Media24Media.com: #FIR Fraud

Responsive Ad Slot


 

Showing posts with label #FIR Fraud. Show all posts
Showing posts with label #FIR Fraud. Show all posts

FIR : क्राइम पेट्रोल स्टाइल में धोखाधड़ी, युवती ने दर्ज कराई एफआईआर, पिता-पुत्र गिरफ्तार

No comments Document Thumbnail

आनंदराम पत्रकारश्री

महासमुन्द। ओडिशा के समीपवर्ती क्षेत्र सराईपाली-बसना के लिए एक कहावत प्रचलित है- "सराईपाली-बसना, देख-ताक के फसना"। महासमुन्द जिले के इस दूरवर्ती क्षेत्र में धोखाधड़ी की घटनाएं बहुतायात होती है। इस बार एक ऐसी कहानी प्रकाश में आई है, जो टीवी चैनल में प्रसारित होने वाली 'क्राइम पेट्रोल' को मात देने वाली है। खुद को बैंक में लेखाधिकारी बताकर विवाह किया। शादी के बाद नौकरी से बर्खास्त होने की मनगढ़ंत कहानी रची। डीएसपी बनने का झांसा दिया और साला-ससुर से लाखों रुपये ठग लिया। 

पुलिस गिरफ्त में आरोपित पिता-पुत्र
कहा जाता है-झूठ की उम्र लम्बी नहीं होती है। जब राज खुला तो युवती और दो महीने के मासूम बच्चे को घर से निकाल दिया। पीड़ित युवती की रिपोर्ट पर बसना पुलिस ने भादवि की धारा 420, 467, 468, 506, 34 के तहत अपराध दर्ज कर आरोपी पिता-पुत्र को गिरफ्तार कर लिया है।

यह है एफआईआर में

पीड़ित युवती ने लिखित शिकायत में बताया है कि वह ग्राम बंसुला (थाना बसना, जिला महासमुंद) की रहने वाली  है। भारत साव पिता घासीराम साव निवासी ग्राम जोगीडीपा (सरायपाली) से 28 जून 2021 को सामाजिक रीति रिवाज से शादी हुई। हम दोनो का 02 माह का एक बच्चा है । मुझे मेरे पति भारत साव एवं ससूर घांसीराम साव द्वारा झूठी सरकारी नौकरी (अकाउंट आफिसर जिला सहकारी बैंक अभनपुर मे पदस्थ) होने की जानकारी देकर धोखाधडी कर विवाह किया। कुछ दिन बाद नौकरी से हटा देने का हवाला देकर पुलिस विभाग मे डी.एस.पी. के पद पर चयन हो जाने का झांसा दिया। डीएसपी ट्रेनिंग किए जाने का दस्तावेज दिखाकर मेरे पिता एवं भाई से 10,60,000/- (दस लाख साठ हजार रूपये ) एवं मेरे पिता की मोटर सायकल को मांग कर ले गया और  बेच दिया। दहेज मे दिए सामान को भी गबन कर दिया।  राशि वापस मांगे जाने पर मुझे , मेरे पिता और भाई को जान से मारने की धमकी देता है । साथ ही चारित्रिक लांछन लगाकर ससुराल से भगा दिये हैं। 
 
 अपने पिता की एक मात्र पुत्री है पीड़ित युवती

 पुलिस के अनुसार पीड़ित महिला, अपने पिता की एक मात्र पुत्री है। वह डिग्री गर्ल्स कालेज रायपुर से बी. ए., पी. जी. डी. सी. ए. कर वर्ष 2017-18 से रायपुर के हुन्डई कार के शो रूम में कस्टमर केयर मैनेजर की नौकरी कर रही थी। आरोपित उसके रिश्तेदार हैं तथा पूर्व से परिचित होने के कारण उनको जानते थे । वर्ष 2020 में भारत ने युवती के  घर आना-जाना प्रारंभ किया। युवती के पिता को मामा एवं माता को मामी कहकर घर घूमने आना प्रारंभ कर दिया। उसके भाई से मित्रता कर लिया और परिवार मे यह चर्चा करना प्रारंभ कर दिया कि मैं रायपुर के अभनपुर में असिस्टेंट अकाउंट ऑफिसर  के पद पर जिला सहकारी बैंक मे पदस्थ हूं।  विवाह करना चाहता हूं। अपने आप को अच्छे बड़े किसान घर का तथा नौकरी वाला बताकर मेरे घर में परिवार के सदस्यों से अच्छा व्यवहार कर अपने आप को अच्छा लड़का बताकर मेरे परिवार में अपनी अच्छी छवि बना लिया।  वर्ष 2020-21 मे उसके पिता हमारे घर आकर मेरे पिता एवं माता एवं भाई से अपने पुत्र जो कि अभनपुर में शासकीय नौकरी करता है, हवाला देकर मेरे से अपने पुत्र से विवाह किए जाने हेतु रिश्ते की मांग किया। मेरे पिता और माता जो कि ज्यादा पढ़े लिखे नहीं हैं, मेरा भाई भी 10 वीं फेल है उनको यह विश्वास दिलाकर कि वह मुझे विवाह के बाद प्रसन्न रखेगा मुझसे रिश्ते की बात स्वीकार करवा लिया। उसके पश्चात वह धीरे-धीरे मेरा होने वाला पति का हवाला देकर मेरे पास रायपुर में आकर मुझसे मिलना जुलना प्रारंभ कर दिया । 

ऐसे फंसाया युवती को अपनी जाल में


युवती को यह विश्वास दिलाया कि मैं अभनपुर में सरकारी नौकरी करता हूं।   यह सोचकर कि ये हमारे पूर्व से रिश्तेदार हैं,  हमसे झूठ नही बोलेंगे उस रिश्ते को स्वीकार कर लिया। वह कई बार मेरा रिश्ता स्वीकार हो जाने के पश्चात मुझे अपने प्रभाव में लेने के लिए छोटा छोटा गिफ्ट देकर एवं मुझे रायपुर में अपने साथ तथा मेरे स्टाफ के समक्ष मेरा होने वाला पति का हवाला देकर मेरे सभी परिचितों से परिचय कर लिया।  उसने 28/06/2021 को मुझसे अपने आप को सहायक अकाउंट आफिसर जिला सहकारी बैंक अभनपुर बताकर विवाह कर लिया। विवाह करने के पश्चात वह मुझसे कहा कि अभी कुछ दिन तुम अपने ससूराल ग्राम जोगीडीपा (सरायपाली) में ही रहो।  मैं तुम्हे अभनपुर में फैमिली क्वाटर मिल जाने के पश्चात लेकर जाउंगा, ऐसा कहकर वह मुझे कभी अपने कार्यस्थल अभनपुर लेकर ही नहीं गया। उस बीच में विवाह के दो माह बाद में   दाम्पत्य जीवन के निर्वाह के फलस्वरूप गर्भवती हो गई। अभी तुम गर्भवती हो, तुम सफर नहीं कर सकती हो, अभी तुमको वहां नही ले जा सकते, कहकर  टालते रहे।  कुछ दिन बाद बैंक की नौकरी छूट जाने की कहानी गढ़ दी।


फिर एक नई कहानी गढ़कर धोखाधड़ी

युवती को बताया गया कि वर्ष 2016-17 में उसके द्वारा उसके पी. एस. सी. की परीक्षा दिया गया था।  जिसमें वह पास हो गया है । जिसमे उसे डी. एस. पी. (पुलिस) के पद पर चयन कर लिया गया है और उसे ज्वाइनिंग के लिए 15,00,000/- (पंद्रह लाख रूपये) रूपये उच्च अधिकारियों को देना है।  ऐसा कहकर उसने मुझे और मेरे पिता एवं भाईयों को यह विश्वास में ले लिया कि वास्तविक में उसकी डी. एस. पी. की पद पर नियुक्ति हो गई है। अगर उसे राशि हम उधार के रूप में दे देते हैं, वह हमारा दामाद है तो उसकी बेटी का भविष्य उज्जवल हो जाएगा कहकर मेरे पिता को अपनी कृषि भूमि जो ग्राम बंसुला में है उसे ग्राम बंसुला के शोभाराम साव के पास गिरवी रखकर दो लाख रूपये एवं ग्राम बंसुला के विद्याधर साव के पास 1 एकड़ जमीन गिरवी रखकर 3 लाख रूपये, अपने घर में रखे हुए नकद 3 लाख रूपये को उसके एक्सिस बैंक सरायपाली के खाते में तथा अपने द्वारा दिए गए दहेज की मोटर सायकल को ग्राम बसना निवासी राकेश गुप्ता के पास 50,000/- रूपये में गिरवी रखकर तथा मेरा पी एफ राशि जो हुन्डई शो रूम मे मेरा जमा था उसे भी मेरे विवाह होने के पूर्व आवश्यकता है बोलकर मुझसे निकलवाकर ले गया तथा मेरे अन्य परिचितों जिनसे मेरा कार्य करने के दौरान पूर्व से लेनदेन था उनसे भी अपने अकाउंट में राशि मंगाकर पुलिस विभाग मे डी. एस. पी. पद पर चयन हो जाने के संबंध में पूर्ण विश्वास दिलाने के लिए अपना फर्जी नियुक्ति पर जिसमें उसे 65,500/- रूपये के पद पर 35 वर्षों के लिए नियुक्त किया गया है जिसमें उसने महासमुंद कलेक्टर, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत महासमुंद, अनुविभागीय अधिकारी महासमुंद का फर्जी कूटरचित हस्ताक्षर एवं सील मुहर लगा हुआ फोटो एवं कूटरचित डिप्टी सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस का अपना लगा हुआ फोटो एवं भारत सरकार का कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग का फर्जी आई डी कार्ड भेजकर हमको यह पूर्ण विश्वास मे ले लिया कि वास्तविक में उसकी नियुक्ति उक्त पद पर हो गई है। उक्त विश्वास मे मेरे पिता एवं भाई द्वारा अपनी सम्पूर्ण जिन्दगी की आय से खरीदी हुई भूमि को ब्याज मे गिरवी रखकर  नौकरी लग जाने के पश्चात उक्त रकम को वे वापस कर देगें, अपने दहेज में दिए गए सोना चांदी को भी आरोपियों को सौंप दी।

ऐसे रची फरेब की एक नई कहानी

 भारत ने पीड़िता से कहा कि उसके परिवार वाले उसे नौकरी करने नहीं दे रहे हैं।  वह नौकरी करना चाहता है। उसे ट्रेनिंग के पश्चात गरियाबंद में नियुक्ति मिल गई है। जिसमें वह गरियाबंद ड्यूटी करने जा रहा है, कहकर युवती के परिवार वालों को स्वयं को घर को बिना जानकारी दिए उसके घर से रायपुर ले जाने के लिए निवेदन किया। उसे  मेरे पिता की कार सेलेरियो को देकर उसे गरियाबंद भेज दिए। गरियाबंद जाने के पश्चात दो दिन तक उसका फोन बंद रहा। दो दिन बाद मेरे द्वारा थाना गरियाबंद मे अपने अन्य मित्रों से नंबर प्राप्त कर फोन कर यह पता किया कि भारत वहां ड्यूटी कर रहा है क्या? तब मुझे पहली बार जानकारी मिली की वहां पर  किसी प्रकार की कोई नौकरी नहीं करता है। उसके पश्चात भी भारत ने फोन में युवती के पिता को गरियाबंद में पुलिस मुठभेठ की झूठी कहानी बताई। अपनी नियुक्ति की झूठी कहानी सुना रहा था, जिसे युवती ने अपने फोन में टेप कर लिया।  दो दिन पश्चात भारत सेलिरियो कार को लेकर मेरे पिता के कहने पर वापस आया।  तब वह बसना के बायपास रोड मे बिना शर्ट पहने गाड़ी सहित पूरा भीगी हुई अवस्था में पहुंचकर फोन इस बाबत किया कि कुछ लोगो द्वारा उसे मारपीट कर पानी मे डूबो दिया गया था।  उससे  नियुक्ति में रिजाइन करा दिया गया है, कहकर झूठी जानकारी दी। तब युवती और उसके परिवार को यह विश्वास हो गया कि धोखाधड़ी कर विवाह कर लिया गया है तथा उसे झूठा नियुक्ति पत्र दिखाकर 10,60,000/- रूपये (दस लाख साठ हजार रूपये) ठग लिया गया है। युवती के पिता द्वारा एक होण्डा साइन मोटर सायकल CG06GQ8537 जो भारत को चलाने के लिए दिया गया था,  उसे भी वह बेच दिया है। इसकी जानकारी होने पर उनको दी गई 10,60,000/- रूपये ( दस लाख साठ हजार रूपये) वापस मागने पर मुझे एवं मेरे पूरे परिवार को दहेज के रूप में 5,00,000/- (पांच लाख रूपये) और मांग किया गया। जिसे मेरे एवं मेरे परिवार द्वारा मना किए जाने पर मुझे मेरे बच्चे समेत घर से निकाल दिया । 

पहले भी कर चुके हैं धोखाधड़ी !

युवती ने रिपोर्ट में बताया है कि मेरे द्वारा उसके संबंध में पतासाजी किए जाने पर मुझे यह जानकारी हुई कि भारत का पूर्व में भी एक लड़की से रिश्ता तय कर इस प्रकार की ठगी कर चुका है। वह अपने कई रिश्तेदारो को धोखाधड़ी कर चुका है। मामले में मुझे जानकारी होने के बाद मेरे साथ धोखाधड़ी कर मेरा जीवन बर्बाद कर दिए जाने के कारण आत्महत्या कर लेने का विचार आया। तब न्याय की लड़ाई में कदम बढ़ाई । धोखाधड़ी कर कूटरचित दस्तावेज तैयार करने, उसे झूठी जानकारी देकर विवाह करने, उसके दहेज में दिए हुए सामान को दुर्विनियोग किए जाने का मामला दर्ज करने एवं वैधानिक कार्यवाही किए जाने पुलिस में 10 अगस्त को एफआईआर दर्ज कराई है। 

मामले की जानकारी मिलते ही अपराध नियंत्रण के प्रति संवेदनशील युवा पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने बसना थाना प्रभारी कुमारी चंद्राकर को त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करने निर्देशित किया। इस पर आरोपित पिता-पुत्र को तत्काल गिरफ्तार कर न्यायालय से जेल भेज दिया गया है। 
Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.