Media24Media.com: विदेशी उत्पादों को नकारें, स्वदेशी अपनाएं - अरुण साव

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विदेशी उत्पादों को नकारें, स्वदेशी अपनाएं - अरुण साव

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रायपुर। उप मुख्यमंत्री अरुण साव आज दुर्ग में स्वदेशी सुरक्षा एवं स्वावलंबन अभियान कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने इस दौरान पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। साव ने कार्यक्रम में कोका-कोला, पेप्सी जैसी विदेशी पेय सामग्रियों को प्रतीकात्मक रूप से नाली में बहाकर विदेशी वस्तुओं के बहिष्कार का आह्वान किया।

उप मुख्यमंत्री साव ने कार्यक्रम में कहा कि यह अभियान देश के आत्मसम्मान, आत्मनिर्भरता और सांस्कृतिक पहचान को जागृत करने का माध्यम है। भारत को विश्व गुरु और सोने की चिड़िया हमारे संस्कारों और स्वभाव के कारण कहा जाता है। स्वदेशी केवल उत्पादों का चयन नहीं, बल्कि हमारी आत्मा से जुड़ा विषय है। हम हजारों वर्षों से दुनिया को शिक्षा, आयुर्वेद, विज्ञान और संस्कृति देते आए हैं। यही हमारे संस्कार हैं। उन्होंने ‘सर्वे भवन्तु सुखिनः’ के विचार की महत्ता बताते हुए कहा कि आज भी दुनिया को यदि कोई देश अपना परिवार मानता है, तो वह केवल भारत है।

उप मुख्यमंत्री ने ऑपरेशन सिंदूर की सफलता का उल्लेख करते हुए कहा कि यह भारत की शक्ति और सामर्थ्य का प्रमाण है। आज भारत आत्मनिर्भर बन रहा है और पूरी दुनिया भारत की ओर देख रही है। उन्होंने जापान का उदाहरण देते हुए कहा कि यदि वहां का हर नागरिक आत्मसम्मान के साथ खड़ा हो सकता है, तो भारत जैसे विशाल देश को भी स्वदेशी अपनाकर आत्मनिर्भर बनना चाहिए। 

साव ने कहा कि जब हमारे सैनिक सीमा पर माइनस डिग्री तापमान में देश की रक्षा कर रहे हैं, तो हमें भी अपने घरों में विदेशी वस्तुओं को प्रवेश न देकर देश की आंतरिक सुरक्षा में योगदान देना चाहिए। हमारे खान-पान, रहन-सहन पर विदेशी वस्तुओं ने मानसिक आक्रमण कर दिया है, जिसे हमें पहचानने की आवश्यकता है। उन्होंने दीपावली पर स्थानीय कुम्हारों के बनाए दीयों और गणेश की मूर्तियों को प्राथमिकता देने की अपील की और कहा कि स्थानीय कलाकारों से खरीदी गई वस्तुएं न केवल हमारी संस्कृति को जीवित रखेंगी, बल्कि उनके परिवारों का भरण-पोषण भी करेंगी।

उप मुख्यमंत्री साव ने महात्मा गांधी के स्वदेशी आंदोलन की भूमिका को याद किया और कहा कि स्वतंत्रता संग्राम में स्वदेशी आंदोलन की बड़ी भूमिका रही। आज भी यही भावना देश को सशक्त, सुरक्षित और आत्मनिर्भर बना सकती है। तन स्वदेशी, मन स्वदेशी, संस्कार स्वदेशी इन्हीं विचारों के साथ आगे बढ़ने को कहा। कार्यक्रम में विधायक ललित चंद्राकर, पूर्व मंत्री श्रीमती रमशीला साहू, जितेन्द्र वर्मा, सुरेन्द्र कौशिक, दिनेश पटेल और स्वदेशी सुरक्षा स्वावलंबन के संयोजक जगदीप पटेल सहित व्यापारीगण, स्थानीय जनप्रतिनिधि व नगरवासी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।


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