Media24Media.com: भारतीय सेना

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Operation Sindoor: 25 मिनट में पाकिस्तान में मची तबाही, सेना ने बताया 9 टारगेट से कैसे लिया हर जख्म का हिसाब

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 Operation Sindoor : भारतीय सेना की कर्नल सोफिया कुरैशी ने एयरस्ट्राइक की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि 9 आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया. पहलगाम में मासूम मारे गए थे. भारत ने 1 बजकर पांच मिनट से लेकर 1 बजकर 30 मिनट तक कार्रवाई की. पाकिस्तान आतंकियों को पनाह देता है. खुफिया जानकारी के आधार पर कार्रवाई की गई.


सोफिया कुरैशी ने बताया कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ 22 अप्रैल को पहलगाम हमले के पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने के लिए शुरू किया गया. यह कार्रवाई मंगलवार देर रात 1.05 बजे शुरू हुई और करीब आधे घंटे में 1.30 बजे तक चली. इसमें नौ आतंकी ठिकानों को नष्ट किया गया. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान ने पिछले तीन दशकों में आतंकवाद की फैक्ट्रियां खड़ी कर दी हैं.


विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने क्या बताया?

विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने ब्रीफिंग में बताया कि पुख्ता खुफिया जानकारी के आधार पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को अंजाम दिया गया. इसमें पाकिस्तान के मुजफ्फराबाद स्थित लश्कर के ट्रेनिंग सेंटर, बरनाला कैंप और सियालकोट के महमूना कैंप को निशाना बनाकर नष्ट किया गया. इन ठिकानों पर हमला कर आतंकियों की रीढ़ तोड़ने की रणनीति अपनाई गई, क्योंकि यहीं से उन्हें प्रशिक्षण दिया जाता था.

भारतीय सेना की कर्नल सोफिया कुरैशी थी प्रेस ब्रीफिंग में

भारतीय सेना ने मंगलवार देर रात पाकिस्तान और पीओके मैं नौ जगह आतंकी ठिकानों पर एयरस्ट्राइक की. भारतीय सेना, वायुसेना और विदेश मंत्रालय इस पूरे ऑपरेशन सिंदूर को लेकर प्रेस ब्रीफिंग की. इस दौरान प्रेस ब्रीफिंग में विदेश सचिव विक्रम मिस्री के साथ-साथ दो महिला अधिकारी नजर आई. इनमें वायुसेना की विंग कमांडर व्योमिका सिंह और भारतीय सेना की कर्नल सोफिया कुरैशी थीं.

हमने पूरी जिम्मेदारी से जवाब दिया : विदेश सचिव विक्रम मिसरी

प्रेस ब्रीफिंग की शुरुआत में भारत पर 2001 में हुए संसद हमले से लेकर 2008 के मुंबई आतंकी हमले, उरी, पुलवामा से लेकर पहलगाम हमले से जुड़ी क्लीपिंग दिखाई गई. विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने कहा कि पहलगाम पर हुआ हमला कायराना था. जम्मू-कश्मीर की शांति भंग करने के लिए यह हमला किया गया. हमलावरों की जानकारी जुटाई गई. पाकिस्तान दुनिया को गुमराह कर रहा है. देश में दंगे भड़काने की साजिश थी. दो हफ्ते बाद भी पाक ने कार्रवाई नहीं की. लश्कर ने पहलगाम में हमला करवाया. आज हमने अपने अधिकार का इस्तेमाल किया. हमने पूरी जिम्मेदारी से जवाब दिया. आतंकवाद को रोकने के लिए हमने अपने अधिकार का प्रयोग किया. आतंकी हमले का जवाब देना जरूरी था.

फामेश्वरी यादव: छत्तीसगढ़ की पहली महिला अग्निवीर, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दी बधाई

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 रायपुर : गरियाबंद जिले की 21 वर्षीय फामेश्वरी यादव ने भारतीय सेना में अग्निवीर महिला सैन्य पुलिस (WMP) के रूप में चयनित होकर छत्तीसगढ़ की पहली महिला अग्निवीर बनने का गौरव प्राप्त किया है। यह राज्य के लिए गर्व और बेटियों के आत्मबल का प्रतीक है।


मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने फामेश्वरी को इस उपलब्धि पर बधाई देते हुए कहा कि यह केवल एक चयन नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की बेटियों की हिम्मत और देशभक्ति का प्रमाण है। फामेश्वरी ने यह दिखा दिया कि अगर हौसले बुलंद हों तो कोई भी सपना पूरा किया जा सकता है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि यह सफलता राज्य की अन्य युवतियों को भी प्रेरणा देगी, और उन्हें सेना व अन्य क्षेत्रों में आगे बढ़ने का हौसला देगी। राज्य सरकार बेटियों के सशक्तिकरण और राष्ट्र सेवा के हर कदम में उनके साथ है।

मुख्यमंत्री साय ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि यह सफलता छत्तीसगढ़ की नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्त्रोत बनेगी और राज्य की बेटियाँ हर क्षेत्र में नया कीर्तिमान स्थापित करेंगी।

उल्लेखनीय है कि 24 मार्च, 2025 को घोषित परिणाम में चयन के बाद फामेश्वरी 01 मई, 2025 से बेंगलुरु स्थित सेना मिलिट्री पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में प्रशिक्षण प्रारंभ करेंगी। उन्हें सेना भर्ती कार्यालय, रायपुर द्वारा सम्मानित भी किया गया।

भारतीय सेना में अग्निवीरों की भर्ती संबंधी अधिसूचना जारी, 12 मार्च से 10 अप्रैल 2025 तक कर सकते हैं आवेदन

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 रायपुर : भारतीय सेना में अग्निवीर पदों की भर्ती के लिए युवाओं के लिए सुनहरा अवसर मिलने जा रहा है। इच्छुक युवा 12 मार्च से अपना ऑनलाईन आवेदन प्रस्तुत कर सकते है। सेना भर्ती कार्यालय रायपुर से प्राप्त जानकारी के अनुसार अग्निवीरों की भर्ती के लिए अधिसूचना जारी की जा चुकी है, जो भारतीय सेना की वेबसाइट http://www.joinindianarmy.nic.in/ पर उपलब्ध है। अग्निवीर की भर्ती जनरल, तकनीकी, क्लर्क, ट्रेडमेन (8वीं एवं 10वीं), महिला सैन्य पुलिस और रेगुलर कैडर भर्ती धर्म गुरू, नर्सिंग सहयोगी और सिपाही फार्मा के पदों के लिए जारी की गई है। इच्छुक युवा सेना में भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रकिया 12 मार्च से 10 अप्रैल 2025 तक कर सकते हैं।


अभ्यार्थी अग्निवीर के दो पदों के लिए अपनी योग्यता अनुसार आवेदन कर सकते है। अग्निवीर क्लर्क के अभ्यार्थियों को ऑनलाइन परीक्षा सीईई के समय टाइपिंग टेस्ट भी देना होगा। ऑनलाइन परीक्षा सीईई जून 2025 मे होने की संभावना है।

किसी भी अन्य जानकारी और समस्या के लिए युवा सेना भर्ती कार्यालय रायपुर के टेलिफोन नंबर 0771-2965212/0771-2965214 पर संपर्क कर सकते हैं। सेना के अधिकारियों ने बताया है कि भारतीय सेना में चयन निष्पक्ष, पारदर्शी और केवल योग्यता के आधार पर की जाती है। इसलिए किसी भी अनाधिकृत व्यक्तियों के झांसे में न आए।

सशस्त्र सैन्य समारोह : भारतीय सेना की ताकत, जवानों का शौर्य हमें रोमांच के साथ गौरवान्वित करता हैं: मुख्यमंत्री साय

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 रायपुर: साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित भव्य सैन्य समारोह एवं प्रदर्शनी का मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने आज शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री साय का जैकेट पहनाकर सेना ने अपने अंदाज में स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने भारतीय सेना के करतब को देखकर रोमांचित हुए और उनकी कौशल और क्षमता को सराहा। मुख्यमंत्री श्री साय ने दो दिवसीय सैन्य प्रदर्शनी को आम नागरिकों के उत्साह को देखते हुए एक दिन बढ़ाने की घोषणा की। अब प्रदर्शनी का आयोजन 5 एवं 6 अक्टूबर के अलावा 7 अक्टूबर तक किया जाएगा।प्रदर्शनी दिन में सुबह 8 बजे से 10 बजे तक एवं शाम को 6 बजे से रात 8 बजे तक आयोजित की जायेगी।


सैन्य प्रदर्शनी समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने कहा कि इस प्रदर्शनी में अपनी सेना की ताकत, उनकी क्षमता और हमारे वीर जवानों के शौर्य को देखकर रोमांचित और गौरवान्वित महसूस कर रहा हूं। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों में देशभक्ति का जज्बा जगाने के लिए सेना का एक अकेला जवान ही काफी होता है। सेना की वर्दी में किसी चुस्त-दुरूस्त जवान को देखकर ही हमारे भीतर जोश आ जाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस के अवसर पर जब हम कर्तव्य-पथ पर अपने सैनिकों को परेड करते हुए देखते हैं, तब हर भारतीय के मन में विचार अवश्य आता है कि काश हम भी भारतीय सेना का हिस्सा होते। उन्होंने कहा कि हमारी यह सेना संख्या दुनिया की सबसे शक्तिशाली सेनाओं में गिनी जाती है। हमारी यह सेना अपने अनुशासन और दक्षता के लिए पूरी दुनिया में प्रसिद्ध है।


मुख्यमंत्री  साय ने कहा आजादी के बाद देश पर जब-जब खतरा मंडराया, हमारी सेना ने दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब दिया है। आज किसी भी देश की हिम्मत नहीं होती कि वह भारत की ओर आंख उठाकर देखें। इसी तरह हमारे इन जवानों ने देश की आंतरिक सुरक्षा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। जब कोई प्राकृतिक आपदा होती है, तब भी हमें सबसे पहले हमारी सेना की याद आती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस प्रदर्शनी में भीष्म टी-90 टैंक, बीएमपी, एल-70 और अन्य आधुनिक सैन्य उपकरणों का अवलोकन कर सकेंगे, जिनका उपयोग हमारे सशस्त्र बलों ने दुश्मनों के खिलाफ विजय प्राप्त करने में किया है। इसके साथ-साथ आप पैरा जंपिंग, खुखरी डांस, डेयर डेविल मोटरसाइकलिंग और घुड़सवारी जैसे हैरतअंगेज और अद्भुत प्रदर्शन का आनंद भी ले पाएंगे।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि इस प्रदर्शनी को देखने के लिए युवा साथी बड़ी संख्या में आए हैं। बहुत अच्छी बात है कि लोग अपने बच्चों को लेकर भी यहां आए हैं, इससे निश्चित रूप से ये बच्चे भी प्रेरित होंगे और सेना में शामिल होकर देश सेवा का अवसर मिले तो इसे अपने हाथों से जाने न दें। अग्निवीर योजना भी आपको यह महत्वपूर्ण अवसर देती है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि कल बस्तर के अबुझमाड़ क्षेत्र में सुरक्षा बलों ने माओवादी आतंकियों के साथ हुई मुठभेड़ में 31 माओवादियों को ढेर कर दिया। इस बड़ी सफलता के लिए सुरक्षा बलों के जवानों को बधाई देता हूं। पिछले 9 महीनों के दौरान हमारे जवानों ने माओवादी आतंकवाद के खिलाफ लगातार बड़ी सफलताएं हासिल की हैं। अब तक 191 माओवादी को ढेर किया है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बस्तर में आ रहे बदलाव का यह संकेत है कि बस्तर के युवा बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों में शामिल होकर माओवादियों को खदेड़ रहे हैं। सैन्य समारोह की प्रदर्शनी में मुख्यमंत्री  साय को ब्रिगेडियर श्री अमन आनंद ने भारतीय सेना द्वारा उपयोग किए जाने वाले हथियारों और टैंक की विस्तृत जानकारी दी।  साय ने प्रदर्शनी के मुख्य आकर्षण में से एक टैंक टी-90 भीष्म का भी अवलोकन किया और इसकी क्षमता और विशेषता की जानकारी ली।

मुख्यमंत्री ने सेना में उपयोग होने वाले अत्याधुनिक हथियारों, ड्रोन, रायफल सहित भूतपूर्व सैनिकों के लिए चलाई जा रही योजनाओं, अग्निपथ योजना, छत्तीसगढ़ हर्बल्स के स्टाल का अवलोकन किया। गौरतलब है कि सैन्य प्रदर्शनी के दौरान भारतीय सेना द्वारा युद्ध में उपयोग किए गए तथा वर्तमान में उपयोग किये जा रहे विभिन्न हथियारों, टैंक, रायफल आदि का प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनी में ऐसे टैंक और हथियार भी शामिल हैं, जो वर्तमान में उपयोग में नहीं है और सेना ने इसे एक धरोहर के रूप में संजो कर रखा है। साथ ही मुख्यमंत्री ने सभी स्टालों का अवलोकन किया और सेना के अधिकारियों से जानकारी ली।

इस समारोह में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा, कृषि मंत्री  रामविचार नेताम, श्रम मंत्री  लखन लाल देवांगन, राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा, सांसद  बृजमोहन अग्रवाल, विधायक  पुरंदर मिश्रा, मोतीलाल साहू,  खुशवंत सिंह साहेब, मुख्य सचिव  अमिताभ जैन, डीजीपी  अशोक जुनेजा, लेफ्टिनेंट जनरल  पदम सिंह शेखावत, ब्रिगेडियर  अमन आनंद (विशिष्ट सेवा मेडल), अपर मुख्य सचिव श्री मनोज कुमार पिंगुआ, कर्नल  सुदीप बोस, रायपुर संभागायुक्त  महादेव कावरे, कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह, एसएसपी डॉ. संतोष सिंह समेत बड़ी संख्या में सेना के जवान और नागरिक उपस्थित थे।

भारतीय सेना का भीष्म टी-90 टैंक पहुंचा रायपुर, शहर में रैली निकालकर किया गया स्वागत

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 रायपुर : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व और पहल में हो रहे भव्य सैन्य समारोह के लिए आज राजधानी रायपुर पहुंचे भारतीय सेना के भीष्म टैंक और अन्य आर्टिलरी का शानदार स्वागत किया गया.


मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व और पहल में हो रहे भव्य सैन्य समारोह के लिए आज राजधानी रायपुर पहुंचे भारतीय सेना के भीष्म टैंक और अन्य आर्टिलरी का शानदार स्वागत किया गया। इसके बाद एक रैली के रूप में टैंक एवं सैन्य उपकरण रायपुर शहर के तेलीबांधा, मरीन ड्राइव, कलेक्ट्रेट, जयस्तंभ और आश्रम चौक होते हुए साइंस कॉलेज मैदान तक मैदान पहुंचा।


शहर के नागरिकों में इसे लेकर ख़ासा उत्साह रहा। सैकड़ों लोग इस शानदार रैली को मोबाइल से कैप्चर करते दिखे। गौरतलब है कि सैन्य प्रदर्शनी 5-6 अक्टूबर को राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज ग्राउंड में आयोजित होगा। इसमें सेना के जाबांज सैनिक अपने शौर्य का प्रदर्शन करेंगे।

 

छत्तीसगढ़ में अग्निवीर भर्ती परीक्षा के नतीजे जारी, 870 कैंडिडेट अग्निवीर भर्ती परीक्षा में सिलेक्ट, 1 मई से शुरू होगी ट्रेनिंग

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 भारतीय सेना ने अग्निवीर पुरुष भर्ती परीक्षा के परिणाम जारी कर दिए हैं । छत्तीसगढ़ से 870 कैंडिडेट्स को इसमें सफलता मिली है। यह भर्ती दिसंबर 2023 में जांजगीर चांपा जिले में आयोजित की गई थी।


जानकारी के मुताबिक भर्ती प्रक्रिया में 5532 कैंडिडेट ने भाग लिया था। इसमें अग्निवीर जीडी, अग्निवीर टेक्निकल, अग्निवीर ट्रेड्समैन के लिए युवाओं का चयन हुआ है। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक अग्निवीर क्लर्क कैटेगरी के रिजल्ट 1-2 दिनों के भीतर आ जाएंगे। फिलहाल तकनीकी कारणों से क्लर्क कैटेगरी के रिजल्ट जारी नहीं हो पाए हैं।

सभी कैंडिडेट्स अपने रिजल्ट जॉइन इंडियन आर्मी joinindianarmy.nic.in वेबसाइट पर देख सकते हैं। इन सभी 870 सिलेक्टेड कैंडिडेट्स को 5 मार्च की सुबह 7:30 बजे नया रायपुर स्थित भारतीय सेना के भर्ती कार्यालय में पहुंचना होगा। शहीद वीर नारायण सिंह क्रिकेट स्टेडियम के पास यह सेना कार्यालय है।

यहां पर कैंडिडेट्स को ब्रीफ किया जाएगा, इसके बाद डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन भी होगा। इसके बाद सिलेक्टेड कैंडिडेट्स की ट्रेनिंग 1 में 2024 से भारतीय सेना के अलग-अलग ट्रेनिंग सेंटर में शुरू हो जाएगी। भर्ती प्रक्रिया से जुड़ी जानकारी के लिए सेना भर्ती कार्यालय के नंबर 07712965212 और 07712965213 पर संपर्क किया जा सकता है।

भारतीय सेना ने सिक्किम में फंसे 800 से अधिक पर्यटकों को बचाया

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 गंगटोक : भारतीय सेना ने सिक्किम में भारी बर्फबारी और खराब मौसम के बीच फंसे आठ सौ से अधिक पर्यटकों को सुरक्षित निकाल लिया है। बुजुर्गों, महिलाओं और बच्‍चों सहित करीब आठ सौ पर्यटक पूर्वी सिक्किम के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में कल भारी बर्फबारी के कारण फंस गये थे।


त्रिशक्ति कोर के जवानों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए फंसे यात्रियों को बचाया। बचाव अभियान अब भी जारी है और पर्यटकों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। उन्हें रहने के लिए उचित स्‍थान, गर्म कपड़े, चिकित्‍सा सहायता और गर्म भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।

सैनिकों ने फंसे यात्रियों को आश्रय उपलब्ध कराने के लिए अपने बैरेक्स खाली कर दिये हैं। पर्यटकों ने सेना द्वारा तुरंत सहायता उपलब्ध कराने के लिए उनका आभार व्यक्त किया। भारतीय सेना हिमालय के अत्यधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में सीमाओं की रक्षा करने के अलावा पर्यटकों और स्थानीय आबादी की  सहायता करने के लिए सदैव सक्रिय रहती है।


Indian Army की आर्टिलरी रेजिमेंट में हुईं शामिल हुई पांच बेटियां

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भारतीय सेना ने महिला अधिकारियों को आर्टिलरी रेजिमेंट में अनुमति देकर महिलाओं की भूमिका का विस्तार किया है। महिला अधिकारियों के पहले बैच को भारतीय सेना की आर्टिलरी रेजिमेंट में शामिल किया गया। चेन्नई के अधिकारी प्रशिक्षण अकादमी (OTA) में सफलतापूर्वक प्रशिक्षण पूरा करने के बाद 5 महिला अधिकारी आज आर्टिलरी रेजिमेंट में शामिल हुईं हैं। आर्टिलरी की रेजिमेंट में कमीशन की जा रही पांच महिला अधिकारियों (डब्ल्यूओ) को उनके पुरुष समकक्षों (19 पुरुष अधिकारियों को भी आर्टिलरी में कमीशन किया जाता है) के समान अवसर और चुनौतियां प्रदान की जा रही हैं।


इन युवा महिला अधिकारियों को सभी प्रकार की आर्टिलरी इकाइयों में तैनात किया जा रहा है, जहां उन्हें चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में रॉकेट, मीडियम, फील्ड और सर्विलांस एंड टारगेट एक्विजिशन (SATA) और उपकरणों को संभालने के लिए पर्याप्त प्रशिक्षण और एक्सपोजर मिलेगा। DG आर्टिलरी आदोष कुमार ने बताया कि रेजीमेंट आर्टिलरी के लिए महिला अधिकारियों का हमारे साथ स्वागत करने का यह एक महत्वपूर्ण अवसर है। हमें उनकी क्षमता पर पूरा भरोसा है और यकीन है कि वे भविष्य में कमांड आर्टिलरी यूनिट सहित अपने संबंधित भविष्य में बहुत अच्छा कार्य करेंगी।

लेफ्टिनेंट रेखा सिंह ने बताया कि मेरे पति के शहीद होने के बाद मैंने आर्मी में शामिल होने का फैसला लिया। आज मेरा प्रशिक्षण पूरा हो गया है और मैं लेफ्टिनेंट बन गई हूं। उन्होंने कहा कि आज मेरे और मेरे परिवार के लिए एक गर्व का क्षण है। मैं अन्य महिला उम्मीदवारों को यही कहना चाहूंगी कि आप स्वयं में विश्वास रखिए और जो करना चाहती हैं उसके लिए कदम उठाइए। लेफ्टिनेंट महक सैन ने कहा कि यह मेरे लिए बहुत गर्व का क्षण है। मुझे पूरा यकीन है कि हम सभी अपनी भूमिकाओं के साथ न्याय करेंगे और संगठन को अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान देंगे।

 

भारतीय सेना की ताकत बढ़ाने हुई बड़ी डील, रक्षा मंत्रालय ने पांच हजार चार सौ करोड रूपये के तीन अनुबंधों पर हस्‍ताक्षर किए

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नई दिल्‍ली । भारत सरकार  डिफेंस को और मजबूत करने के लिए कई तरह के प्लान बना रहा है. अब सरकार ने तीन बड़ी डील की है. रक्षा मंत्रालय (Ministry of Defence) ने तीन बड़ी डील 5,400 करोड़ रुपये में की है. इससे भारत का डिफेंस और मजबूत होगा. 3000 करोड़ रुपये की सबसे बड़ी डील भारतीय आर्मी  के लिए न्यू स्पेस इंडिया लिमिटेड के साथ की है, जिसके तहत एडवांस कम्युनिकेशन सैटेलाइट  तैयार किया जाएगा.


रक्षा मंत्रालय की ओर से दो अन्य बड़ी डील बीईएल के साथ की गई है. 2,400 करोड़ रुपये के इस डील में ऑटोमेटेड एयर डिफेंस कंट्रोल एंड रिपोर्टिंग सिस्टम ‘प्रोजेक्ट आकाशतीर‘ की खरीद की जाएगी. वहीं सरकार के दूसरे काॅट्रैक्ट के तहत भारतीय नौसेना के लिए सांरग इलेक्ट्रिाॅनिक सपोर्ट मेजर सिस्टम की खरीद होगी, जिसके लिए कुल 412 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे.

प्रोजेक्ट आकाशतीर

ऑटोमेटिक एयर डिफेंस कंट्रोल एंड रिपोर्टिंग सिस्टम ‘प्रोजेक्ट आकशतीर‘ भारतीय सेना के वायु यूनिट्स को और मजबूत बनाएगी. साथ आत्मनिर्भर भारत योजना के तहत डिफेंस को और मजबूत बनाएगी. आकाशतीर भारतीय सेना के युद्ध क्षेत्रों पर निम्न स्तर के हवाई क्षेत्र की निगरानी करने में सक्षम होगा और ग्राउंड बेस्ड एयर डिफेंस वेपन सिस्टम को प्रभावी रूप से नियंत्रित करेगा.

सारंग सिस्टम

ये एडवांस इलेक्‍ट्रॉनिक सपोर्ट मेजर सिस्टम भारतीय नेवी के हेलीकाॅप्टर के लिए तैयार किया जा रहा है. ये डिफेंस इलेक्‍ट्रॉनिक रिसर्च लैबोरिटी हैदराबाद समुद्रिका योजना के तहत डेवलप और डिजाइन किया जाएगा. इस योजना के तहत तीन साल में करीब 2 लाख नौकरियां पैदा करेगी. दोनों योजनाएं एमएसएमई समेत भारतीय इलेक्‍ट्रॉनिक्स और संबंधित उद्योग की भागीदारी को प्रोत्साहित करेगा, जो बीईएल के उप विक्रेता है.

सैटेलाइट खरीदने के लिए बड़ी डील

रक्षा मंत्रालय की ओर से एडवांस्ड कम्युनिकेशन सैटेलाइट GSAT 7B खरीदने के लिए 3000 करोड़ रुपये की डील हुई है. ये सैटेलाइट सैनिकों और संरचनाओं के साथ-साथ हथियार और हवाई प्लेटफॉर्मों को सेना की क्षमता को और बढ़ाएगी. इसे इसरो की ओर से तैयार किया जाएगा. इसके तैयार होने से भारतीय अंतरिक्ष उद्योग को बढ़ावा मिलेगा. ये परियोजना 3.5 साल के दौरान करीब 3 लाख रोजगार पैदा करेगी.

छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए अग्निवीर में सेलेक्ट होने का सुनहरा मौका, ऑनलाईन पंजीयन के लिए तीन दिन शेष

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बिलासपुर : अग्निवीर भर्ती रैली में शामिल होकर भारतीय सेना में सेवा देने के लिए युवाओं के लिए सुनहरा मौका है। इसके लिए ऑनलाईन पंजीयन एवं आवेदन करने की अंतिम तिथि 20 मार्च को है। इस संबंध में जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि भर्ती प्रक्रिया के प्रथम चरण में ऑनलाईन कम्प्यूटर आधारित लिखित परीक्षा आयोजित की जाएगी। इसके बाद द्वितीय चरण में भर्ती रैली का आयोजन किया जाएगा। 


इस रैली के माध्यम से अग्निवीर सामान्य डयूटी (ऑल आर्मी), अग्निवीर सामान्य डयूटी (अनुसूचित जनजाति) ऑल आर्मी, अग्निवीर लिपिक (क्लर्क/स्टोर कीपर) (ऑल आर्मी), अग्निवीर टेक्निकल (ऑल आर्मी), अग्निवीर ट्रेडमेन 10वीं उत्तीर्ण (ऑल आर्मी) एवं अग्निवीर ट्रेडमेन 8वीं उत्तीर्ण (ऑल आर्मी) के पदों पर भर्ती की जाएगी। इन पदों के लिए 08वीं, 10वीं एवं 12वीं उत्तीर्ण युवा आवेदन कर सकते हैं। 

अग्निवीर में चयन होने के बाद उन्हें प्रथम वर्ष 30 हजार एवं भत्ता, द्वितीय वर्ष 33 हजार एवं भत्ता, तृतीय वर्ष 36 हजार 500 एवं भत्ता तथा चतुर्थ वर्ष 40 हजार वेतन एवं भत्ता तथा अन्य सुविधाएं दी जाएगी। साथ ही चार वर्ष पश्चात् अग्निवीर को लगभग 10 लाख ब्याज सहित सेवा निधि पैकेज के रूप में दिया जायेगा, जो आयकर छूट योग्य रहेगा। ऐसे अग्निवीर जो 10वीं कक्षा उत्तीर्ण हैं, उन्हें चार साल की सेवा पश्चात् 12वीं कक्षा के समकक्ष प्रमाण पत्र भी प्रदाय किया जायेगा।


कर्नल गीता राणा ने रचा इतिहास, स्वतंत्र फील्ड वर्कशॉप में पहली महिला अधिकारी

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नई दिल्ली । वैसे तो आज भारत में महिलाएं ही देश की संभाल रहीं हैं, यही कारण है कि हर क्षेत्र में भारत का नाम रोशन कर रही है। अब ऐसा ही उदाहरण एक बार फिर देखने को मिला है जहां कर्नल गीता राणा (Colonel Geeta Rana) पूर्वी लद्दाख के अग्रिम मोर्चे पर फील्ड वर्कशॉप (field workshop) को कमांड करने वाली भारतीय सेना (Indian Army) की पहली महिला अधिकारी बन गई हैं। हाल ही में भारतीय सेना ने महिला अधिकारियों को भी कमांडर की भूमिका में लेने की मंजूरी दी है।


साथ ही भारतीय सेना में शामिल बेटियां देश की रक्षा भी बखूबी कर रही है। ऐसी ही एक बेटी कर्नल गीता राणा ने इतिहास रचा है। कर्नल गीता राणा के नाम बड़ी उपलब्धि हुई है। भारतीय सेना के अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी है।अधिकारियों ने बताया कि कर्नल गीता राणा पूर्वी लद्दाख के फॉरर्वड और दूरस्थ इलाके में फील्ड वर्कशॉप की कमान संभालने वाली पहली महिला अधिकारी बन गई हैं। गीता राणा अभी कोर ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड मैकेनिकल इंजीनियर्स में कर्नल हैं।


भारतीय सेना ने संशोधित भर्ती प्रक्रिया के तहत अधिसूचना जारी की

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भारतीय सेना ने जूनियर कमीशंड अधिकारी / अन्य रैंक / अग्निवीर के लिए भर्ती प्रक्रिया में संशोधन की घोषणा की है। संशोधित भर्ती प्रक्रिया के अनुसार भर्ती रैली से पहले कंप्यूटर आधारित ऑनलाइन कॉमन एंट्रेंस एग्जाम (सीईई) आयोजित किया जाएगा।


ज्वाइन इंडियन आर्मी की वेबसाइट (www.joinindianarmy.nic.in ) पर पंजीकरण के लिए अधिसूचना अपलोड कर दी गई है। आवेदनों के लिए ऑनलाइन पंजीकरण अब 16 फरवरी 2023 से 15 मार्च 2023 तक खुले हैं, जहां उम्मीदवार अपनी आयु, शैक्षिक योग्यता, शारीरिक मानदंड और अन्य योग्यता आवश्यकताओं (क्यूआर) के अनुसार आवेदन कर सकते हैं।

भर्ती तीन चरणों में की जाएगी।

पहले चरण में www.joinindianarmy.nic.in वेबसाइट पर ऑनलाइन पंजीकरण और आवेदन करने वाले सभी उम्मीदवारों को कंप्यूटर आधारित ऑनलाइन सामान्य प्रवेश परीक्षा (सीईई) से गुजरना होगा।

दूसरे चरण में शॉर्टलिस्ट किए गए उम्मीदवारों को संबंधित सेना भर्ती कार्यालय (एआरओ) द्वारा तय किए गए स्थान पर भर्ती रैली के लिए बुलाया जाएगा, जहां वे शारीरिक स्वास्थ्य परीक्षण और शारीरिक मापन परीक्षण से गुजरेंगे।

तीसरे और आखिरी चरण में, चयनित उम्मीदवारों को मेडिकल टेस्ट से गुजरना होगा।

कंप्यूटर आधारित ऑनलाइन कॉमन एंट्रेंस एग्जाम (सीईई) 17 अप्रैल 2023 से 30 अप्रैल 2023 के बीच पूरे भारत में लगभग 175 -180 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित करने की योजना है। ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा के लिए ‘रजिस्टर कैसे करें’ और ‘कैसे अप्लाई करें’ पर शैक्षिक वीडियो ज्वाइन इंडियन आर्मी की वेबसाइट www.joinindianarmy.nic.in और यूट्यूब परअपलोड कर दी गई है।

ऑनलाइन सामान्य प्रवेश परीक्षा (ऑनलाइन सीईई) के लिए शुल्क 500/- रुपये प्रति उम्मीदवार है जिसका 50 प्रतिशत हिस्सा भारतीय सेना द्वारा वहन किया जाएगा। उम्मीदवारों को आवेदन के ऑनलाइन पंजीकरण के दौरान 250/- रुपये का भुगतान करना होगा। वे ऑनलाइन कॉमन एंट्रेंस एग्जाम (ऑनलाइन सीईई) में शामिल होने के लिए स्थानों के पांच विकल्प भी दे सकते हैं।

बदली हुई प्रक्रिया भर्ती के दौरान उन्नत संज्ञानात्मक पहलुओं पर ध्यान केंद्रित करेगी और इसके परिणामस्वरूप पूरे देश में व्यापक और बेहतर पहुंच होगी। यह भर्ती रैलियों में एकत्रित होने वाली बड़ी भीड़ को भी कम करेगा और चिकित्सा परीक्षा के लिए जाने वाले उम्मीदवारों की संख्या को कम करने के अलावा उनके आयोजन में प्रशासनिक प्रतिबद्धताओं को कम करेगा। इससे प्रक्रिया अधिक सुव्यवस्थित, लागू करने में आसान और वर्तमान तकनीक को ध्यान में रखते हुए बेहतर होगी।

भारतीय सेना के लिए 41 मॉड्यूलर ब्रिज खरीदे जायेंगे, रक्षा मंत्रालय ने दी मंजूरी

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मॉड्यूलर ब्रिज मैन्युअल रूप से लॉन्च किए गए मध्यम गर्डर ब्रिज की जगह लेंगे


डीआरडीओ ने लार्सन एंड टुब्रो को उत्पादन एजेंसी के रूप में नामित किया

नई दिल्ली : रक्षा मंत्रालय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 'आत्मनिर्भर भारत दृष्टिकोण के तहत रक्षा उपकरणों के स्वदेशीकरण को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयासरत है। इसी क्रम में मंत्रालय ने भारतीय सेना के कोर ऑफ इंजीनियर्स के लिए मॉड्यूलर पुलों के 41 सेट के स्वदेशी निर्माण के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान कर दी है। इन बहुउपयोगी एवं परिवर्तनकारी पुलों को रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) द्वारा डिजाइन तथा विकसित किया गया है। मॉड्यूलर पुलों को लार्सन एंड टुब्रो (एलएंडटी) द्वारा डीआरडीओ-नामित उत्पादन एजेंसी के रूप में तैयार किया जाएगा। मॉड्यूलर ब्रिज की खरीद के लिए 08 फरवरी, 2023 को एलएंडटी के साथ 2,585 करोड़ रुपये से अधिक की अनुमानित लागत पर अनुबंध पर हस्ताक्षर किए गए।

मॉड्यूलर ब्रिज के प्रत्येक सेट में 8x8 हैवी मोबिलिटी व्हीकल पर आधारित सात कैरियर व्हीकल और 10x10 हेवी मोबिलिटी व्हीकल पर लगने वाले दो लॉन्चर व्हीकल शामिल होंगे। प्रत्येक सेट यांत्रिक रूप से एकल मेहराब में पूरी तरह से 46-मीटर असॉल्ट ब्रिज को स्थाई आकार प्रदान करने में सक्षम होगा। पुल को त्वरित लॉन्चिंग और पुनर्प्राप्ति क्षमताओं के साथ नहरों एवं खाइयों जैसी विभिन्न प्रकार की बाधाओं पर काबू पाने के लिए स्थापित किया जा सकता है। यह अत्यधिक सचल है, बहुमुखी है और पहिएदार तथा किसी भी तरह की परिस्थितियों में इस्तेमाल करने में सक्षम है। मॉड्यूलर ब्रिज ट्रैक किए गए यंत्रीकृत वाहनों के साथ तालमेल रखने में सक्षम है।

मॉड्यूलर ब्रिज मैन्युअल रूप से लॉन्च किए गए मध्यम गर्डर ब्रिज (एमजीबी) का स्थान लेंगे, जो वर्तमान में भारतीय सेना में उपयोग किए जा रहे हैं। एमजीबी की तुलना में स्वदेशी रूप से डिजाइन एवं निर्मित मॉड्यूलर ब्रिज के कई फायदे होंगे जैसे कि इनके बढ़े हुए मेहराब, निर्माण के लिए कम समय और रिट्रीवल क्षमता के साथ मैकेनिकल लॉन्चिंग। इन पुलों की खरीद से पश्चिमी मोर्चे पर भारतीय सेना की ब्रिजिंग क्षमता को काफी बढ़ावा मिलेगा। यह परियोजना विश्व स्तरीय सैन्य उपकरणों के डिजाइन एवं विकास में भारत की प्रगति को प्रदर्शित करेगी और मित्र देशों को रक्षा निर्यात बढ़ाने का मार्ग प्रशस्त करेगी।

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