Media24Media.com: साय कैबिनेट की बैठक

Responsive Ad Slot


 

Showing posts with label साय कैबिनेट की बैठक. Show all posts
Showing posts with label साय कैबिनेट की बैठक. Show all posts

आज होगी साय कैबिनेट की बैठक, महत्वपूर्ण फैसलों पर लग सकती है मुहर

No comments Document Thumbnail

 रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज 2 दिसम्बर को मंत्रिपरिषद की बैठक आहूत की गई है। यह बैठक अपरान्ह 03 बजे से नया रायपुर महानदी मंत्रालय भवन में होगी।


इसके पहले 26 नवम्बर को बैठक हुई। मीटिंग में कई बड़े प्रस्तावों पर सरकार ने मुहर लगाई। बैठक के संबंध में जानकारी देते हुए डिप्‍टी सीएम अरुण सवा ने बताया कि मंत्रिपरिषद द्वारा सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत पात्र हितग्राहियों को वितरण हेतु नागरिक आपूर्ति निगम को आवश्यक चना उपार्जन, NeML ई-ऑक्शन प्लेटफॉर्म के माध्यम से किए जाने की अनुमति दी गई।

मंत्रिपरिषद ने विशुद्ध रूप से राजनीतिक आंदोलनों से संबंधित प्रकरणों को जनहित में न्यायालय से वापस लिये जाने के संबंध में गठित मंत्रिपरिषद की उप समिति द्वारा अनुशंसित 54 प्रकरणों को न्यायालय से वापस लिए जाने हेतु आगामी कार्यवाही किए जाने का अनुमोदन किया।

खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 में राज्य में मक्का फसल तथा प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान अंतर्गत दलहन-तिलहन और रबी विपणन मौसम 2025-26 में चना, मसूर एवं सरसों के उपार्जन हेतु नेफेड एवं एनसीसीएफ को प्रोक्योरमेंट एजेंसी नियुक्त करने का निर्णय लिया गया।

छत्तीसगढ़ राज्य के किसानों को नवीन उन्नत किस्म के बीजों की उपलब्धता उचित मूल्य पर सुनिश्चित करने के लिए मंत्रिपरिषद ने आज महत्वपूर्ण फैसला लिया। इसके तहत भारत सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओं में इम्पैनल्ड सेंट्रल नोडल सीड एजेंसी से आवश्यकतानुसार सीधे बीज क्रय किया जा सकेगा। इसके लिए छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम को छत्तीसगढ़ राज्य भंडार क्रय नियम 2002 के नियम 4 में छूट देने का निर्णय लिया गया।

मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य जल विद्युत परियोजना (पम्प स्टोरेज आधारित) स्थापना नीति 2023 में परियोजना विकासकर्ता को वाणिज्यिक उत्पादन प्रारंभ करने की तिथि से प्रथम पांच वर्षों के लिए प्रति वर्ष 01 लाख रूपए प्रति मेगावाट की दर से लिए जाने वाले हरित ऊर्जा विकास शुल्क को समाप्त करने का निर्णय लिया गया। हरित ऊर्जा शुल्क में प्रत्येक पांच साल के बाद 25 प्रतिशत की वृद्धि का भी प्रावधान था, इसे भी समाप्त कर दिया गया है। इससे राज्य में जल विद्युत परियोजनाओं एवं ग्रीन एनर्जी के उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा।

मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य में हाउसिंग एण्ड अर्बन डेवलपमेंट कार्पाेरेशन लिमिटेड (हुडको) से आवास, नगरीय विकास एवं अन्य क्षेत्रों में सहायता प्राप्त करने हेतु समझौता ज्ञापन (MoU) के प्रारूप का अनुमोदन किया गया। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ राज्य को हुडको द्वारा आगामी 5 वर्षो में एक लाख करोड़ रूपए तक की वित्तीय सहायता, परामर्श, क्षमता विकास सेवाएं प्रदान करने का प्रस्ताव दिया गया है।छत्तीसगढ़ पर्यटन

मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मण्डल अब तक तथा भविष्य में प्राप्त होने वाली भूमि को आवासीय प्रयोजन में व्यपवर्तित करने पर राज्य शासन द्वारा लागू व्यपवर्तन शुल्क प्रीमियम, अर्थदण्ड एवं भू-राजस्व के पुनः निर्धारण से छूट प्रदान करने का निर्णय लिया गया। इससे हाउसिंग बोर्ड के मकान क्रेताओं को लाभ होगा।


मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मण्डल द्वारा फ्री-होल्ड किए गए आवासीय भूखण्डों के लिए व्यपवर्तन शुल्क एवं अर्थदण्ड से छूट प्रदान करने का निर्णय लिया गया।

CG NEWS : PHE विभाग में 181 पदों पर भर्ती का रास्ता साफ, वित्त विभाग से मिली मंजूरी

No comments Document Thumbnail

 रायपुर । छत्तीसगढ़ में शुक्रवार को हुई साय कैबिनेट की बैठक में कई अहम फैसले लिए गए हैं। इसमें PHE डिपार्टमेंट में इंजीनियर्स सहित 181 पदों पर भर्ती का रास्ता साफ हो गया है। वहीं प्रदेश के 5 विकास प्राधिकरणों के पुनर्गठन के आदेश को भी हरी झंडी मिली है।


इस संशोधन से पांचों प्राधिकरणों में जनप्रतिनिधित्व का दायरा बढ़ेगा। हर प्राधिकरण के अध्यक्ष मुख्यमंत्री होंगे। साथ ही दो मंत्रियों की जगह पूरा मंत्रिमंडल इसमें शामिल होगा। साथ ही प्राधिकरण क्षेत्र के राज्यसभा, लोकसभा के सांसद और जिला पंचायत अध्यक्ष को सदस्य के रूप में शामिल किया गया है।

181 पदों पर भर्ती

वित्त विभाग ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग में इंजीनियर्स सहित बाकी पदों पर भर्ती को मंजूरी दे दी है। इस फैसले से 181 रिक्त पदों पर भर्ती का रास्ता साफ हो गया है। नई भर्ती से विभाग के कामकाज की गुणवत्ता में सुधार के साथ-साथ पेयजल व्यवस्था बेहतर की जाएगी।

इन पदों पर भर्ती को मंजूरी

पीएचई विभाग में उप अभियंता, अनुरेखक, सहायक ग्रेड-3 सहित बाकी खाली पदों को भरने के प्रस्ताव को वित्त विभाग से स्वीकृति मिली है।

उप अभियंता (सिविल) के 118
उप अभियंता (विद्युत/यांत्रिकी) के 10
अनुरेखक के 37
सहायक ग्रेड-3 के 02
केमिस्ट के 12
वाहन चालक के 2 पद शामिल हैं।
बनेगी शहरी विकास नीति

कैबिनेट के फैसले के मुताबिक, सरकार शहरी विकास नीति तैयार करेगी। इससे शहरों के विकास और राज्य की विकास योजनाओं को लागू करने का काम होगा। इसके दिशा-निर्देश जारी करने के लिए आवास एवं पर्यावरण विभाग को जिम्मा दिया गया है।

इस स्कीम से अतिक्रमण, अवैध निर्माण पर रोक लगाने का काम हाेगा। शहरी आबादी को सुविधाएं देने और उनकी समस्या दूर करने के काम होंगे। नगर विकास योजना में आवासीय, कॉमर्शियल और इंडस्ट्रियल यूज लैंड को लेकर नियम जारी होंगे।

 

साय कैबिनेट की बैठक खत्म, ये फैसले लिये गये

No comments Document Thumbnail

 रायपुर : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां उनके निवास कार्यालय में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में गुरूघासीदास-तमोर पिंगला टायगर रिजर्व गठित करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया।


मंत्रिपरिषद द्वारा राज्य वन्यजीव बोर्ड की बैठक की अनुशंसा और भारत सरकार के वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के राष्ट्रीय व्याघ्र संरक्षण प्राधिकरण की सहमति के अनुसार मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, कोरिया, सूरजपुर एवं बलरामपुर जिलों में स्थित गुरूघासीदास राष्ट्रीय उद्यान तथा तमोर पिंगला अभ्यारण्य के क्षेत्रों को सम्मिलित करते हुए 2829.387 वर्ग कि.मी. क्षेत्रफल में गुरूघासीदास-तमोर पिंगला टायगर रिजर्व अधिसूचित करने का निर्णय लिया गया है। इसके गठन की आगे की कार्यवाही हेतु वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग को अधिकृत किया गया है। 

टायगर रिजर्व के गठन से राज्य में ईको-पर्यटन का विकास होगा साथ ही कोर एवं बफर क्षेत्र में स्थित ग्रामीणों के लिए गाईड, पर्यटक वाहन, रिसार्ट संचालन के साथ ही विभिन्न प्रकार के रोजगार सृजित होंगे। टायगर रिजर्व में कार्य करने के लिए राष्ट्रीय प्रोजेक्ट टायगर ऑथोरिटी से अतिरिक्त बजट प्राप्त होगा जिससे क्षेत्र के गांवों में आजीविका विकास के नए-नए कार्य किए जा सकेंगे। 


Sai Cabinet Meeting : साय कैबिनेट की बैठक खत्म, पांच प्राधिकरणों के पुनर्गठन को कैबिनेट की मंजूरी

No comments Document Thumbnail

 Sai Cabinet Meeting: बस्तर, सरगुजा, मध्य क्षेत्र आदिवासी विकास, अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण तथा छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण एवं अन्य पिछड़ा वर्ग विकास प्राधिकरणों के पुनर्गठन का निर्णय लिया गया। इसका उद्देश्य पांचों प्राधिकरणों की कार्य प्रणाली को प्रभावी एवं सशक्त बनाने के साथ ही उन क्षेत्रों में जनसुविधा के कामों को गति प्रदान करना है।


इन पांचों प्राधिकरणों की कमान अब सीधे मुख्यमंत्री के जिम्मे होगी। स्थानीय विधायकों में से एक विधायक को इसका उपाध्यक्ष मनोनीत किया जाएगा। क्षेत्रीय विधायक इन प्राधिकरणों के सदस्य होंगे। मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव अथवा सचिव इन पांचों प्राधिकरणों के सदस्य सचिव होंगे।

उल्लेखनीय है कि वर्ष 2004-05 में बस्तर, सरगुजा एवं अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण का गठन तत्कालीन सरकार द्वारा किया गया था। तत्पश्चात् वर्ष 2012 में छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण एवं अन्य पिछडावर्ग क्षेत्र विकास प्राधिकरण का गठन किया गया। इन प्राधिकरणों के अध्यक्ष मुख्यमंत्री हुआ करते थे। प्राधिकरणों के गठन के पश्चात् अनुसूचित जनजाति क्षेत्रों, अनुसूचित जाति बाहुल्य ग्रामों, मजरा-टोला, पारा-मोहल्लों, वार्डों तथा ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी आवश्यकताओं के अनेक महत्वपूर्ण कार्य कराए गए थे। वर्ष 2019 में तत्कालीन सरकार द्वारा इन प्राधिकरणों के कार्य संचालन की प्रक्रिया में अमूल-चूल परिवर्तन कर दिया गया, जिसके चलते प्राधिकरणों का न सिर्फ महत्व कम हो गया, बल्कि इनके कार्याें में पारदर्शिता मॉनिटरिंग का अभाव होने के साथ ही शासन स्तर पर कोई प्रभावी नियंत्रण नहीं रहा। उक्त स्थितियों को दृष्टिगत रखते हुए कैबिनेट ने पांचों प्राधिकरणों के पुनर्गठन एवं निधि नियम के प्रस्ताव का अनुमोदन किया है।

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के दौरान 23 फरवरी, 2024 को पारित अशासकीय संकल्प के तहत प्रदेश के जितने भी मैदानी क्षेत्र हैं, उन क्षेत्रों में भी जहाँ अनुसूचित जनजातियों की 25 प्रतिशत से अधिक बहुलता है, उन क्षेत्रों के गांवों एवं ब्लाकों को मध्य क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण के क्षेत्रों में शामिल किया गया है।

प्राधिकरण अपना कार्य स्थानीय जनप्रतिनिधियों से सुझाव प्राप्त कर, मतैक्य से माननीय मुख्यमंत्री जी के विजन के अनुरूप करेंगे। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में प्राधिकरण सामाजिक, आर्थिक एवं सर्वागीण विकास पर अपना ध्यान केन्द्रित करेगा। प्राधिकरण को सशक्त, पारदर्शी एवं प्रभावशाली बनाया जाएगा। वर्तमान में प्राधिकरण के माध्यम से होने वाले विकास कार्यों के लिए बस्तर, सरगुजा, मध्य क्षेत्र, अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण के लिए 50-50 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है तथा ग्रामीण एवं अन्य पिछडावर्ग क्षेत्र विकास प्राधिकरण के लिए 80 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।

 कैबिनेट द्वारा उच्च शिक्षा विभाग में अतिथि व्याख्याता नीति-2024 का अनुमोदन किया गया।

 सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत चना वितरण हेतु निर्गम मूल्य (Issue Price) पर चना क्रय करने के संबंध में कैबिनेट द्वारा निर्णय लिया गया कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत अनुसूचित क्षेत्र एवं मॉडा क्षेत्र में अन्त्योदय एवं प्राथमिकता वाले परिवारों को चना वितरण हेतु भारत सरकार द्वारा निर्धारित निर्गम मूल्य तथा नागरिक आपूर्ति निगम को प्राप्त रॉ चना की मिलिंग एवं परिवहन दर को जोड़कर प्राप्त कुल दर पर चना खरीदा जाएगा।

 मुख्यमंत्री के स्वेच्छानुदान मद से 14 हजार 369 व्यक्तियों एवं संस्थाओं को 19 करोड़ 37 लाख 93 हजार रूपए की स्वीकृत राशि का कार्योत्तर अनुमोदन मंत्रिपरिषद द्वारा प्रदान किया गया। 

 कैबिनेट द्वारा विदेशी मदिरा के थोक विक्रय एवं भंडारण हेतु वर्तमान में प्रचलित एफएल 10 ए बी अनुज्ञप्प्ति की व्यवस्था को समाप्त करते हुए सीधे विनिर्माता इकाईयों से विदेशी मदिरा का थोक क्रय किए जाने का अनुमोदन किया गया। यहां यह उल्लेखनीय है कि विदेशी मदिरा का क्रय इससे पहले लायसेंसियों द्वारा किया जाता था। सरकार ने इस व्यवस्था को समाप्त करने के साथ ही विदेशी मदिरा क्रय करने की जिम्मेदारी अब छत्तीसगढ़ बेवरेज कार्पोरेशन को दे दी है। 

CG Cabinet Meeting : साय कैबिनेट की बैठक कल, लिए जा सकते है कुछ महत्वपूर्ण फैसले

No comments Document Thumbnail

 CG Cabinet Meeting :  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक 19 जून बुधवार को अपराह्न 3:00 बजे महानदी भवन, मंत्रालय में आयोजित होगी।


 छत्तीसगढ़ में आचार संहिता खत्म होने के बाद कैबिनेट की ये पहली बैठक होगी। बैठक में कई बड़े फैसले लिये जाने की उम्मीद है।

CM Sai Cabinet Meeting : कल होगी साय कैबिनेट की बैठक, कई विषयों पर लिया जा सकता है फैसला

No comments Document Thumbnail

 CM Sai Cabinet Meeting : छत्तीसगढ़ में कल शाम 5 बजे मंत्रालय में साय कैबिनेट की बैठक होने वाली है। कयास लगाया जा रहा है कि इस बैठक में न्याय योजना समेत कई महत्वपूर्ण विषयों पर फैसला लिया जा सकता है।


पिछली बैठक हुई थी 4 को

आपको बता दे इससे पहले 4 जनवरी को बैठक हुई थी। इस बैठक में सीजीपीएससी परीक्षा की cbi से जांच कराने का निर्णय हुआ था। 10 जनवरी को बैठक की अभी अधिकृत सूचना जारी नही की गई है।


Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.