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Bank Holiday In June : इस महीने 12 दिन बैंकों में नहीं होगा काम काज, देखें लिस्ट

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नई दिल्ली । जून महीने की शुरुआत हो चुकी है और अगर आपको भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा चलन से बाहर किए गए 2000 रुपये के नोटों को बदलवाने के अलावा अन्य जरूरी बैंकिंग कार्य हों, तो बैंकिंग अवकाश लिस्ट देखकर ही घर से निकलें. कहीं ऐसा न हो कि आप बैंक में पहुंचें और वहां ताला लटका मिले. आरबीआई के मुताबिक, जून महीने में कुल 12 दिन बैंकों में काम-काज नहीं होगा. इन बैंक हॉलिडे में दूसरे व चौथे शनिवार और रविवार का साप्ताहिक अवकाश भी शामिल है।


नोटों की अदला-बदली पर ब्रेक

बीते 19 मई 2023 को रिजर्व बैंक ने 2,000 रुपये के गुलाबी नोटों को सर्कुलेशन से बाहर करने का ऐलान किया था. देश के बैंकों में इन्हें बदलने की प्रक्रिया 23 मई से शुरू हो चुकी है और 30 सितंबर तक ये जारी रहेगी. इस बीच अगर आप इस महीने अपने पास मौजूद इन नोटों को बदलने की तैयारी कर रहे हैं, तो फिर घर से निकलने से पहले एक बार बैंकिंग हॉलिडे लिस्ट चेक करना आपके लिए बेहद जरूरी है. जून में पड़ रही 12 दिन की छुट्टियों में बैंकों में कोई काम नहीं होगा, इसमें नोटों को बदलना भी शामिल है।

12 हॉलिडे में छह साप्ताहिक अवकाश

आरबीआई द्वारा वेबसाइट पर अपडेट की गई लिस्ट को देखें तो, साप्ताहिक अवकाशों के अलावा विभिन्न आयोजनों के चले छह दिन बैंकों में छुट्टी रहेगी. लिस्ट के मुताबिक 4, 10,11,18,24 और 25 जून को रविवार और दूसरे व चौथे शनिवार के चलते बैंक बंद रहेंगे. इसके अलावा देश के अलग-अलग राज्यों में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों और त्योहारों के मद्देनजर बैंकों में कोई काम-काज नहीं होगा. इन आयोजनों में ओडिशा में रथ यात्रा, बकरीद समेत अन्य शामिल हैं।

जून 2023 में इन तारीखों पर बैंक बंद

तारीख दिन कारण स्थान
4 जून रविवार साप्ताहिक अवकाश सभी जगह
10 जून दूसरा शनिवार अवकाश सभी जगह
11 जून रविवार साप्ताहिक अवकाश सभी जगह
15 जून गुरुवार राजा संक्रांति, YMA Day भुनेश्वर/ऐजवाल
18 जून रविवार साप्ताहिक अवकाश सभी जगह
20 जून मंगलवार रथ यात्रा भुवनेश्वर/इंफाल
24 जून चौथा शनिवार अवकाश सभी जगह
25 जून रविवार साप्ताहिक अवकाश सभी जगह
26 जून सोमवार खर्ची पूजा अगरतला
28 जून बुधवार बकरी ईद बेलापुर,जम्मू,कोच्चि,मुंबई,नागपुर,श्रीनगर
29 जून गुरुवार बकरी ईद सभी जगह
30 जून शुक्रवार रीमा ईद उल अजहा ऐजवाल/भुवनेश्वर

घर बैठे निपटाएं कई जरूरी काम

डिजिटलीकरण के दौर में आजकल ज्यादातर बैंकिंग से जुड़े काम ऑनलाइन हो जाते हैं, लेकिन इसके बावजूद ऐसे तमाम काम हैं जिनके लिए आपको बैंक ब्रांच में जाना पड़ता है. बैंकों द्वारा मुहैया कराई जाने वाली ऑनलाइन सुविधाएं 24 घंटे चालू रहती हैं और पैसों के लेन-देन से लेकन अन्य ऐसे काम जिनके लिए बैंक ब्रांच में जाना जरूरी न हो, आप घर बैठे ही निपटा सकते हैं।

यहां चेक करें बैंक हॉलिडे लिस्ट

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) विभिन्न राज्यों और आयोजनों के आधार पर अपनी Bank Holiday लिस्ट तैयार करती है और इसे अपनी बेवसाइट पर अपडेट करती है. आप अपने मोबाइल पर इस लिंक https://www.rbi.org.in/Scripts/HolidayMatrixDisplay.aspx पर क्लिक करके भी महीने के हर बैंक हॉलिडे के बारे में जान सकते हैं।

बैंक खोज-खोज कर लौटाएंगे लोगों के पैसे, शुरू हो रहा 100 दिनों का स्पेशल अभियान - आरबीआई का आदेश

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नई दिल्ली । बैंकों  में बिना दावे वाली पड़ी अरबों रुपये की रकम के मालिकों को खोजने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक  अब 100 दिन का अभियान चलाएगा। इस अभियान को 100 डेज-100 पेज (100 Days – 100 Pages) नाम दिया गया है। इस अभियान के तहत हर बैंक 100 दिनों के अंदर देश के हर जिले में शीर्ष 100 बिना दावे वाले जमाकर्ताओं को खोजेगा और उसका भुगतान करेगा।


आरबीआई के आदेश पर सभी बैंक एक जून से इस अभियान की शुरुआत करेंगे। नियम के मुताबिक, जिस भी बचत या चालू खाता को 10 साल तक नहीं चलाया जाता है, या कोई टर्म जमा का खाता है जिसमें 10 साल तक कोई दावा नहीं करता है, ऐसे खातों में पड़ी रकम को लावारिस या बिना दावे वाली रकम माना जाता है। बैंक इन ग्राहकों से संपर्क करने की कोशिश भी करते हैं। इसके बावजूद अगर कोई दावेदार नहीं मिलता तो यह एक विशेष खाते में चली जाती है।

वित्त मंत्री सीतारमण ने दिया था निर्देश

हाल ही में एक बैठक के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण  ने इस बिना दावे के रकम को लेकर नियामकों से कहा था कि वे बैंकिंग शेयर, डिविडेंड, म्यूचुअल फंड या इंश्योरेंस के रूप में जहां भी बिना दावे वाली रकम पड़ी है, उसके निपटारे के लिए विशेष अभियान संचालित करें। आर्थिक मामलों के सचिव अजय सेठ का कहना है कि ऐसे मामलों में जहां नामित व्यक्ति की जानकारी नहीं है, वहां निर्धारित प्रक्रिया के तहत कदम आगे बढ़ाए जाएंगे।

सरकारी बैंकों में करीब 35,000 करोड़ रुपये की रकम ऐसी है जिस पर किसी ने अपना दावा नहीं किया है। सरकारी बैंकों ने इस पैसे को रिजर्व बैंक को ट्रांसफर कर दिया है। इसमें भारतीय स्टेट बैंक यानी एसबीआई में 8,086 करोड़ रुपये के लावारिस हैं। इसके बाद पंजाब नेशनल बैंक में 5,340 करोड़ रुपये, केनरा बैंक में 4,558 करोड़ रुपये और बैंक ऑफ बड़ौदा में 3,904 करोड़ रुपये हैं।

एलआईसी के पास भी 21 हजार करोड़ से ज्यादा

भारतीय रिजर्व बैंक के मुताबिक, तमिलनाडु, पंजाब, गुजरात, महाराष्ट्र, बंगाल, कर्नाटक, बिहार, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के बैंकों में बिना दावे वाली रकम सबसे ज्यादा है। वहीं, जीवन बीमा कंपनियों में 31 मार्च, 2021 तक 22,043 करोड़ रुपये और गैर जीवन बीमा कंपनियों के पास 1,241.81 करोड़ रुपये बिना दावे के पड़े हैं। एलआईसी के पास ही अकेले 21,538.93 करोड़ रुपये की ऐसी जमा रकम है।

 

भ्रमित कर बैंक में जमा ग्राहक की राशि को म्यूचुअल फंड और 04 पॉलिसी में लगा दिया, ग्राहक पहुंचा जनदर्शन

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दुर्ग। पैतृक जमीन बेचकर कुछ पैसे इकट्ठा किये ताकि जरूरत के समय बुढ़ापे का सहारा बन सके। लेकिन जिस बैंक की शाखा में आवेदक ने पैसे जमा कराये, उस बैंक शाखा के अधिकारी ने बिना अनुमति के भ्रम में रखकर आवेदक को गुमराह किया। आवेदक का कहना था कि अपने पैसों की सुरक्षा के लिए वो बैंक को सबसे ज्यादा कारगार समझता था। परंतु इस घटना से उसके विश्वास में कमी आई। यह मामला चंदखुरी शाखा के एक्सिस बैंक का है जिसमें आवेदक के कथनानुसार उसकी जानकारी के बिना उसके जमा राशि से बैंक के कर्मचारी द्वारा कमीशन व टारगेट पूरा करने के लिए खिलवाड़ किया गया।



आवेदक ने बताया कि कुछ वर्ष पूर्व उसके द्वारा उसकी पैतृक संपत्ति का विक्रय किया गया था जिससे प्राप्त राशि में से 22 लाख रूपए उसने एक्सिस बैंक में जमा किए थे। आवेदक ने आगे बताया कि वह आज के नवीनतम टेक्नोलाजी से ज्यादा परिचित नहीं है उसके मोबाइल में बैंक से राशि कटने से संबंधित एसएमएस तो आते थे परंतु उसका ध्यान उस ओर नहीं गया था। एक दिन अचानक आवेदक को बड़े राशि की आवश्यकता पड़ी। बैंक पहुंचने पर उसे पता चला कि उसके पैसे म्यूचुअल फंड और विभिन्न पॉलिसी में लगा दिए गए हैं।

म्यूचुअल फंड में लगभग 06 लाख 50 हजार रूपए और 04 पॉलिसी पर लगभग 12 लाख 50 हजार रूपए की राशि बैंक द्वारा भ्रमित कर लगा दी है। इसकी शिकायत उन्होंने बैंक के शिकायत शाखा में भी की, परंतु उन्हें कोई सकारात्मक व संतोषजनक परिणाम नहीं मिला। आज आवेदक की स्थिति यह है कि विषम परिस्थिति के लिए उसकी खुद की जमा पूंजी बैंक में फंस गई है। म्यूचुअल फंड व पॉलिसी भुनाने की स्थिति में 01 लाख रूपए प्रति पॉलिसी व फंड में घाटे के सामना करना पड़ेगा। इसलिए म्यूचुअल फंड व पॉलिसी को निश्चित तिथि तक रखने के लिए वह बाध्य है।

उसका कहना है कि बैंक के अधिकारी के द्वारा किए गए इस स्कैम से उसे मानसिक क्षति का भी सामना करना पड़ रहा है। इसलिए कलेक्टर से आवेदक का विशेष अनुरोध है कि एक्सिस बैंक के उस संबंधित कर्मचारी पर उचित कार्यवाही के साथ-साथ उसकी राशि उसे वापस दिलाई जाए। कलेक्टर ने मामले का संज्ञान लेते हुए इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई के लिए लीड बैंक ऑफिसर को निर्देशित किया।

बुलेट गाड़ी में साइलेंसर से पटाखे की आवाज निकालवाने वाले चालक हो जाएं सजग 

यातायात के नियमों का उल्लंघन करने वालों के लिए भी जनदर्शन में आवेदन आया था। जिसमें हाईपॉवर वाले लाईट, हॉर्न, साइलेंसर एवं नियमानुरूप नंबर प्लेट पर गाड़ी क्रमांक अंकित न करने वाले वाहन मालिक पर कार्रवाई करने के लिए आवेदक द्वारा आवेदन प्रस्तुत किया गया था। आवेदक ने बुलेट गाड़ी का विशेष जिक्र किया था। जिसमें असामाजिक तत्वों के द्वारा पटाखे की तरह आवाज करने वाला साइलेंसर लगाया जाता है। उसका कथन था कि इस प्रकार के साइलेंसर से हृदयरोगी और गर्भवती महिलाओं को नुकासान पहुंच सकता है और ऐसे चालक सामान्यतः बी.एस.पी. स्कूल भिलाई के पास सड़क नंबर 18 में उत्पाद करते देखने को भी मिलते हैं। इसलिए कलेक्टर से आवेदक ने निवेदन किया कि बुलेट व अन्य गाड़ियां जिनमें नियम का उल्लंघन किया जाता है उन पर कार्रवाई कराई जाए। 

कलेक्टर ने मामले का संज्ञान लेते हुए पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक पल्लव को आवेदन प्रेषित किया और संबंधित क्षेत्र के अधिकारी को नियमों का उल्लंघन करने वाले ऐसे उपद्रवी तत्वों को रोकने के लिए समय-समय पर पेट्रोलिंग कराने के निर्देश भी दिए ताकि इस प्रकार की गतिविधियों में कमी लाई जा सके। इसके अलावा जनदर्शन में चिटफंड कंपनियों से संबंधित मामले भी आ रहे हैं। जिस पर कलेक्टर द्वारा गंभीरता पूर्वक संज्ञान लिया जा रहा है और इससे संबंधित मामलों को चिटफंड कार्रवाई के लिए बनाई गई शाखा में प्रेषित किया जा रहा है। जिसमें जो चिटफंड कंपनियां सूची में शामिल नहीं है उनके नाम को दर्ज कराकर आवेदकों को शीघ्र राहत प्रदान की जाने की दिशा में कार्य करने का प्रयास जिला प्रशासन द्वारा किया जा रहा है। जनदर्शन में आज 89 आवेदन प्राप्त हुए।

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