Media24Media.com: नया रिकॉर्ड: छत्तीसगढ़ में धान खरीदी का आंकड़ा 95.78 लाख मीट्रिक टन के पार, 21.52 लाख किसानों ने बेचा धान

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नया रिकॉर्ड: छत्तीसगढ़ में धान खरीदी का आंकड़ा 95.78 लाख मीट्रिक टन के पार, 21.52 लाख किसानों ने बेचा धान

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छत्तीसगढ़ में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के चालू सीजन में 95.78 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी का नया रिकॉर्ड बना है। बीते सीजन 2020-21 में 1 फरवरी की स्थिति में 92.803 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी हुई थी। बीते साल 1 फरवरी तक 20.54 लाख किसानों ने धान बेचा था। इस साल 21.52 लाख किसानों से 95.78 लाख मीट्रिक टन से ज्यादा धान की खरीदी की गई है। धान खरीदी के एवज में अब तक किसानों को बैंक लिकिंग व्यवस्था के तहत 18,305.49 करोड़ रु जारी कर दिए गए हैं।

किसानों की मांग और जरूरत को ध्यान में रखते हुए किसानों की सहुलियत के लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने धान खरीदी की तिथि 1 हफ्ते और बढ़ाने का फैसला लिया है। अब पंजीकृत किसानों से 7 फरवरी तक धान खरीदी की जाएगी। राज्य सरकार ने इस साल 24 लाख से ज्यादा किसानों से 105 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने का लक्ष्य रखा है। मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप धान खरीदी के साथ ही समांतर रूप से कस्टम मिलिंग के लिए धान का उठाव तेजी से किया जा रहा है। मुख्यमंत्री के आह्वान पर अब तक मिलर्स द्वारा डीओ और टीओ के माध्यम से 56.51 लाख मीट्रिक टन धान का उठाव हो चुका है। 

छत्तीसगढ़ राज्य केन्द्रीय पूल में चावल जमा कराने के मामले में भी नया रिकॉर्ड बनाया है। अब तक 14.90 लाख मीट्रिक टन केंद्रीय पूल में गुणवत्तापूर्ण चावल जमा करा चुके हैं। इनमें भारतीय खाद्य निगम में 8.28 लाख मीट्रिक टन और नागरिक आपूर्ति निगम में 6.62 लाख मीट्रिक टन जमा चावल शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि संबंधित विभागों के अधिकारियों के समन्वय से ही ये उल्लेखनीय सफलता मिली है। उन्होंने उम्मीद जताई की राज्य धान खरीदी के साथ ही केंद्रीय पूल में चावल जमा कराने का लक्ष्य पूरा करेगा।  

खाद्य सचिव टोपेश्वर वर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री की पहल पर इस साल धान खरीदी के साथ-साथ कस्टम मिलिंग के लिए धान का तेजी से उठाव भी किया जा रहा है। अब तक डीओ और टीओ के माध्यम से 56.51 लाख मीट्रिक टन धान का रिकॉर्ड उठाव हो चुका है। खाद्य सचिव वर्मा ने बताया कि 47 लाख 70 हजार मीट्रिक टन धान का डीओ जारी कर दिया गया है। उपार्जन केंद्रों से मिलर्स द्वारा 42 लाख 03 हजार मीट्रिक धान का उठाव कर लिया गया है। इसी तरह 19 लाख 96 हजार मीट्रिक टन धान के परिवहन के लिए टीओ जारी किया गया है, जिसके विरूद्ध समितियों से 14 लाख 48 हजार मीट्रिक टन धान का उठाव हो चुका है।

खाद्य सचिव वर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री के आह्वान पर मिलर्स द्वारा कस्टम मिलिंग कर केंद्रीय पूल में चावल जमा कराने के मामले में भी नया रिकॉर्ड बनाया है। अब तक केंद्रीय पूल में 14.90 लाख मीट्रिक टन रिकॉर्ड चावल जमा कराया जा चुका है। छत्तीसगढ़ में समर्थन मूल्य पर किसानों से धान खरीदी की शुरूआत 1 दिसंबर 2021 से हुई है। धान खरीदी के समांतर ही खरीदी केंद्रों से धान का उठाव और कस्टम मिलिंग भी युद्ध स्तर पर जारी है। इस साल धान बेचने के लिए रिकॉर्ड 24 लाख से ज्यादा किसानों ने पंजीयन कराया है। 

कस्टम मिलिंग का काम तेजी से जारी

पंजीकृत धान का रकबा भी 30 लाख 15 हजार हेक्टेयर से ज्यादा है। खाद्य विभाग के सचिव वर्मा ने बताया कि छत्तीसगढ़ को इस साल केंद्रीय पूल में 61.65 लाख मीट्रिक टन अरवा चावल जमा कराना है। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए उपार्जित धान का उठाव और कस्टम मिलिंग का काम तेजी से किया जा रहा है।

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