Media24Media.com: सीएससी अथवा नागरिक सेवा केन्द्र में जाकर पंजीयन करा सकते हैं : आधार कार्ड एवं बी-1, खसरा एवं मोबाईल नंबर होगा पंजीयन

Responsive Ad Slot

Latest

latest


 

सीएससी अथवा नागरिक सेवा केन्द्र में जाकर पंजीयन करा सकते हैं : आधार कार्ड एवं बी-1, खसरा एवं मोबाईल नंबर होगा पंजीयन

Document Thumbnail

रायपुर। धान बेचने के लिए एग्रीस्टेक पोर्टल पर पंजीयन जरूरी है। चालू खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 हेतु धान उपार्जन के संबंध में राज्य शासन द्वारा भारत सरकार के एग्रीस्टेक पोर्टल के पंजीकृत कृषको को आधार मानकर धान खरीदी का निर्णय लिया है। पूर्व वर्ष 2024-25 तक एकीकृत किसान पंजीयन पोर्टल में पंजीकृत किसानों के इस वर्ष धान खरीदी हेतु कैरीफार्वड करने का कार्य सभी धान उपार्जन की समितियों में किया जा रहा है। जिसमें वही किसान जो एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीकृत है केवल उन्हीं का पंजीयन इस वर्ष हेतु मान्य किया गया है।

राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के सचिव द्वारा पंजीयन कार्य की पूर्णता हेतु निरंतर निगरानी एवं समीक्षा किया जा रहा है। कृषकों के एग्रीस्टेक पंजीयन में आने वाली समस्याओं का निराकरण पूर्ण कर लिया गया है। राजस्व अभिलेखों में संयुक्त खातेदार, नगरीय क्षेत्र में पंजीयन, वन अधिकारों की मान्यता पत्रक, इत्यादि सभी समस्याओं का निराकरण कर लिया गया है। जिला कलेक्टरों के मार्गदर्शन में निरंतर पंजीयन का कार्य सुचारू रूप से चल रहा है।

एग्रीस्टेक पोर्टल के लिए बी-1, खसरा एवं मोबाईल आवश्यक

एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन हेतु कृषकों को किसी भी नजदीकि सी. एस.सी./नागरिक सेवा केन्द्र में जाकर आधार कार्ड एवं राजस्व अभिलेख बी-1, खसरा एवं मोबाईल के साथ पंजीयन कराना होता है। जिसके पश्चात् राजस्व विभाग द्वारा सत्यापन एवं अनुमोदन का कार्य किया जाता है, उपरोक्त पंजीयन के समय कृषक को ध्यान रखना चाहिए कि उसके राजस्व अभिलेख के खाता में दर्ज समस्त भूमियों का मिलान कर प्रविष्टि एग्रीस्टेक पोर्टल में की गई है। उपरोक्त भूमियों के एग्रीस्टेक पोर्टल में अपंजीयन की स्थिति में धान उपार्जन समितियों में धान विक्रय से वंचित हो सकते है।

नागरिक सेवा केन्द्र के माध्यम से एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन

सी.एस.सी./नागरिक सेवा केन्द्र के माध्यम से एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन का शतत् कार्य किया जा रहा है। पंजीयन में सहायता हेतु जिला प्रशासन की ओर से समस्त तहसीलों में पटवारियों, राजस्व निरीक्षकों, कृषि विस्तार अधिकारियों एवं खाद्य निरीक्षकों को निर्देशित किया गया है। जिला प्रशासन की ओर से निरंतर सभी कृषकों को आग्रह किया जा रहा है कि उपरोक्त पंजीयन कार्य में रूचि पूर्वक सहयोग करें एवं अंतिम समय के भाग-दौड़ एवं अनावश्यक परेशानियों से बचें।


Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.