Media24Media.com: साइबर अपराध और वित्तीय धोखाधड़ी से निपटने में भारत में नई साझेदारी

Responsive Ad Slot

Latest

latest


 

साइबर अपराध और वित्तीय धोखाधड़ी से निपटने में भारत में नई साझेदारी

Document Thumbnail

भारत में साइबर अपराध और वित्तीय धोखाधड़ी से निपटने के लिए DoT और FIU-IND ने हस्ताक्षर किए व्यापक समझौता ज्ञापन

भारत में टेलीकॉम संसाधनों के दुरुपयोग से होने वाले साइबर अपराध और वित्तीय धोखाधड़ी से निपटने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए टेलीकॉम विभाग (DoT) और वित्तीय खुफिया इकाई-भारत (FIU-IND) ने आज सूचना साझा करने और समन्वय बढ़ाने हेतु एक व्यापक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए।

समझौता ज्ञापन पर Shri Sanjeev Kumar Sharma, उप महानिदेशक (AI & Digital Intelligence Unit - DIU), DoT और Shri Amit Mohan Govil, निदेशक, FIU-IND ने हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर डॉ. नीरज मित्तल, सचिव (टेलीकॉम) और Shri अरविंद श्रीवास्तव, सचिव (राजस्व) भी उपस्थित थे। यह समझौता DoT की डिजिटल इंटेलिजेंस यूनिट (DIU) और देश की शीर्ष वित्तीय खुफिया एजेंसी के बीच सहयोगात्मक खुफिया साझेदारी का नया युग दर्शाता है।

इस अवसर पर मुख्य बातें:

डॉ. नीरज मित्तल ने कहा कि तकनीक का विभागों में बढ़ता हुआ महत्व लगातार सामने आ रहा है। उन्होंने कहा, “जैसे-जैसे तकनीक उन्नत हो रही है, विभाग इसे अपने लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए उपयोग कर रहे हैं। हालांकि यह पहला आवश्यक कदम है, असली प्रगति तब होगी जब विभागीय सीमाओं को पार कर मौजूदा खामियों को दूर किया जाएगा। एक-दूसरे से सीखकर सहयोग स्थापित करना अत्यंत महत्वपूर्ण है।” उन्होंने सुझाव दिया कि आगे का कदम सांझा कार्य समूह बनाना हो सकता है, जो शेल कंपनियों की पहचान और गहन सहयोगात्मक विश्लेषण तथा निगरानी पर केंद्रित हो।

अरविंद श्रीवास्तव ने सहयोग की भूमिका पर जोर देते हुए कहा, “यह एक उत्कृष्ट साझेदारी है, जहाँ दोनों पक्ष एक-दूसरे की प्रणालियों को सुदृढ़ करते हैं। चूंकि यह तकनीक-प्रेरित साझेदारी है, मुझे विश्वास है कि यह सटीकता और समय पर कार्रवाई की दृष्टि से उच्च दक्षता प्रदान करेगी, जिससे हम डेटा का सर्वोत्तम उपयोग कर सकेंगे।”

साझेदारी की प्रमुख विशेषताएँ:

डेटा साझा करने की बेहतर व्यवस्था:

  • वित्तीय धोखाधड़ी जोखिम संकेतक (FRI) डेटा का रियल-टाइम साझा करना, जो मोबाइल नंबरों को उनके वित्तीय धोखाधड़ी से जुड़े जोखिम के आधार पर मध्यम, उच्च या बहुत उच्च श्रेणी में वर्गीकृत करता है।

  • DoT मोबाइल नंबर रद्द सूची (MNRL) डेटा, जिसमें डिस्कनेक्शन की तिथि और कारण शामिल है, FIU-IND के साथ स्वचालित रूप से साझा करेगा।

  • FIU-IND उन मोबाइल नंबरों की जानकारी साझा करेगा जो संदिग्ध लेनदेन रिपोर्ट (STR) से जुड़े हैं, जैसे साइबर धोखाधड़ी और मनी म्यूल गतिविधियाँ।

  • डेटा का आदान-प्रदान DoT के डिजिटल इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म (DIP) और FIU-IND के Finnex 2.0 पोर्टल जैसे उन्नत तकनीकी प्लेटफार्मों के माध्यम से किया जाएगा।

  • सिस्टम आधारित एक्सचेंज पोर्टल सुरक्षित और रियल-टाइम डेटा ट्रांसमिशन को सक्षम बनाएंगे।

भारत के टेलीकॉम साइबर सुरक्षा ढांचे को सशक्त बनाना:

यह रणनीतिक साझेदारी उस समय आ रही है जब भारत की डिजिटल भुगतान प्रणाली में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है। यह सहयोग देश की क्षमता को काफी बढ़ाएगा ताकि:

  • वित्तीय अपराधों को रोका जा सके: DoT की टेलीकॉम खुफिया और FIU-IND की वित्तीय खुफिया को जोड़कर धोखाधड़ी वाले मोबाइल कनेक्शन की पहचान और कार्रवाई पहले ही की जा सके।

  • डिजिटल लेनदेन की सुरक्षा: साझा FRI डेटा के माध्यम से वित्तीय संस्थान उच्च-जोखिम वाले मोबाइल नंबरों के लिए अतिरिक्त जोखिम जांच लागू कर सकेंगे।

  • प्रोएक्टिव कार्रवाई हेतु रियल-टाइम खुफिया: MoU दोनों एजेंसियों को प्रतिक्रियात्मक से सक्रिय धोखाधड़ी पहचान और रोकथाम की ओर ले जाएगा। FRI, जो विभिन्न स्रोतों जैसे DoT के Chakshu प्लेटफॉर्म (Sanchar Saathi), वित्तीय संस्थानों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों (LEAs) की खुफिया जानकारी के आधार पर विकसित किया गया है, संभावित धोखाधड़ी वाले मोबाइल नंबरों के लिए प्रारंभिक चेतावनी संकेत प्रदान करेगा।

DoT के डिजिटल इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म में वर्तमान में 700 से अधिक उपयोगकर्ता हैं, जिनमें 36 राज्य/केंद्र शासित प्रदेश पुलिस, केंद्रीय LEAs, SEBI, NPCI, FIU-IND और 650 बैंक एवं वित्तीय संस्थान शामिल हैं।

भविष्य की दिशा:

  • इस MoU से सूचना साझा करने के मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOPs) का विकास, फीडबैक मैकेनिज्म और धोखाधड़ी पहचान विश्लेषण को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूत करने में मदद मिलेगी।

  • वित्तीय संस्थानों को धोखाधड़ी रोकथाम हेतु दिशानिर्देश और रेड-फ्लैग संकेत जारी किए जा सकेंगे।

  • दोनों एजेंसियां लगातार परामर्श करेंगी ताकि बदलते साइबर खतरों के अनुरूप सुरक्षा ढांचा प्रभावी बना रहे।

संक्षिप्त परिचय:

वित्तीय खुफिया इकाई-भारत (FIU-IND):FIU-IND केंद्र सरकार की राष्ट्रीय एजेंसी है, जो संदिग्ध वित्तीय लेनदेन की जानकारी प्राप्त करने, प्रक्रिया करने, विश्लेषण करने और साझा करने के साथ-साथ मनी लॉन्ड्रिंग और आतंकवाद वित्तपोषण से निपटने में समन्वय करती है।

डिजिटल इंटेलिजेंस यूनिट (DIU), DoT:DoT की DIU विशेष इकाई है, जिसे साइबर अपराध और वित्तीय धोखाधड़ी के लिए टेलीकॉम संसाधनों के दुरुपयोग को रोकने हेतु स्थापित किया गया। DIU कई AI और बिग डेटा एनालिटिक्स आधारित तकनीकी समाधानों के लिए जिम्मेदार है, जैसे:

  • ASTR: कई SIM कार्डों और फर्जी KYC दस्तावेजों की पहचान करने वाला AI टूल

  • CIOR: अंतरराष्ट्रीय स्पूफ कॉल की वास्तविक समय पहचान और ब्लॉकिंग प्रणाली

  • Sanchar Saathi पोर्टल एवं मोबाइल ऐप

  • FRI (Financial Fraud Risk Indicator)


Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.