Media24Media.com: Arson in Indore

Responsive Ad Slot


 

Showing posts with label Arson in Indore. Show all posts
Showing posts with label Arson in Indore. Show all posts

एकतरफा प्यार ने छीनी 7 लोगों की जिंदगी, जानिए क्या है पूरा मामला

No comments Document Thumbnail

MP के इंदौर जिले में स्वर्ण बाग कॉलोनी स्थित दो मंजिला इमारत में आग लगने से 7 लोगों की मौत हो गई। इस मामले में नया मोड़ सामने आया है। ये आग एक युवक ने लगाई थी, जो पूरी बिल्डिंग में फैल गई। ये चौंकाने वाला खुलासा मकान मालिक के घर के पास लगे CCTV फुटेज से हुआ है। फुटेज में आरोपी वाहन में आग लगाता दिख रहा है। जानकारी के मुताबिक जिस युवक ने आग लगाई वह बिल्डिंग में रहने वाली युवती से एकतरफा प्यार करता था। युवती से उसकी कहासुनी हुई थी। इसके बाद आरोपी ने उसी युवती के स्कूटी में आग लगाने की साजिश रची। यही आग पूरी बिल्डिंग में फैल गई। 

इंदौर पुलिस कमिश्नर हरिनारायण चारी मिश्र ने बताया कि आग लगाने वाले आरोपी का नाम संजय उर्फ शुभम दीक्षित है, जो कि झांसी का रहने वाला है। आरोपी सालभर पहले ही इंदौर आया था और 6 महीने पहले तक इसी बिल्डिंग में किराएदार के रूप में रहा था। पुलिस ने बताया कि ये मामला एकतरफा प्रेम संबंध का है। आरोपी इसी बिल्डिंग में रहने वाली एक युवती से प्यार करता है। युवती की शादी कहीं और तय हो गई थी, लेकिन वो उसी से शादी करना चाहता था। इसी बात को लेकर दोनों में विवाद हुआ था। युवती से भी पूछताछ की गई है। वह फिलहाल खतरे से बाहर है।

गिरफ्तार आरोपी

7 जिंदगी फूंकने वाला सिरफिरा गिरफ्तार

पुलिस के मुताबिक आरोपी और युवती के बीच 10 हजार रुपए समेत अन्य मामलों में विवाद भी हुआ था। इसके बाद संजय ने 6 महीने पहले घर छोड़ दिया था। उसने इंदौर में कई जगहों पर नौकरी की है, जिसे पुलिस ने लोहा मंडी इलाके से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस से बचने के चक्कर में उसके हाथ-पैर भी टूट गए, जिसके बाद पुलिस उसे घायल हालत में देर रात एमवाय अस्पताल लेकर पहुंची। आरोपी पर 30 हजार रुपए का इनाम घोषित था। पुलिस के मुताबिक संजय के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया जाएगा। उससे पूछताछ में और भी खुलासे होंगे। पुलिस ने क्षेत्र से तीन घरों के CCTV फुटेज और DVR बरामद किए हैं।

इस अग्निकांड में 7 लोगों की मौत हो गई। मृतकों में 2 महिलाएं और 5 पुरुष है। कुछ जिंदा जले और कुछ का दम घुट गया। ये बिल्डिंग घनी आबादी के बीच है। लोगों को भागने की जगह नहीं मिली तो गैलरी से कूदकर जान बचाई। इन्हें चोटें आई हैं और अस्पताल में भर्ती कराया गया है। ईश्वर सिंह सिसोदिया और नीतू सिसोदिया दोनों पति-पत्नी की मौत हो गई। दोनों ग्राउंड फ्लोर पर रहते थे। 

9 लोगों की बचाई गई जान

पुलिस के मुताबिक बचाव दल ने 9 लोगों को इस अग्निकांड से रेस्क्यू भी किया है। 12 लोगों को अस्पताल ले जाया गया था। इनमें से 7 की मौत हो चुकी है। रहवासियों का कहना है कि फायर ब्रिगेड को तीन-चार बार कॉल किए। इसके बावजूद फायर ब्रिगेड करीब एक घंटे बाद पहुंची। आसपास के रहवासियों ने कुछ लोगों को रस्सी के सहारे बिल्डिंग से नीचे उतारा।

मृतकों में ईश्वर सिंह सिसौदिया (उम्र 45), नीतू सिसौदिया (उम्र 45), आशीष (उम्र 30), गौरव (उम्र 38) और आकांक्षा अग्रवाल (उम्र 25) शामिल हैं। देवास की रहने वाली आकांक्षा ने 15 दिन पहले ही अपना जन्मदिन मनाया था। जश्न के फोटो सोशल मीडिया पर भी शेयर किए थे। आकांक्षा के माता-पिता नहीं हैं। वह यहां लिव इन में रह रही थी। मरने वालों में 40 और 45 साल के दो लोगों की पहचान नहीं हो पाई है। मृतकों में एक दंपती भी शामिल हैं। ईश्वर सिंह सिसोदिया और नीतू की दम घुटने से मौत हुई है। 

घटना को लेकर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दुख जताया है। साथ ही मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपए की सहायता देने की घोषणा की है। विजय नगर TI तहजीब काजी ने बताया कि घटना के वक्त बिल्डिंग में 15-16 लोग थे। बताया गया कि बिल्डिंग के मालिक के मोहल्ले में 4 मकान हैं, जो किराए से दिए हैं। लोग कह रहे हैं कि कहीं भी सेफ्टी नहीं है। उसके खुद के मकान पर तो मोबाइल कंपनी का टावर लगा है।

विदिशा का रहने वाला विनोद इंदौर में अपने भाई के साथ रहकर काम करता था। अग्निकांड में विनोद बुरी तरह जल गया। विनोद के भाई का अभी तक कोई पता नहीं है। एमवाय अस्पताल में भर्ती घायल विनोद ने बताया कि पूरी बिल्डिंग में आग फैल चुकी थी। मेरा भाई भी यहीं रहता है, लेकिन आग की घटना के बाद से वो लापता है। हमने भागने की कोशिश की, लेकिन आग से घिर गए। मेरे बदन पर एक कपड़ा तक नहीं बचा था। मेरी बाइक, मोबाइल, रुपए और पूरा सामान जल गया।

चश्मदीद एहसान पटेल ने बताया कि रात तीन बजे के करीब हमें शोर सुनाई दिया। बाहर देखा तो बिल्डिंग में आग लगी हुई थी। हमने बाल्टियों से पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया। इस बिल्डिंग में मेरा भाई रहता है। बिल्डिंग में कुछ छात्र और अन्य परिवार भी रहते थे। उनकी भी मौत हो गई। उनका घर यहीं पास में बन रहा है, इसलिए वे दो-तीन महीने से इधर शिफ्ट हो गए थे। फायर ब्रिगेडकर्मी ने बताया कि रात करीब तीन बजे आग की सूचना मिली। जब तक आग पर काबू पाया गया, तब तक कई लोगों की मौत हो चुकी थी।

अग्निकांड वाली बिल्डिंग में रहने वाली एक महिला ने बताया कि हालात बहुत भयानक थे। आग का पता चला तो डायल 100 और फायर ब्रिगेड को तीन-चार बार कॉल किए। इसके बावजूद फायर ब्रिगेड करीब एक घंटे बाद फायर पहुंची। विकराल रूप ले चुकी आग पर हम रहवासियों ने जैसे-तैसे काबू पाया। आग बुझी तो देखा लोगों की जलने से मौत हो गई थी। फायर ब्रिगेड समय पर आती तो शायद इनकी जान बच जाती। कुछ लोग दम घुटने के कारण मर चुके थे। कई लोगों ने बिल्डिंग की गैलरी से कूदकर जान बचाई। इनमें से 5 बुरी तरह घायल हैं।

अग्निकांड में गाड़ियां और सामान जलकर खाक हो चुका है। लाखों रुपए के नुकसान की आशंका जाहिर की जा रही है। बिल्डिंग में 10 फ्लैट हैं। यहां 13 टू व्हीलर और एक फोर व्हीलर गाड़ी जली है। कलेक्टर मनीष सिंह ने एमवाय हॉस्पिटल जाकर घायलों को देखा। कलेक्टर ने की 7 लोगों के मौत की पुष्टि की है। कलेक्टर बोले कॉलोनी अवैध है। अवैध निर्माण की जांच होगी। घायलों को भी मुआवजा दिया जाएगा। घायलों से मिलने जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट भी अस्पताल पहुंचे, जहां उन्होंने घायलों का हाल-चाल जाना।

Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.