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जिले में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने में एचडब्लूसी खोरपा अग्रणी प्राइवेट अस्पतालों जैसी मिलती है सेवा - लाभार्थी

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रायपुर। जिले में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने में हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर खोरपा अपनी अग्रणी भूमिका निभा रहा है। सुरक्षित प्रसव के मामले वर्ष 2019-20 में जहां 204 प्रसव हुए वहीं कोविड संक्रमण काल के वर्ष 2020-21 में भी 163 संस्थागत प्रसव करवा कर अपनी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी को निभाया है।रात को 11:30 बजे जब बिमला अपनी बहू योगेश्वरी को लेकर हेल्थ एंड वैलनेस सेंटर खोरपा पहुंची तो उन्हें विश्वास भी नहीं हुआ कि उनकी बहू को शासकीय चिकित्सालय में संस्थागत प्रसव की सुविधा मिलेगी। वह कहती है: "ऐसी सुविधाएं तो प्राइवेट अस्पतालों में ही मिलती हैं। अब तो ऐसी सुविधाये शासकीय चिकित्सालय में भी मिलने लगी है।"



वहीं चमेली भट्ट का कहना है, "रात को 11 बजे मैं अपनी बहू को लेकर पहुंची। तो मुझे इतनी अच्छी सुविधाएं मिली कि विश्वास ही नहीं हुआ। पूरी टीम ने बेहतर कार्य किया। स्टाफ नर्स प्रीति गहिरवारे ने जानकारी दी कि घबराने की कोई बात नहीं है, सारी सुविधाएं यही मिलेंगी आप इंतज़ार करिए। कुछ देर बाद उसने जानकारी दी कि लक्ष्मी को बेटी हुई है, व मां और बेटी दोनों स्वस्थ है।" प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोरपा  की प्रभारी डॉ. शारदा प्रसाद साहू ने बताया: "संस्थागत प्रसव में जिले में बेहतर सुविधाएं प्रदान करने में सेंटर का सातवां स्थान है बीते सात माह में सेंटर में  85 संस्थागत प्रसव हैं।

वहीं बीते सात माह में सेंटर से 5604 लोगों ने स्वास्थ्य सेवा ली है, अप्रैल में 683, मई में 760, जून में 711, जुलाई में 875, अगस्त में 799, सितंबर में 967, वहीं बीते माह अक्टूबर में 809, लोगों ओपीडी (बाहृय रोगी विभाग) में आए। आईपीडी (आंतरिक रोगी विभाग) में कुल 342 लोगों ने सेवा ली, अप्रैल में 34, मई में 57, जून में 40, जुलाई में 49, अगस्त में 38, सितंबर में 48, वहीं बीते माह अक्टूबर में 76, लोगों ने सेवाएं प्राप्त की।"



वहीं सेंटर ने संस्थागत प्रसव में जिले में अपना अलग स्थान बनाया है, अप्रैल माह में 11, मई में 7, जून में 18, जुलाई में 13, अगस्त में 11, सितंबर में 15, एवं अक्टूबर में 10 संस्थागत प्रसव हुए। आरएमए डीएस नेताम ने बताया: "सेंटर पर प्रसव उपरांत जिस वार्ड  में शिफ्ट किया जाता है वह मच्छर दानी युक्त है एवं डिलीवरी रूम में एसी की सुविधा है। बॉथरूम मे मरीजों के लिए गर्म पानी की सुविधा के लिए सोलर हीटर लगाये गए है। पीने के पानी के लिए आरओ की व्यवस्था भी अस्पताल परिसर में है, साथ ही साफ सफाई का विशेष ध्यान रखा जाता है, अस्पताल प्रबंधन द्वारा नियमित अंतराल से जच्चा और बच्चा की देखरेख की जाती है।"

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