Media24Media.com: मानसून में मौसमी बीमारियों से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग की सतर्कता, 264 ओ.आर.टी. कॉर्नर स्थापित

Responsive Ad Slot

Latest

latest


 

मानसून में मौसमी बीमारियों से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग की सतर्कता, 264 ओ.आर.टी. कॉर्नर स्थापित

Document Thumbnail

 महासमुन्द :आगामी मानसून सीजन को ध्यान में रखते हुए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. पी. कुदेशिया ने सभी खण्ड चिकित्सा अधिकारियों को संभावित मौसमी बीमारियों एवं आपदा प्रबंधन के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। साथ ही आम नागरिकों से अपील की गई है कि वे सतर्कता एवं सावधानी बरतें ताकि उल्टी-दस्त, मलेरिया, पीलिया व अन्य संक्रामक रोगों से सुरक्षित रहा जा सके।


समय पर रोकथाम नहीं होने की स्थिति में ये बीमारियाँ गंभीर रूप ले सकती हैं। जिले के सभी शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में मितानिनों (सामुदायिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता)और स्वास्थ्य विभाग की टीमें लगातार मौसमी बीमारियों की रोकथाम हेतु जनजागरूकता और उपचार संबंधी कार्यों में लगी हुई हैं।

स्वास्थ्य विभाग द्वारा जनसामान्य के लिए मौसमी बीमारी से बचाव के लिए सुझाव एवं सावधानियाँ बताई गई है जिसमें खाद्य एवं पेय पदार्थों को ढँक कर रखें। बासी, सड़े-गले फल या भोजन का सेवन न करें, ताजा भोजन ही ग्रहण करें। दस्त होने पर ओ.आर.एस. (जीवन रक्षक घोल) का नियमित सेवन करें। पीने के लिए पानी को उबालकर या क्लोरीन की गोली डालकर उपयोग करें। भोजन से पहले और शौच के बाद साबुन से हाथ अवश्य धोएँ और स्वास्थ्य संबंधी किसी भी प्रारंभिक लक्षण पर 104 आरोग्य सेवा केंद्र या निकटतम स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें।

दस्त या डिहाइड्रेशन जैसी समस्याओं की स्थिति में घरेलू उपचार के रूप में नारियल पानी, नमकीन लस्सी, नींबू पानी (शिकंजी), चावल का मांड, हल्की चाय और दाल का पानी जैसे तरल पदार्थों का सेवन शरीर में पानी की कमी को दूर करने में सहायक होता है। ये तरल पदार्थ न केवल शरीर को हाइड्रेट रखते हैं, बल्कि आवश्यक इलेक्ट्रोलाइट्स की पूर्ति में भी मदद करते हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने जिले में कुल 264 ओ.आर.टी. कॉर्नर की स्थापना की है, जिसमें 227 उप स्वास्थ्य केंद्र, 30 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, 05 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, 01 अर्बन पीएचसी, 01 शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय शामिल हैं। इन सभी स्वास्थ्य संस्थानों में शुद्ध पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है।

मितानिनों की दवा पेटियों में ओ.आर.एस., जिंक, पेरासिटामोल जैसी आवश्यक दवाइयाँ पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध कराई गई हैं। जिले में वर्तमान में 65,102 ओ.आर.एस. पैकेट एवं 1,64,300 जिंक टैबलेट्स की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। स्वास्थ्य विभाग महासमुन्द द्वारा सभी नागरिकों से अपील की गई है कि मानसून के दौरान स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें, स्वास्थ्य से जुड़ी किसी भी समस्या में तुरंत निकटतम स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें एवं सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाएँ।

Advertisement Sushasan Divas Advertisement Mohan Chandrakar Chhattisgarh Tourism Chhattisgarh Tourism
Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.