Media24Media.com: चंडीगढ़ में इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल 2025 की तैयारियों की समीक्षा

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चंडीगढ़ में इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल 2025 की तैयारियों की समीक्षा

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यहाँ आयोजित एक उच्चस्तरीय बैठक में केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) विज्ञान और प्रौद्योगिकी; पृथ्वी विज्ञान तथा प्रधानमंत्री कार्यालय, परमाणु ऊर्जा विभाग, अंतरिक्ष विभाग, कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय के राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने चंडीगढ़ में होने वाले इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल (IISF) 2025 की तैयारियों की समीक्षा की। यह महोत्सव पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के तत्वावधान में आयोजित किया जाएगा।

बैठक के दौरान डॉ. जितेंद्र सिंह ने लॉजिस्टिक योजनाओं, प्रदर्शनी लेआउट और विभिन्न एजेंसियों के कार्यक्रम एकीकरण की समीक्षा की और सभी विभागों को निर्देश दिया कि वे विद्यालयों और अभिभावकों को लक्षित करते हुए सतत जन-जागरूकता अभियान चलाएँ, ताकि महोत्सव में अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित हो सके। उन्होंने जोर देकर कहा कि सभी संबद्ध मंत्रालयों को हरियाणा और चंडीगढ़ प्रशासन के साथ मिलकर स्कूल विज्ञान मेले, मोबाइल प्रदर्शनी, क्षेत्रीय रोड शो और स्थानीय मीडिया प्रचार जैसे कार्यक्रम पहले से शुरू करने होंगे।

तैयारियों के हिस्से के रूप में मंत्री ने नोडल विभाग को प्रत्येक जिले में “विज्ञान संचार केंद्र” (Science Communication Hubs) स्थापित करने और युवा एंबेसडरों को नियुक्त कर शहर के सार्वजनिक स्थलों पर प्रारंभिक टीज़र इंस्टॉलेशन लगाने का निर्देश दिया। उन्होंने यह भी कहा कि स्टार्टअप बूथ और नागरिक-विज्ञान प्रदर्शनी को महोत्सव स्थल के डिज़ाइन में शामिल किया जाए, जिसमें छात्र नवाचार क्षेत्र, इंटरैक्टिव प्रदर्शनी और जन-भागीदारी ट्रैक भी हों।

डॉ. सिंह ने यह भी स्पष्ट किया कि स्टार्टअप्स को केवल सहायक भूमिका में नहीं, बल्कि महोत्सव के मुख्य आकर्षण के रूप में प्रस्तुत किया जाए। उन्होंने विज्ञान सचिवों से शीघ्र स्वीकृतियाँ, मंत्रालयों के बीच समन्वय और मीडिया साझेदारियाँ सुनिश्चित करने का आग्रह किया, ताकि कार्यक्रम का सफल आयोजन हो सके।

बैठक में इस बात पर जोर दिया गया कि यह महोत्सव केवल वैज्ञानिक प्रगति का प्रदर्शन भर न होकर एक भागीदारीपूर्ण जन-उत्सव बने, जो विज्ञान, छात्रों और समाज के बीच सेतु का काम करे। जागरूकता अभियानों पर जोर इस बात का संकेत है कि केंद्र सरकार इस बार इसे आमजन, विशेषकर स्कूली बच्चों और अभिभावकों के लिए भी एक अनिवार्य आयोजन बनाने को प्रतिबद्ध है।

बड़े परिप्रेक्ष्य में देखा जाए तो IISF देश के सबसे बड़े विज्ञान जन-जागरूकता मंचों में से एक बन चुका है, जिसमें प्रदर्शनी, युवा मंच, स्टार्टअप मंडप और इंटरैक्टिव साइंस थियेटर जैसे कार्यक्रमों का समावेश है। चंडीगढ़ में होने वाला 2025 का आयोजन तभी सफल होगा जब प्रदर्शनी के साथ-साथ जमीनी स्तर पर जागरूकता और स्कूल समुदाय की भागीदारी भी सुनिश्चित हो।

बैठक में उपस्थित प्रमुख अधिकारियों में प्रो. अजय कुमार सूद (भारत सरकार के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार), डॉ. एम. रविचंद्रन (सचिव, पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय), डॉ. अजीत कुमार मोहंती (सचिव, परमाणु ऊर्जा विभाग), प्रो. अभय करंदीकर (सचिव, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग), डॉ. राजेश गोखले (सचिव, जैव प्रौद्योगिकी विभाग) और डॉ. एन. कलैसेल्वी (सचिव, वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान विभाग और महानिदेशक, सीएसआईआर) शामिल थे। विज्ञान भारती के प्रतिनिधि भी बैठक में उपस्थित रहे।


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