Media24Media.com: रायपुर में खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई: 750 किलो पनीर नष्ट, दो ब्रांड के संचालकों पर होगी कानूनी कार्रवाई

Responsive Ad Slot

Latest

latest


 

रायपुर में खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई: 750 किलो पनीर नष्ट, दो ब्रांड के संचालकों पर होगी कानूनी कार्रवाई

Document Thumbnail

रायपुर- छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और आम लोगों के स्वास्थ्य को लेकर खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। विभाग ने उरला औद्योगिक क्षेत्र स्थित एक फैक्ट्री में 750 किलोग्राम पनीर नष्ट करा दिया। जांच में ‘मिल्की मलाई’ और ‘मलाई मैजिक’ ब्रांड के पनीर के नमूने खाने के लिए असुरक्षित पाए गए थे। अब विभाग संबंधित ब्रांड संचालकों के खिलाफ न्यायालय में मामला पेश करने की तैयारी कर रहा है।

ओडिशा भेजी जा रही थी पनीर की खेप

प्राप्त जानकारी के अनुसार, खाद्य विभाग की टीम ने 8 सितंबर 2026 को रायपुर के जोरा के पास ओडिशा की ओर जा रहे एक मालवाहक वाहन को रोककर पनीर की खेप जब्त की थी। जब्त पनीर ‘मिल्की मलाई’ और ‘मलाई मैजिक’ ब्रांड का बताया गया है।

जब्ती के बाद खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने पनीर के नमूने लेकर जांच के लिए रायपुर स्थित राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे थे। 12 सितंबर को प्राप्त जांच रिपोर्ट में दोनों ब्रांड के पनीर को निर्धारित खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया और उसे मानव उपभोग के लिए असुरक्षित बताया गया। इसके बाद संबंधित निर्माता कंपनी का लाइसेंस निलंबित किए जाने की जानकारी भी सामने आई।

जांच रिपोर्ट के बाद भी 44 दिन तक नहीं हुआ निपटान

इस मामले में सबसे अहम सवाल पनीर को नष्ट करने में हुई देरी को लेकर उठ रहा है। रिपोर्टों के अनुसार, प्रयोगशाला की जांच में पनीर असुरक्षित पाए जाने के बावजूद जब्त खेप को नष्ट करने की कार्रवाई में लगभग 44 दिन लग गए।

बताया गया है कि संबंधित कंपनी ने सरकारी प्रयोगशाला की रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए दोबारा जांच कराने की मांग की थी। इसके लिए नमूना नेशनल फूड लैब भेजने की प्रक्रिया भी सामने आई। कंपनी की ओर से पनीर नष्ट करने के लिए आवेदन दिए जाने की जानकारी भी रिपोर्टों में है।

इसके बाद खाद्य विभाग ने उरला स्थित फैक्ट्री में कार्रवाई करते हुए करीब 750 किलो पनीर नष्ट करा दिया, ताकि उसका दोबारा इस्तेमाल या बाजार में बिक्री न हो सके।

दोनों ब्रांड के संचालकों पर होगी कानूनी कार्रवाई

खाद्य विभाग अब ‘मिल्की मलाई’ और ‘मलाई मैजिक’ ब्रांड से जुड़े संचालकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी कर रहा है। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, मामले में दस्तावेज तैयार कर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) न्यायालय में प्रकरण प्रस्तुत किया जाएगा।

आगे की कार्रवाई संबंधित साक्ष्यों और न्यायालयीन प्रक्रिया के आधार पर होगी। फिलहाल मामले में अंतिम न्यायिक निर्णय की जानकारी उपलब्ध नहीं है।

भिलाई में भी खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर कार्रवाई

रायपुर में पनीर नष्ट किए जाने के मामले के बीच भिलाई में भी खाद्य सुरक्षा से जुड़ी अनियमितताओं पर विभाग की कार्रवाई की खबर सामने आई है। रिपोर्टों के अनुसार, वहां कुछ प्रतिष्ठानों में एक्सपायरी दूध से पनीर तैयार करने और अस्वच्छ परिस्थितियों में मिठाइयां बनाने जैसी गड़बड़ियां पाई गईं।

कार्रवाई के दौरान करीब 2,500 किलोग्राम मिठाइयां और 1,000 लीटर दूध नष्ट कराए जाने की जानकारी दी गई है। कुछ प्रतिष्ठानों में काम बंद कराने की कार्रवाई भी की गई।

खाद्य सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

रायपुर में 750 किलो पनीर नष्ट किए जाने का मामला खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांच और असुरक्षित उत्पादों के समय पर निपटान की व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। पनीर जैसे उत्पाद आम लोगों के साथ-साथ होटल, रेस्टोरेंट और मिठाई कारोबार में भी बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किए जाते हैं।

ऐसे में खाद्य पदार्थों की नियमित जांच, संदिग्ध खेप को बाजार में पहुंचने से रोकना और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ समय पर कार्रवाई करना बेहद जरूरी है।

अब निगाहें खाद्य विभाग की आगे की कार्रवाई पर हैं। न्यायालय में मामला पेश होने के बाद संबंधित ब्रांड संचालकों की जवाबदेही और प्रकरण के परिणाम को लेकर स्थिति और स्पष्ट होगी।


Advertisement Sushasan Divas Advertisement Mohan Chandrakar Chhattisgarh Tourism Chhattisgarh Tourism
Next Story Older Post Home
Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.