Media24Media.com: #Operation Sindoor

Responsive Ad Slot


 

Showing posts with label #Operation Sindoor. Show all posts
Showing posts with label #Operation Sindoor. Show all posts

‘कुछ मिनट दूर था समुद्री हमला’: नेवी चीफ का बड़ा खुलासा, ऑपरेशन सिंदूर पर पहली बार खुलकर बोले

No comments Document Thumbnail

 नई दिल्ली। भारतीय नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के. त्रिपाठी ने एक बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि मई 2025 में चलाए गए ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत, पाकिस्तान पर समुद्र के रास्ते सीधा हमला करने के बेहद करीब पहुंच गया था। उन्होंने कहा कि नौसेना की तैयारियां पूरी थीं और हमला करने में “महज कुछ मिनट” बाकी थे।


नौसेना अलंकरण समारोह में अधिकारियों को संबोधित करते हुए एडमिरल त्रिपाठी ने कहा कि भारतीय नौसेना ने पूरे ऑपरेशन के दौरान आक्रामक रुख बनाए रखा। उन्होंने बताया कि स्थिति इतनी गंभीर हो गई थी कि समुद्र से हमला लगभग तय था, लेकिन पाकिस्तान की ओर से सैन्य कार्रवाई रोकने के अनुरोध के बाद इसे टाल दिया गया।

आतंकी हमले के बाद शुरू हुआ ऑपरेशन

गौरतलब है कि ऑपरेशन सिंदूर 7 मई 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद शुरू किया गया था, जिसमें 26 नागरिकों की मौत हुई थी। इस हमले के जवाब में भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान-अधिकृत कश्मीर में आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया।

100 से ज्यादा आतंकी ढेर, कई दिन चला तनाव

इस सैन्य कार्रवाई में 100 से अधिक आतंकियों के मारे जाने की जानकारी सामने आई थी। इसके बाद भारत और पाकिस्तान के बीच कई दिनों तक तनावपूर्ण हालात बने रहे और 10 मई को दोनों देशों के बीच शत्रुता समाप्त करने की घोषणा की गई।

नौसेना की भूमिका पर जताया गर्व

एडमिरल त्रिपाठी ने कहा कि इस ऑपरेशन के दौरान भारतीय नौसेना की त्वरित और निर्णायक कार्रवाई ने देश के आत्मविश्वास को मजबूत किया। उन्होंने यह भी बताया कि पश्चिमी तट पर एक ऐतिहासिक 17 घंटे की समुद्री यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को नौसेना की क्षमताओं का प्रदर्शन किया गया।

पाकिस्तानी नौसेना पर बना दबाव

नेवी चीफ के अनुसार, ऑपरेशन के दौरान भारतीय नौसेना के आक्रामक रुख के चलते पाकिस्तानी नौसेना अपने बंदरगाहों और मकरान तट के पास सीमित रहने को मजबूर हो गई थी।

फिलहाल, इस खुलासे के बाद ऑपरेशन सिंदूर को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं और भारतीय नौसेना की रणनीतिक क्षमता पर एक बार फिर ध्यान केंद्रित हो गया है।

ऑपरेशन सिंदूर पर विशेष संसद सत्र नहीं, मानसून सेशन में होगी चर्चा

No comments Document Thumbnail

 Operation Sindoor : ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा के लिए संसद के विशेष सत्र की विपक्ष की बढ़ती मांग के बीच, सूत्रों ने मंगलवार को कहा कि सरकार इस पर विचार नहीं कर रही है। नियमित मानसून सत्र पहले से ही जुलाई में निर्धारित है। सरकारी सूत्रों के अनुसार, विशेष सत्र की मांग उचित नहीं है क्योंकि संसद का अगला सत्र नजदीक है। यह कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्ष द्वारा ऑपरेशन सिंदूर और चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान के हालिया बयान पर चर्चा के लिए संसद का विशेष सत्र बुलाने की मांग के बाद आया है, जिन्होंने हाल ही में ऑपरेशन सिंदूर के दौरान विमानों को मार गिराए जाने पर टिप्पणी की थी, लेकिन ब्यौरा नहीं बताया था।


सूत्रों के अनुसार, सरकार संसद में ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा कराने पर विचार कर सकती है, जहां रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह मानसून सत्र में बयान दे सकते हैं। उन्होंने इस चर्चा को भी खारिज कर दिया कि 25-26 जून को ‘आपातकाल’ की 50वीं वर्षगांठ मनाने के लिए विशेष सत्र आयोजित किया जाएगा। सूत्रों ने कहा, “आपातकाल की 50वीं वर्षगांठ मनाने के लिए विशेष सत्र आयोजित करने की चर्चा पर कोई सच्चाई नहीं है- यह कुछ नेताओं की कल्पना मात्र है।”

ऑपरेशन सिंदूर के दौरान केंद्र को शुरुआती समर्थन देने के बाद राहुल गांधी समेत कई कांग्रेस नेताओं ने सरकार पर हमले तेज कर दिए। राहुल ने पूछा कि 7 से 10 मई के बीच पाकिस्तान के साथ चार दिनों तक चली सैन्य मुठभेड़ में भारत ने कितने विमान गंवाए। सरकार ने पाकिस्तान और उसके आतंकवाद को समर्थन देने तथा आतंकवाद के खिलाफ भारत के रुख को उजागर करने के लिए दुनिया के विभिन्न हिस्सों में अपने सात सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल भी भेजे हैं। सूत्रों ने बताया कि भारत लौटने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सभी प्रतिनिधिमंडलों के सदस्यों से मुलाकात कर सकते हैं। यह बैठक 9 या 10 जून के आसपास राष्ट्रीय राजधानी में होने की उम्मीद है।

ऑपरेशन सिंदूर: भारत के हवाई हमले में 28 आतंकी ठिकाने तबाह, पाकिस्तान का कबूलनामा

No comments Document Thumbnail

 Operation Sindoor : भारत के ऑपरेशन सिंदूर की सफलता की काफी तारीफ हुई. इस दौरान भारतीय सेना ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में कई आतंकी ठिकानों को तबाह किया था. ऑपरेशन सिंदूर को लेकर अब पाकिस्तान के डोजियर में बड़ा खुलासा हुआ है. दावा किया जा रहा है कि जितना भारतीय सेना ने बताया है उससे कहीं ज्यादा पाकिस्तान को नुकसान हुआ है.


भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान सिर्फ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया था, लेकिन इसके बाद पाकिस्तानी सेना ने मोर्चा खोल दिया. उसने भारत के कई शहरों पर ड्रोन और मिसाइल के जरिए हमला करने की कोशिश की, लेकिन भारतीय सेना ने इसे नाकाम कर दिया. उसने जवाबी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान के कई एयरबेस तबाह किए. पाकिस्तान के सैन्य ठिकानों को भारी नुकसान हुआ.

पाकिस्तान ऑपरेशन सिंदूर पर अभी तक कई बार झूठ बोल चुका है, लेकिन उसके डोजियर ने झूठ का पर्दाफाश कर दिया है. पाकिस्तान के डोजियर से पता चला है कि भारत ने काफी अंदर तक जवाबी कार्रवाई की थी. उसने पाक में 20 नहीं बल्कि 28 जगहों पर अटैक किया था. भारतीय सेना ने प्रेस ब्रीफिंग के दौरान पाकिस्तान में की जवाबी कार्रवाई वाली जगहों का जिक्र नहीं किया था, लेकिन डोजियर में इसका भी खुलासा हुआ है. पेशावर, सिंध, झांग, गुजरांवाला, भवालनगर और छोर समेत कई जगहों को नुकसान हुआ है.

भारत ने पाकिस्तान के कई सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया था. उसने नूर खान, रफीकी, मुरीदके, सुकरुर, सियालकोट, पसरुर, चुनियान और सरगोधा समेत कुल 11 एयरबेस पर जवाबी कार्रवाई की थी. हाल ही में मैक्सार टेक्नोलॉजीज ने सैटेलाइट इमेज जारी की थी. इसके जरिए ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान के सैन्य ठिकानों को हुए नुकसान का खुलासा हुआ था.

Operation Sindoor : भारत-पाक में कोई समानता नहीं: कोलंबिया में शशि थरूर ने मेजबान को सुनाई खरी-खरी

No comments Document Thumbnail

 Operation Sindoor : भारत की ओर से पाकिस्तान को एक्सपोज करने का कार्यक्रम जारी है. कांग्रेस सांसद शशि थरूर के नेतृत्व में सर्वदलीय डेलिगेशन कोलंबिया में है, जहां उन्होंने कोलंबिया को ही आड़े हाथ लिया है. दरअसल, कांग्रेस सांसद ने पाकिस्तान को लेकर कोलंबियाई सरकार की प्रतिक्रिया पर निराशा जाहिर की है, जिसने आतंकवाद के पीड़ितों के बजाय भारतीय हमलों से पाकिस्तान में जानमाल की हानि पर संवेदना जताई थी.


थरूर ने कहा, ‘हम कोलंबियाई सरकार की प्रतिक्रिया से थोड़े निराश हैं, जिसने आतंकवाद के पीड़ितों के प्रति सहानुभूति दिखाने के बजाय भारतीय हमलों के बाद पाकिस्तान में हुई जानमाल की हानि पर संवेदना व्यक्त की है. हमें लगता है कि जब ये बयान दिया गया तब शायद स्थिति को पूरी तरह से नहीं समझा गया था. ये समझना हमारे लिए बेहद जरूरी है. हम एक ऐसा देश हैं जो वास्तव में दुनिया में रचनात्मक प्रगति के लिए एक ताकत रहे हैं. हमें निश्चित रूप से उम्मीद है कि अन्य सरकारें उन लोगों से कहेंगी जो आतंकवादियों को सुरक्षित पनाह और संरक्षण देते हैं कि वे ऐसा करना बंद करें. यह वास्तव में बहुत मददगार होगा, चाहे सुरक्षा परिषद में हो या उसके बाहर.’

भारत चार दशकों से झेल रहा आतंकवाद

कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि 'हम कोलंबिया से इस मुद्दे पर विस्तार से बातचीत करने को बहुत इच्छुक हैं। हमारे पास, जैसा कि मैंने कहा, बहुत ठोस सबूत हैं। वास्तव में, जब यह आतंकी हमला हुआ, तो उसे ‘द रेजिस्टेंस फ्रंट’ नामक संगठन ने तुरंत जिम्मेदारी के साथ स्वीकार किया, जो कि पाकिस्तान के मुरीदके स्थित लश्कर-ए-तैयबा का एक इकाई है। जैसे कोलंबिया ने कई आतंकी हमलों का सामना किया है, वैसे ही भारत ने भी किया है। हम पिछले लगभग चार दशकों से बड़ी संख्या में हमलों को झेलते आ रहे हैं।'

कोलंबिया को कोई गलतफहमी

थरूर ने कोलंबिया को समझाया कि आतंकवादियों को भेजने वालों और उसका विरोध करने वालों में अंतर है. भारत ने सिर्फ अपनी सुरक्षा के लिए यह कदम उठाया. अगर कोलंबिया में कोई गलतफहमी है, तो वह उसे दूर करने आए हैं. उन्होंने कहा कि शायद कोलंबिया ने स्थिति को पूरी तरह नहीं समझा. इसलिए उसने पाकिस्तान के लिए दुख जताया. भारत चाहता है कि दुनिया के देश पाकिस्तान से कहें कि वह आतंकवादियों को पनाह देना बंद करे.

थरूर ने कहा कि भारत और कोलंबिया दोनों ने आतंकवाद का दर्द झेला है. भारत चार दशक से आतंकी हमले सह रहा है. कोलंबिया भी ऐसी घटनाओं से गुजरा है. भारत दुनिया में शांति और प्रगति के लिए काम करता है. थरूर ने उम्मीद जताई कि कोलंबिया जैसे देश पाकिस्तान को आतंकवादियों की मदद बंद करने के लिए कहेंगे. यह संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के अंदर या फिर बाहर हो सकता है.

पाक-चीन गठजोड़ पर भड़के थरूर

थरूर ने पाकिस्तान की सैन्य ताकत पर भी बात की. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के 81 फीसदी सैन्य उपकरण चीन से आते हैं. ये उपकरण रक्षा के लिए नहीं, बल्कि हमले के लिए हैं. थरूर ने चीन के बेल्ट एंड रोड प्रोजेक्ट का ज़िक्र किया. इसका सबसे बड़ा प्रोजेक्ट पाकिस्तान में है. इसे चाइना-पाकिस्तान इकनॉमिक कॉरिडोर कहते हैं. यह एक हाईवे है जो चीन को पाकिस्तान के दक्षिण-पश्चिम बंदरगाह से जोड़ता है. इससे चीन को सामान तेजी से ले जाने में मदद मिलती है. थरूर ने कहा कि भारत को पाकिस्तान के विकास से कोई दिक्कत नहीं है. भारत का विरोध सिर्फ आतंकवाद के खिलाफ है.

Operation Sindoor : ये बेवकूफ लोग फोटो देकर भारत से मुकाबला करने का सपना देख रहे हैं', मुनीर-शहबाज पर ओवैसी का तंज

No comments Document Thumbnail

Operation Sindoor : एआईएमआईएम सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने पाकिस्तान पर करारा तंज कसते हुए कहा कि ‘जो देश नकल भी ठीक से नहीं कर सकता, वह भारत से मुकाबला करने की बात करता है.’ ओवैसी ने यह टिप्पणी उस घटना पर की, जिसमें पाकिस्तानी सेना प्रमुख असीम मुनीर ने प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को ‘ऑपरेशन बुनियान अल-मरसूस’ की एक तस्वीर गिफ्ट की, जो असल में 2019 की चीनी सैन्य ड्रिल की फोटो थी.

                                                             मुनीर-शहबाज पर ओवैसी का तंज

कुवैत में भारतीय प्रवासी समुदाय को संबोधित करते हुए ओवैसी ने कहा, ‘कल पाकिस्तानी आर्मी चीफ ने पाकिस्तानी प्रधानमंत्री को एक फोटो दी. ये बेवकूफ जोकर भारत से मुकाबला करना चाहते हैं और उन्होंने 2019 की चीनी आर्मी ड्रिल की फोटो देकर उसे भारत पर जीत बताया.’

ओवैसी ने कहा, ‘पाकिस्तान को गंभीरता से नहीं लेना चाहिए. ये लोग एक असली तस्वीर तक नहीं दे सकते. नकल करने के लिए भी अकल चाहिए, और इन नालायकों को अकल भी नहीं है.’

क्या पूरा मामला…

बीते हफ्ते फील्ड मार्शल बनाए गए असीम मुनीर ने इस खुशी में दावत दी थी. इस हाइप्रोफाइल डिनर में शहबाज शरीफ भी शामिल हुए थे, जिन्हें मुनीर ने यह फोटो गिफ्ट की थी. इस तस्वीर को उन्होंने भारत के खिलाफ चार दिन तक चले सैन्य अभियान में मिली ‘जीत’ का प्रतीक बताया. लेकिन यह फोटो असल में 2019 में हुई चीनी सैन्य ड्रिल की थी. जैसे ही सोशल मीडिया पर इस तस्वीर की असलियत सामने आई, लोगों ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री और सेना प्रमुख को ट्रोल करना शुरू कर दिया.

भारतीय यूजर्स ने ‘कैनवा’ और ‘फोटोशॉप’ के जरिये युद्ध जीतने की कोशिश पर पाकिस्तान का मज़ाक उड़ाया और कहा कि पाकिस्तान अपने सैन्य अभियानों के लिए असली तस्वीरें भी नहीं बना सकता. सोशल मीडिया पर एक व्यक्ति ने कहा, ‘पाकिस्तान अब अपने सैन्य अभियान का जश्न मनाने के लिए चीनी ड्रिल की तस्वीर का इस्तेमाल कर रहा है. वे अपने सैन्य अभियान की असली तस्वीर भी नहीं बना सकते. शहबाज शरीफ और असीम मुनीर अपने पूरे देश को बेवकूफ बना रहे हैं.’

कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच संबंध बहुत खराब हो गए थे, जिसमें 26 निर्दोष पर्यटक मारे गए थे. इसके जवाब में भारत ने 7 और 8 मई की रात को पाकिस्तान के खिलाफ ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चलाया और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में कई आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया. इस ऑपरेशन में पाकिस्तान में शरण लिए हुए 100 से अधिक आतंकवादी भी मारे गए थे.

पहलगाम हमले में TRF की भूमिका को लेकर बड़ा खुलासा

ओवैसी ने बताया कि भारत ने दिसंबर 2023 में और फिर मई 2024 में संयुक्त राष्ट्र की 1267 प्रतिबंध समिति को सूचित किया कि TRF एक पाकिस्तानी आतंकी संगठन है. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान ने सुरक्षा परिषद में TRF का नाम लेने से बचने की भरसक कोशिश की, जबकि यह वही संगठन है जिसने पहलगाम हमले की जिम्मेदारी ली थी. भारतीय एजेंसियों ने यह भी ट्रैक किया कि यह बयान पाकिस्तानी सैन्य क्षेत्र के पास से जारी हुआ था, जो पाकिस्तान की प्रत्यक्ष संलिप्तता को दर्शाता है.

नसों में सिंदूर, दिल में भारत, पीएम मोदी ने बीकानेर से पाकिस्तान को ललकारा

No comments Document Thumbnail

 Operation Sindoor : भारतीय सेना के ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज गुरुवार को पहली बार सार्वजनिक सभा में आम जनता को संबोधित किए। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने पाकिस्तान और पाकिस्तान परस्त आतंकवाद पर करारा हमला बोलते दिखे। प्रधाननमंत्री ने कहा- ‘मोदी की नशों में खून नहीं गरम सिंदूर बह रहा है। प्रधानमंत्री ने कहा कि जो अभी तक ललकारते अब घरों में दुबक कर बैठे हैं।


प्रधानमंत्री ने कहा कि पाकिस्तान ने कहा था उसने नाल एयरबेस को तबाह कर दिया है और मैं आज उसी एयरबेस पर उतरा हूं। मोदी ने कहा कि नाल एयरबेस नहीं यहीं से कुछ किलोमीटर की दूर पर मौजूद पाकिस्तान का रहीम यार खान एयरबेस ICU में चला गया है। पीएम ने कहा कि ‘मोदी आज सीना तानकर खड़ा है और दुनिया की कोई ताकत भारत को नहीं झुका सकती है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर ने आतंक से निपटने के तीन सूत्र तय कर दिए हैं। भारत पर हमला का करारा जवाब मिलेगा, समय सेना तय करेगी, तरीका सेना तय करेगी और शर्तें भी हमारी होंगी। आतंक का फन कुचलने की यही नीति और यही रीति। अब भारत पाकिस्तान के परमाणु हमले से पीछे हटने वाला नहीं, करारा जवाब मिलेगा।

पीएम मोदी ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर सिर्फ आक्रोश नहीं है, ये समर्थ भारत का रौद्र रूप है। यही भारत का नया स्वरूप है। भारत अब ऐसे ही न्याय करेगा।

प्रधानमंत्री ने कहा कि जो लोग ललकारते थे आज घरों में दुबक कर बैठे हैं। जो अपने हथियारों पर घमंड करते थे, आज मलबों के नीचे पड़े हैं। पीएम ने कहा कि हमले कतरे-कतरे का हिसाब चुकाया है।

भारतीय के खून से खेलना पाकिस्तान को महंगा पड़ेगा

पीएम मोदी ने कहा- भारत ने साफ कर दिया है कि हर आतंकी हमले की पाकिस्तान को भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। यह कीमत पाकिस्तान की सेना और पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था चुकाएगी। मैं बीकानेर के नाल एयरबेस पर उतरा। पाकिस्तान ने इसे भी निशाना बनाने की कोशिश की थी। वो इस एयरबेस को रत्तीभर भी नुकसान नहीं पहुंचा पाया। यहां से कुछ दूरी पर पाकिस्तान का रहीमयार खान एयरबेस है, जो पता नहीं कब खुलेगा। आईसीयू में पड़ा है। पाकिस्तान से बात होगी तो सिर्फ पीओके और आतंकवाद पर। यदि पाकिस्तान ने आतंकियों को एक्सपोर्ट करना जारी रखा तो पाई-पाई की कीमत चुकानी पड़ेगी। पाकिस्तान को भारत के हक का पानी नहीं मिलेगा। भारतीयों के खून से खेलना पाकिस्तान को महंगा पड़ेगा। ये भारत का संकल्प है। दुनिया की कोई ताकत हमें इस संकल्प से डिगा नहीं सकती है।

पाकिस्तान, भारत से कभी नहीं जीत सकता

मोदी ने कहा- पाकिस्तान भारत से कभी सीधी लड़ाई जीत ही नहीं सकता। जब भी लड़ाई होती है तो मुंह की खानी पड़ती है। इसलिए आतंकवाद को भारत के खिलाफ हथियार बनाया है। कई दशकों से यही चला आ रहा था। भारत में डर का माहौल बनाता था, लेकिन पाकिस्तान एक बात भूल गया कि अब मां भारती का सेवक मोदी यहां सीना तानकर खड़ा है। मोदी का दिमाग ठंडा है, ठंडा रहता है लेकिन मोदी का लहू गर्म है। अब तो माेदी की नसों में लहू नहीं, गर्म सिंदूर बह रहा है।

Operation Sindoor: भारत के टॉप आर्मी अफसर की पाकिस्तानी सेना को वॉर्निंग- पूरा PAK रेंज में, छिपने के लिए जगह नहीं मिलेगी

No comments Document Thumbnail

 Operation Sindoor: पहलगाम हमले का बदला लेने के लिए पाकिस्तान के आतंकी ठिकानों को भारत ने तबाह कर दिया. बिलबिलाए पाकिस्तान ने भारत पर हमला कर दिया, जोकि उसकी सबसे बड़ी गलती थी. भारत ने उसके हमले को नाकाम करते हुए जिन्ना के मुल्क के एयरबेस तबाह कर दिए. क्या उसे अंदाजा नहीं था कि भारत की आर्मी इतनी पावरफुल है कि उसकी पलक झपकते नींद उड़ा देगी. इस बीच सेना वायु रक्षा महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल सुमेर इवान डी’कुन्हा ने भारत की सैन्य शक्ति पर बात की है.

भारतीय सेना 

‘ऑपरेशन सिंदूर’ का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि भारत के पास पाकिस्तान के समूचे क्षेत्र में स्थित टारगेट पर हमला करने की क्षमता है. समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए लेफ्टिनेंट जनरल डी’कुन्हा ने कहा, ‘पूरा पाकिस्तान जद में है.’ उन्होंने कहा कि भले ही पाकिस्तान अपने सेना मुख्यालय (जीएचक्यू) को रावलपिंडी से खैबर पख्तूनख्वा (केपीके) जैसे क्षेत्रों में ट्रांसफर कर दे, लेकिन उसे एक गहरा गड्ढा खोजना होगा.

आत्मनिर्भर सैन्य तकनीक

ऑपरेशन सिंदूर में भारत की स्वदेशी तकनीक और सैन्य शाखाओं के बीच तालमेल देखने को मिला. भारतीय सेना ने ड्रोन डिटेक्शन और इंटरसेप्शन सिस्टम ने दुश्मन के UAVs को बेअसर किया. लॉन्ग-रेंज सटीक मिसाइलों ने आतंकी ठिकानों को बिना नागरिक क्षति के नष्ट किया यूनिफाइड कमान संरचना के तहत वायुसेना, थलसेना और खुफिया एजेंसियों ने समन्वित ढंग से काम किया. इस पर डी'कुन्हा ने कहा कि हमने केवल सीमाओं की रक्षा नहीं की, बल्कि छावनियों, नागरिक क्षेत्रों और अपने जवानों के परिवारों को भी सुरक्षित रखा. यही हमारी असली जीत है.

800 से 1000 ड्रोन पाकिस्तान ने भेजे

लेफ्टिनेंट जनरल ने बताया कि हथियार ले जाने वाले सभी ड्रोन को सफलतापूर्वक रोका गया, जिससे किसी भी नागरिक को हताहत होने से बचाया जा सका. उन्होंने कहा, ‘मैं कहूंगा कि चार दिनों में पूरी पश्चिमी सीमा पर 800 से 1000 के बीच ड्रोन आए. उनमें से बड़ी संख्या नष्ट किए गए. एक बात तो तय है कि सभी मानवरहित लड़ाकू एरियल वाहन जो पेलोड ले जा रहे थे उनका उद्देश्य हमारी नागरिक आबादी को नुकसान पहुंचाना था और उन्हें आबादी की तरफ गाइड किया गया था, हमने सुनिश्चित किया कि वे कोई नुकसान न करें और मुझे लगता है कि इसका सबूत वास्तव में हमने देखा. कोई भी नागरिक हताहत नहीं हुआ.’

Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.