Media24Media.com: नौकरी का झांसा देकर 50 हजार लेने का आरोप, गिरफ्तार प्रणव अवस्थी के खिलाफ नई शिकायत

Responsive Ad Slot

Latest

latest


 

नौकरी का झांसा देकर 50 हजार लेने का आरोप, गिरफ्तार प्रणव अवस्थी के खिलाफ नई शिकायत

Document Thumbnail

 बलौदाबाजार। फर्जी ट्रांसफर आदेश मामले में गिरफ्तार भाजपा के पूर्व जिला महामंत्री के बेटे प्रणव अवस्थी की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। अब उनके खिलाफ नौकरी लगाने के नाम पर 50 हजार रुपये लेने और कथित तौर पर फर्जी NEFT रिसीप्ट भेजने की शिकायत सामने आई है। महासमुंद जिले के कोमाखान थाना क्षेत्र के ग्राम खेमड़ा निवासी एक बेरोजगार युवक ने बलौदाबाजार पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर मामले की जांच, कार्रवाई और रकम वापस दिलाने की मांग की है।


शराब दुकान में नौकरी दिलाने का आरोप

शिकायतकर्ता के अनुसार, वह नौकरी की तलाश में था। इसी दौरान बारनवापारा क्षेत्र के एक परिचित के माध्यम से उसकी मुलाकात प्रणव अवस्थी से हुई। आरोप है कि प्रणव अवस्थी ने उसे शराब दुकान में नौकरी दिलाने का भरोसा दिया और इसके एवज में उससे 50 हजार रुपये लिए गए।

शिकायतकर्ता का कहना है कि नौकरी के लिए रकम देने के बाद उसे डीडी बनाकर जमा कराने की जानकारी दी गई। बाद में डीडी को संदिग्ध मानते हुए उसने नौकरी करने से इनकार कर दिया और अपनी रकम वापस मांगी।

रकम लौटाने के लिए भेजी NEFT रिसीप्ट

शिकायतकर्ता के मुताबिक, रकम वापस करने के लिए प्रणव अवस्थी की ओर से NEFT के जरिए राशि ट्रांसफर करने की एक रिसीप्ट भेजी गई। हालांकि, उसके बैंक खाते में रकम जमा नहीं हुई।

इसके बाद शिकायतकर्ता ने कथित NEFT रिसीप्ट की जांच कराई। उसका दावा है कि जांच में रिसीप्ट भी संदिग्ध पाई गई। इसके बाद उसने पुलिस अधीक्षक के समक्ष शिकायत देकर पूरे मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की।

शिकायतकर्ता ने पुलिस से FIR दर्ज करने के साथ ही 50 हजार रुपये वापस दिलाने की मांग की है।

शिकायत महासमुंद पुलिस को भेजने के निर्देश

मामले में पुलिस अधीक्षक ने शिकायतकर्ता को बताया कि घटना से संबंधित मामला महासमुंद जिले का है। इसके चलते शिकायत को संबंधित जिले में भेजने के निर्देश दिए गए हैं। अब महासमुंद पुलिस मामले की जांच करेगी। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

फर्जी ट्रांसफर आदेश मामले में पहले से जेल में

गौरतलब है कि प्रणव अवस्थी को ग्रामीण चिकित्सा सहायक के कथित फर्जी ट्रांसफर आदेश से जुड़े मामले में पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। पुलिस के अनुसार, कंप्यूटर के माध्यम से कथित फर्जी ट्रांसफर आदेश तैयार कराने में उसकी भूमिका की जांच की जा रही है।

इस मामले में भाजपा के पूर्व जिला महामंत्री कृष्णा अवस्थी, उनके बेटे प्रणव अवस्थी, कंप्यूटर ऑपरेटर परख कश्यप समेत अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। सभी आरोपी न्यायिक प्रक्रिया के तहत जेल में हैं।

भाजपा ने भी की संगठनात्मक कार्रवाई

फर्जी ट्रांसफर आदेश मामले के सामने आने के बाद भाजपा ने भी संगठनात्मक स्तर पर कार्रवाई की थी। पार्टी ने पूर्व जिला महामंत्री कृष्णा अवस्थी और पूर्व जिला उपाध्यक्ष पुनीराम पटेल को छह साल के लिए निष्कासित कर दिया था। यह कार्रवाई भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के निर्देशन में की गई थी।

नई शिकायत सामने आने के बाद प्रणव अवस्थी की कानूनी मुश्किलें बढ़ सकती हैं। हालांकि, नौकरी के नाम पर 50 हजार रुपये लेने और कथित फर्जी NEFT रिसीप्ट से जुड़े आरोपों की वास्तविकता पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।

Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.