबरें

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नमस्कार! स्वागत है आपका आज के न्यूज़ बुलेटिन में।

देश-दुनिया, छत्तीसगढ़ और महासमुंद से लेकर राजनीति, कारोबार, खेल, मनोरंजन और टेक्नोलॉजी तक—जानिए आज की हर जरूरी खबर।

तो चलिए, बिना देर किए शुरू करते हैं आज की बड़ी खबरें।

आज की 10 सबसे बड़ी खबरें

  1. गांधी जयंती — देशभर में महात्मा गांधी की 157वीं जयंती मनाई जा रही है। आज राष्ट्रीय अवकाश है।

  2. आज बैंक बंद — गांधी जयंती के कारण देश के बैंक बंद हैं। 

  3. शेयर बाजार भी बंद — NSE और BSE में आज कारोबार नहीं होगा। 

  4. रुपया कमजोर — गुरुवार को रुपया करीब ₹96.32 प्रति डॉलर पर बंद हुआ और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों का दबाव बना हुआ है। 

  5. कच्चा तेल $100 के ऊपर — अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में कीमतों को लेकर वैश्विक तनाव और आपूर्ति संबंधी संकेत महत्वपूर्ण बने हुए हैं। 

  6. एशियन गेम्स में आज बड़ा दिन — भारतीय महिला हॉकी टीम चीन के खिलाफ स्वर्ण पदक के लिए खेलेगी। 

  7. बॉक्सिंग में भारत की नजर पदकों पर — लवलीना बोरगोहेन, परवीन और अंकुश आज अपने-अपने फाइनल मुकाबले खेलेंगे।

  8. तीरंदाजी में भी पदक की उम्मीद — भारतीय रिकर्व टीमें आज सेमीफाइनल और पदक मुकाबलों में उतरेंगी।

  9. टेक्नोलॉजी में AI का दबदबा — AI और नई डिजिटल तकनीकों से जुड़े उत्पादों और सेवाओं का विस्तार जारी है।

  10. OTT पर अक्टूबर की नई रिलीज़ — अक्टूबर में कई नई फिल्में और वेब सीरीज अलग-अलग स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म पर आ रही हैं। 

राष्ट्रीय समाचार

हवाई सुरक्षा पर बढ़ा फोकस

देश के हवाईअड्डों पर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं। यात्रियों की स्क्रीनिंग और सुरक्षा तकनीक पर लगातार ध्यान दिया जा रहा है।

भारत-अमेरिका संबंध

भारत और अमेरिका के बीच व्यापार से जुड़े मुद्दों पर बातचीत जारी है। दोनों देशों के बीच व्यापार और शुल्क से जुड़े मुद्दे आने वाले समय में महत्वपूर्ण रहेंगे।

 राजनीति एवं शासन

आज गांधी जयंती के कारण देशभर में राजनीतिक और सरकारी कार्यक्रमों में गांधीजी के विचार, स्वच्छता और ग्राम विकास पर विशेष जोर रहेगा।

सरकारों के स्तर पर ग्रामीण विकास, बुनियादी ढांचे और सामाजिक कल्याण से जुड़ी योजनाएं प्रमुख विषय बनी हुई हैं।

छत्तीसगढ़ विशेष

महानदी का मुद्दा

छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच महानदी जल बंटवारे का मुद्दा महत्वपूर्ण बना हुआ है। दोनों राज्यों के बीच समाधान की दिशा में बातचीत जारी है।

वन्यजीव और हाथी संरक्षण

छत्तीसगढ़ में मानव-हाथी संघर्ष और हाथियों की सुरक्षा लगातार महत्वपूर्ण पर्यावरणीय मुद्दा बना हुआ है।

मौसम पर नजर

राज्य के अलग-अलग हिस्सों में बारिश और मानसून की स्थिति में अंतर देखा गया है। आने वाले दिनों में स्थानीय मौसम अपडेट किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए महत्वपूर्ण रहेंगे।

अर्थव्यवस्था और बिजनेस

रुपया ₹96 के पार

गुरुवार को भारतीय रुपया कमजोर होकर करीब ₹96.32 प्रति अमेरिकी डॉलर पर बंद हुआ। वैश्विक बॉन्ड यील्ड और महंगे कच्चे तेल का दबाव भारतीय मुद्रा पर बना हुआ है। 

तेल $100 के ऊपर

कच्चे तेल की कीमतों में तेजी भारत के लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है। तेल महंगा रहने पर आयात बिल और महंगाई पर दबाव पड़ सकता है। 

शेयर बाजार

आज बाजार बंद

NSE और BSE आज गांधी जयंती के कारण बंद हैं। गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में गिरावट का लगातार चौथा सत्र रहा। 

कल बाजार खुलने पर निवेशकों की नजर मुख्य रूप से:

  • कच्चे तेल की कीमत

  • रुपया-डॉलर

  • विदेशी निवेशकों की गतिविधि

  • वैश्विक बाजार

  • RBI से जुड़ी उम्मीदों

पर रहेगी।

बैंकिंग और वित्त

आज सार्वजनिक और निजी क्षेत्र के बैंक बंद हैं क्योंकि 2 अक्टूबर गांधी जयंती का राष्ट्रीय अवकाश है। 

डिजिटल बैंकिंग, UPI और ATM जैसी सेवाएं सामान्य रूप से उपलब्ध रहने की उम्मीद है, हालांकि बैंक-विशिष्ट सेवाओं में अंतर हो सकता है।

शिक्षा

छात्रों के लिए अक्टूबर का महीना परीक्षा, प्रवेश और भर्ती परीक्षाओं के लिहाज से महत्वपूर्ण है।

खास नजर रखें:
  • प्रतियोगी परीक्षा की तारीखें
  • एडमिट कार्ड
  • रिजल्ट
  • कॉलेज/विश्वविद्यालय प्रवेश
  • सरकारी भर्ती परीक्षाएं

टेक्नोलॉजी और AI

AI से जुड़ी तकनीक लगातार नए क्षेत्रों में इस्तेमाल हो रही है—खासकर शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजनेस, साइबर सुरक्षा और कंटेंट निर्माण में।

साथ ही AI के बढ़ते इस्तेमाल के साथ डेटा प्राइवेसी और साइबर सुरक्षा भी महत्वपूर्ण मुद्दे बने हुए हैं।

रक्षा और सुरक्षा

भारत की सुरक्षा व्यवस्था में सीमा सुरक्षा, आतंकवाद-रोधी अभियान और आधुनिक रक्षा तकनीक प्रमुख विषय बने हुए हैं।

खेल जगत 

एशियन गेम्स 2026

आज भारत के लिए पदक के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण दिन है।

महिला हॉकी

भारत बनाम चीन — फाइनल
दोपहर 3:30 बजे

भारत की महिला हॉकी टीम स्वर्ण पदक के लिए चीन से भिड़ेगी।

बॉक्सिंग

  • लवलीना बोरगोहेन — महिला 75 किग्रा फाइनल

  • परवीन — महिला 65 किग्रा फाइनल

  • अंकुश — पुरुष 80 किग्रा फाइनल

इन मुकाबलों में भारत के लिए स्वर्ण पदक के मौके हैं

तीरंदाजी

भारतीय पुरुष और महिला रिकर्व टीमें आज सेमीफाइनल तथा पदक मुकाबलों में उतरेंगी। 

कुश्ती

आज भारतीय पहलवानों के कई मुकाबले हैं, जिनमें पदक मुकाबले भी शामिल हो सकते हैं। 

मनोरंजन

OTT पर अक्टूबर की शुरुआत

अक्टूबर में विभिन्न OTT प्लेटफॉर्म पर नई फिल्में और वेब सीरीज रिलीज हो रही हैं। Disney+ ने भी अक्टूबर की नई रिलीज़ की सूची जारी की है, जिसमें Marvel की “VisionQuest” सहित कई नए शो शामिल हैं।


पुतिन की पश्चिमी देशों को चेतावनी- रूस पर हमला हुआ तो सभी हथियारों के इस्तेमाल का विकल्प खुला

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 मॉस्को। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पश्चिमी देशों और नाटो को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि रूस के किसी क्षेत्र पर सीधा हमला होता है, तो मॉस्को अपने पास मौजूद सभी हथियारों के इस्तेमाल पर विचार करेगा। उन्होंने खास तौर पर रूस के बाल्टिक क्षेत्र स्थित कालिनिनग्राद का उल्लेख किया। कालिनिनग्राद रूस का एक एक्सक्लेव है, जो पोलैंड और लिथुआनिया के बीच स्थित है।


पुतिन ने गुरुवार को मॉस्को में वाल्दाई डिस्कशन क्लब के मंच से यह बयान दिया। उन्होंने कहा कि रूस का किसी यूरोपीय देश पर हमला करने का इरादा नहीं है, लेकिन अगर रूस के खिलाफ सीधी आक्रामक कार्रवाई होती है तो उसे जवाब देना पड़ेगा। पुतिन ने कहा कि ऐसी स्थिति में रूस के पास मौजूद सभी हथियारों के इस्तेमाल का सवाल तुरंत सामने आएगा।

कालिनिनग्राद को लेकर बढ़ा तनाव

पुतिन का बयान रूस की ओर से नाटो को भेजे गए एक राजनयिक संदेश के बाद आया है। मॉस्को ने आरोप लगाया है कि नाटो कालिनिनग्राद को हवाई और समुद्री मार्ग से अलग-थलग करने की तैयारी कर रहा है। रूस ने चेतावनी दी है कि यदि इस क्षेत्र को रूस के बाकी हिस्सों से काटने की कोशिश की गई तो वह कड़ी सैन्य प्रतिक्रिया देगा।

कालिनिनग्राद रूस का रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्र है। यह बाल्टिक सागर के किनारे पोलैंड और लिथुआनिया के बीच स्थित है और यहां रूस की महत्वपूर्ण सैन्य मौजूदगी है।

क्या परमाणु हथियारों का इस्तेमाल करेगा रूस?

पुतिन ने सीधे तौर पर यह नहीं कहा कि किसी हमले की स्थिति में रूस निश्चित रूप से परमाणु हथियारों का इस्तेमाल करेगा। हालांकि, उनके “सभी हथियारों” के इस्तेमाल वाले बयान में परमाणु हथियारों का विकल्प भी शामिल माना जा रहा है। इससे पहले रूस ने नाटो को भेजे संदेश में कालिनिनग्राद को अलग-थलग करने की स्थिति में अपने पूरे सैन्य शस्त्रागार, जिसमें परमाणु हथियार भी शामिल हैं, इस्तेमाल करने की चेतावनी दी थी।

पुतिन ने कहा कि रूस नाटो की सैन्य क्षमता से परिचित है और वह मौजूदा परिस्थितियों को लेकर गंभीर है। उन्होंने पश्चिमी देशों से तनाव को और बढ़ाने से बचने की अपील भी की।

नाटो ने रूस की परमाणु बयानबाजी पर जताई आपत्ति

रूस की चेतावनी पर नाटो ने प्रतिक्रिया देते हुए उसकी परमाणु बयानबाजी को गैर-जिम्मेदाराना बताया है। नाटो का कहना है कि वह एक रक्षात्मक गठबंधन है और उसके सैन्य अभ्यास रूस के किसी हिस्से को निशाना बनाने के लिए नहीं हैं। नाटो महासचिव मार्क रुटे ने भी रूस से परमाणु धमकियों से बचने को कहा है।

रूस और नाटो के बीच यह तनाव यूक्रेन युद्ध के बीच और बढ़ा है। मॉस्को जहां यूरोपीय देशों पर सैन्य गतिविधियां बढ़ाने का आरोप लगा रहा है, वहीं नाटो रूस की कार्रवाइयों को लेकर अपनी सुरक्षा चिंताओं पर जोर दे रहा है।

पीएम मोदी के प्रयासों की पुतिन ने की सराहना

इसी दौरान पुतिन ने यूक्रेन संघर्ष को खत्म करने की दिशा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों और विचारों की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी उन विश्व नेताओं में शामिल हैं जो लगातार संघर्ष को समाप्त करने का मुद्दा उठाते हैं और दोनों पक्षों को स्वीकार्य समाधान तलाशने की बात करते हैं।

पुतिन ने कहा कि मोदी की संघर्ष समाप्त करने में गहरी रुचि है और वह शांतिपूर्ण समाधान के लिए प्रयास कर रहे हैं। भारत लगातार संघर्षों के समाधान के लिए संवाद और कूटनीति पर जोर देता रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने भी हाल की भारत-रूस वार्ता में संघर्षों के समाधान के लिए संवाद और कूटनीति को आगे बढ़ाने की बात दोहराई थी।

भारत के साथ आर्थिक और परिवहन सहयोग पर भी चर्चा

पुतिन ने भारत के साथ आर्थिक सहयोग और परिवहन संपर्क बढ़ाने की संभावनाओं का भी उल्लेख किया। रूस और भारत के बीच इंटरनेशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर (INSTC) सहित विभिन्न परिवहन गलियारों के विकास पर पहले से सहयोग चल रहा है। दोनों देशों ने व्यापार और लॉजिस्टिक्स कनेक्टिविटी बढ़ाने पर भी जोर दिया है।

पुतिन ने कहा कि भारत के साथ सहयोग की संभावनाएं केवल परिवहन और लॉजिस्टिक्स तक सीमित नहीं हैं, बल्कि आर्थिक सहयोग के अन्य क्षेत्रों में भी विस्तार की गुंजाइश है।

महासमुंद शहर में सियार का आतंक, अलग-अलग जगहों पर 7 लोगों पर हमला; 3 महिलाएं और 4 पुरुष घायल

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महासमुंद- छत्तीसगढ़ के महासमुंद नगर में सियार के हमले से लोगों में दहशत का माहौल बन गया। स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक, शहर के अलग-अलग स्थानों पर सियार ने कुल 7 लोगों को काटकर घायल कर दिया, जिसमें 3 महिलाएं और 4 पुरुष शामिल हैं।

अचानक हमलों से मचा हड़कंप

बताया गया है कि सियार ने सबसे पहले शिवानंद कॉलोनी में घर के बाहर बैठी एक महिला पर हमला किया। इसके बाद सियार बीटीआई रोड की ओर बढ़ गया, जहां उसने एक निजी कार्यक्रम में मौजूद लोगों को भी निशाना बनाया।

अचानक हुए इन हमलों से इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोगों में डर का माहौल बन गया। घटना की जानकारी सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में सियार को लेकर चिंता बढ़ गई है।

सभी घायलों का कराया गया उपचार

हमले में घायल हुए सभी 7 लोगों को मेडिकल कॉलेज महासमुंद ले जाया गया, जहां उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया। रिपोर्ट के अनुसार, उपचार के बाद सभी घायलों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

3 महिलाएं और 4 पुरुष घायल

स्थानीय रिपोर्ट के अनुसार सियार के हमले में घायल लोगों में:

  • 3 महिलाएं

  • 4 पुरुष

शामिल हैं। अलग-अलग स्थानों पर हुए हमलों के कारण शहर के लोगों में सतर्कता बढ़ गई है।

लोगों में बढ़ी चिंता

एक ही इलाके में लगातार लोगों पर सियार के हमले की खबर से स्थानीय नागरिकों में चिंता का माहौल है। खासकर सुबह और शाम के समय लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है।

लोगों का कहना है कि ऐसी स्थिति में संबंधित विभाग द्वारा इलाके में निगरानी बढ़ाना और लोगों को सुरक्षित रखने के लिए आवश्यक कदम उठाना जरूरी है।

 क्या है पूरा मामला?

  • महासमुंद नगर में सियार ने अलग-अलग स्थानों पर हमला किया।
  • कुल 7 लोग घायल हुए।
  • घायलों में 3 महिलाएं और 4 पुरुष शामिल हैं।
  • सभी घायलों को मेडिकल कॉलेज में प्राथमिक उपचार दिया गया।
  • उपचार के बाद सभी को छुट्टी दे दी गई।

फिलहाल इस घटना के बाद शहर में लोगों के बीच सियार को लेकर दहशत का माहौल है। स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभाग की आगे की कार्रवाई पर लोगों की नजर बनी हुई है।

महासमुंद में 2 अक्टूबर को बड़ा रक्तदान अभियान, जिले के कई स्वास्थ्य केंद्रों में एक साथ लगेगा रक्तदान शिविर

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महासमुंद- राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर महासमुंद जिले में 2 अक्टूबर को व्यापक रक्तदान अभियान आयोजित किया जाएगा। इस अभियान के तहत जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में एक साथ रक्तदान शिविर लगाए जाएंगे, ताकि जरूरतमंद मरीजों के लिए पर्याप्त मात्रा में रक्त उपलब्ध कराया जा सके।

इन स्थानों पर लगेगा रक्तदान शिविर

जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के समन्वय से जिले के कई प्रमुख स्वास्थ्य केंद्रों में रक्तदान शिविर आयोजित किए जाएंगे। इनमें—

📍 तुमगांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र
📍 बागबाहरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र
📍 पिथौरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र
📍 बसना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र
📍 सरायपाली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र
📍 मेडिकल कॉलेज, महासमुंद

शामिल हैं।

रक्तदान के लिए लोगों से अपील

अभियान के माध्यम से लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक करने और अधिक से अधिक लोगों को इस मुहिम से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। रक्त की जरूरत दुर्घटना पीड़ितों, गंभीर रूप से बीमार मरीजों, गर्भवती महिलाओं और विभिन्न चिकित्सा परिस्थितियों में पड़ सकती है। ऐसे में समय पर उपलब्ध रक्त कई मरीजों के लिए बेहद महत्वपूर्ण हो सकता है।

स्वास्थ्य विभाग की ओर से पात्र और स्वस्थ लोगों से स्वेच्छा से रक्तदान करने की अपील की गई है।

एक साथ कई केंद्रों पर आयोजन

इस अभियान की खास बात यह है कि केवल जिला मुख्यालय तक सीमित न रखते हुए तुमगांव से लेकर सरायपाली और बसना तक अलग-अलग क्षेत्रों में शिविर लगाए जा रहे हैं। इससे ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों के लोगों को भी रक्तदान अभियान से जुड़ने का अवसर मिलेगा।

कब और कहां?

दिनांक: 2 अक्टूबर 2026
अवसर: गांधी जयंती
स्थान: मेडिकल कॉलेज महासमुंद एवं जिले के विभिन्न सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र

एक यूनिट रक्त, किसी की जिंदगी बचा सकता है

रक्तदान को लेकर लोगों में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित यह अभियान सामाजिक भागीदारी का भी उदाहरण है। एक स्वस्थ व्यक्ति द्वारा किया गया रक्तदान किसी जरूरतमंद मरीज के लिए जीवनरक्षक साबित हो सकता है।

महासमुंद जिले में 2 अक्टूबर को होने वाले इस रक्तदान अभियान में अधिक से अधिक पात्र लोगों से शामिल होकर रक्तदान करने की अपील की गई है।

महानदी विवाद पर बड़ी पहल, CM साय बोले- बांटने वाली नहीं, दोनों राज्यों को जोड़ने वाली जीवनधारा

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 रायपुर। छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच लंबे समय से चले आ रहे महानदी जल विवाद के समाधान की दिशा में केंद्र सरकार की पहल के बाद बातचीत का दौर तेज हुआ है। नई दिल्ली में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय बैठक में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने महानदी से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। बैठक में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल, केंद्रीय जल आयोग के अध्यक्ष और दोनों राज्यों के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। बैठक का फोकस संवाद और तकनीकी आधार पर समाधान तलाशने पर रहा।


‘महानदी दोनों राज्यों को जोड़ने वाली जीवनधारा’

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि महानदी केवल पानी का स्रोत नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ और ओडिशा की कृषि, संस्कृति और जनजीवन से जुड़ी जीवनधारा है। यह दोनों राज्यों को बांटने वाली नहीं, बल्कि जोड़ने वाली नदी है। इसलिए विवाद का समाधान टकराव के बजाय सहयोग, विश्वास और सहमति की भावना से होना चाहिए।

उन्होंने कहा कि समाधान ऐसा होना चाहिए, जिसमें दोनों राज्यों और उनके नागरिकों के हित सुरक्षित रहें। छत्तीसगढ़ न्यायपूर्ण, वैज्ञानिक, पारदर्शी और दीर्घकालिक समाधान के पक्ष में है। इसमें किसानों, आम नागरिकों और आने वाली पीढ़ियों की जरूरतों को ध्यान में रखा जाना चाहिए।

छत्तीसगढ़ की जरूरतों के साथ ओडिशा के हितों का भी सम्मान

सीएम साय ने कहा कि महानदी का उद्गम छत्तीसगढ़ में है और राज्य के बड़े हिस्से की कृषि, सिंचाई और पेयजल संबंधी जरूरतें इससे जुड़ी हैं। विशेष रूप से ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों की विकास आवश्यकताओं को देखते हुए छत्तीसगढ़ के हितों का ध्यान रखना जरूरी है।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ अपने हितों की बात करते हुए ओडिशा की आवश्यकताओं का भी सम्मान करता है। हीराकुंड जलाशय ओडिशा के लिए महत्वपूर्ण है और छत्तीसगढ़ उसके महत्व को समझता है। दोनों राज्यों के बीच जल उपलब्धता, आवश्यकता और उपयोग से जुड़े आंकड़े पारदर्शी तरीके से साझा किए जाने चाहिए।

वैज्ञानिक आकलन के आधार पर समाधान पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि महानदी से जुड़े विषय में भावनाओं के साथ वैज्ञानिक तथ्यों का भी महत्व है। जल उपलब्धता, वर्तमान और भविष्य की जरूरतों, सिंचाई, पेयजल और पर्यावरणीय आवश्यकताओं का समग्र अध्ययन कर निर्णय लिया जाना चाहिए।

उन्होंने केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय और केंद्रीय जल आयोग के तकनीकी आकलन पर भरोसा जताते हुए कहा कि तकनीकी स्तर पर तथ्य स्पष्ट होने और राजनीतिक स्तर पर संवाद एवं विश्वास कायम रहने से दोनों राज्यों के लिए स्वीकार्य समाधान निकाला जा सकता है।

अमित शाह की पहल का किया स्वागत

सीएम साय ने महानदी विवाद के समाधान के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की पहल का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि केंद्र की मध्यस्थता में दोनों राज्यों के बीच सकारात्मक संवाद से सहमति का रास्ता मजबूत हुआ है।

उन्होंने कहा कि राज्यों के बीच जल संबंधी विषयों का सौहार्दपूर्ण समाधान आपसी विश्वास और सहकारी संघवाद को मजबूत करेगा। इससे पहले भी केंद्र सरकार की पहल पर दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों के बीच महानदी को लेकर चर्चा हो चुकी है। जुलाई 2026 में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल की अध्यक्षता में भी दोनों मुख्यमंत्रियों की बैठक हुई थी।

महानदी को विवाद नहीं, सहयोग की धारा बनाने पर जोर

मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच सामाजिक और सांस्कृतिक संबंधों का उल्लेख करते हुए कहा कि दोनों राज्यों के लोगों के बीच लंबे समय से आत्मीय संबंध हैं। महाप्रभु जगन्नाथ की आस्था और शिवरीनारायण से पुरी तक जुड़े सांस्कृतिक संबंध दोनों राज्यों को जोड़ते हैं।

उन्होंने कहा कि महानदी भी इसी साझा विरासत का हिस्सा है। इसलिए इसे विवाद की रेखा नहीं, बल्कि सहयोग, विकास और विश्वास की धारा बनाना दोनों राज्यों का सामूहिक प्रयास होना चाहिए।

विवाद के समाधान के लिए संवाद जारी

महानदी जल बंटवारे को लेकर छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच लंबे समय से विवाद है। ओडिशा ने छत्तीसगढ़ में महानदी के ऊपरी हिस्से में बने बैराजों को लेकर आपत्तियां जताई हैं। विवाद के समाधान के लिए वर्ष 2018 में महानदी जल विवाद न्यायाधिकरण का गठन किया गया था। हाल के महीनों में दोनों राज्यों के बीच राजनीतिक और तकनीकी स्तर पर बातचीत फिर तेज हुई है।

नई दिल्ली की बैठक को इसी संवाद प्रक्रिया की अगली कड़ी माना जा रहा है। दोनों राज्यों के बीच तकनीकी विचार-विमर्श और संवाद के जरिए पारस्परिक सहमति से समाधान तलाशने पर जोर दिया गया है।

रायपुर में प्रेमिका से बात करने पर विवाद, युवक पर चाकू से हमला; आरोपी फरार

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 रायपुर। राजधानी के दतरेंगा इलाके में प्रेमिका से बातचीत को लेकर हुए विवाद के बाद चाकूबाजी की घटना सामने आई है। आरोप है कि सागर साहू ने लीलाराम साहू पर धारदार चाकू से हमला कर दिया। घटना में लीलाराम गंभीर रूप से घायल हो गया। वहीं, बीच-बचाव करने पहुंचे दो अन्य लोगों को भी चोटें आई हैं। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया।


पेट पर वार की कोशिश, पैर और हाथ में लगी चोट

जानकारी के अनुसार, विवाद के दौरान आरोपी ने लीलाराम पर चाकू से हमला किया। लीलाराम ने बचने की कोशिश की, इसी दौरान चाकू का वार कमर-कूल्हे के नीचे पैर में लगा। उसके हाथ की एक उंगली में भी चोट आई है। घायल लीलाराम को 112 वाहन की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका उपचार कराया गया।

बीच-बचाव करने पहुंचे दो लोगों पर भी हमला

घटना के दौरान राकेश साहू और परमानंद साहू विवाद शांत कराने के लिए बीच-बचाव करने पहुंचे। आरोप है कि आरोपी ने दोनों पर भी चाकू से हमला कर दिया, जिससे उन्हें चोटें आई हैं।

वारदात के बाद आरोपी फरार

घटना के बाद सागर साहू मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर मुजगहन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटना की जानकारी जुटाई। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और फरार आरोपी की तलाश की जा रही है।

पुलिस विवाद की वजह और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।

धान के खेत से आ रही थी रोने की आवाज… पास जाकर देखा तो दंग रह गए ग्रामीण

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 कोरबा। जिले के बांकीमोंगरा थाना क्षेत्र के ग्राम जवाली-अभयपुर के पास धान के खेत में एक नवजात बच्ची मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। खेत में बच्ची के रोने की आवाज सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। इसके बाद नवजात को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।


धान की फसल के बीच पड़ी मिली बच्ची

जानकारी के अनुसार, नवजात बच्ची धान की फसल के बीच पड़ी हुई मिली थी। देर रात घटना की सूचना बांकीमोंगरा पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी सत्यम साहू ने बच्ची को तत्काल अस्पताल पहुंचाने के निर्देश दिए। इसके बाद ग्रामीणों की मदद से नवजात को कटघोरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) लाया गया।

घटना की जानकारी मिलने पर बांकीमोंगरा पुलिस के प्रधान आरक्षक भी अस्पताल पहुंचे और मामले में आवश्यक वैधानिक कार्रवाई शुरू की।

बच्ची की हालत स्थिर, जिला अस्पताल किया रेफर

कटघोरा बीएमओ डॉ. रश्मि सिंह के अनुसार, नवजात बच्ची को सुबह करीब 4:10 बजे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया था। प्राथमिक उपचार के बाद बच्ची की स्थिति स्थिर बताई गई। हालांकि, उसकी सांसें कुछ तेज चल रही थीं।

बीएमओ ने बताया कि अस्पताल में बच्ची के उपचार की व्यवस्था की गई, लेकिन बच्ची के अज्ञात और लावारिस होने के कारण बेहतर देखभाल तथा नियमानुसार कानूनी प्रक्रिया के लिए उसे जिला अस्पताल कोरबा रेफर किया जा रहा है। चिकित्सकों की निगरानी में बच्ची का उपचार जारी है।

बच्ची को खेत में किसने छोड़ा, जांच जारी

पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि नवजात बच्ची को खेत में किसने और किन परिस्थितियों में छोड़ा। आसपास के लोगों से पूछताछ के साथ अन्य संभावित सुरागों की भी जांच की जा रही है।

स्थानीय लोगों के मुताबिक, बांकीमोंगरा क्षेत्र में नवजात मिलने की यह तीसरी घटना है। इससे पहले ग्राम कसरेंगा में नवजात बालक मिलने और बांकीमोंगरा के मनोरंजन मंदिर के पास नाली किनारे भ्रूण मिलने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। अब जवाली-अभयपुर के धान के खेत में नवजात बच्ची मिलने से क्षेत्र में चिंता का माहौल है।

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