Media24Media.com: #RTE

Responsive Ad Slot


 

Showing posts with label #RTE. Show all posts
Showing posts with label #RTE. Show all posts

RTE में बड़ा बदलाव: निजी स्कूलों में अब कक्षा 1 से ही मिलेगा प्रवेश, एंट्री क्लास समाप्त

No comments Document Thumbnail

 रायपुर। प्रदेश में निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम (RTE) के तहत निजी स्कूलों में बच्चों का प्रवेश अब केवल कक्षा पहली से किया जाएगा। यह नई व्यवस्था आगामी शिक्षा सत्र से लागू होगी। अब तक बीपीएल वर्ग के बच्चों को नर्सरी या केजी-1 जैसी एंट्री क्लास में प्रवेश दिया जाता था, जिसे शिक्षा विभाग ने समाप्त कर दिया है।


लोक शिक्षण संचालनालय ने RTE की धारा 12(1)(ग) के प्रावधानों के तहत निजी स्कूलों में केवल कक्षा पहली में प्रवेश देने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा था, जिसे राज्य शासन ने स्वीकृति प्रदान कर दी है। इसके साथ ही नर्सरी और केजी-1 में RTE के तहत होने वाला प्रवेश खत्म हो गया है।

दरअसल, RTE लागू होने के शुरुआती वर्षों में बच्चों का प्रवेश कक्षा पहली से ही होता था। बाद में निजी स्कूलों की मांग और शैक्षणिक समस्याओं को देखते हुए राज्य शासन ने एंट्री क्लास में प्रवेश की व्यवस्था शुरू की थी। अब एक बार फिर नियमों में बदलाव कर दिया गया है। उल्लेखनीय है कि RTE के तहत प्रवेशित बच्चों की फीस की प्रतिपूर्ति राज्य शासन द्वारा निजी स्कूलों को की जाती है।

एसोसिएशन का विरोध

छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन ने इस फैसले का कड़ा विरोध किया है। एसोसिएशन के अध्यक्ष राजीव गुप्ता ने कहा कि RTE में एंट्री क्लास में प्रवेश का प्रावधान है और अधिकांश निजी स्कूलों में पढ़ाई की शुरुआत नर्सरी या केजी-1 से होती है।

उन्होंने आशंका जताई कि सीधे कक्षा पहली में प्रवेश देने से बीपीएल वर्ग के बच्चों पर मानसिक दबाव बढ़ेगा, वे पढ़ाई में पिछड़ सकते हैं और ड्रॉपआउट की संभावना भी बढ़ेगी। उनका आरोप है कि नर्सरी और केजी-1 की फीस बचाने के उद्देश्य से यह नियम बदला गया है, जिसका खामियाजा बच्चों को भुगतना पड़ेगा।

2011 से फीस में कोई बढ़ोतरी नहीं

आरटीई के तहत निजी स्कूलों को दी जाने वाली फीस में वर्ष 2011 से अब तक कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है। वर्तमान में


  • कक्षा 1 से 5 तक: ₹7,000 प्रति छात्र प्रति वर्ष + ₹540 यूनिफॉर्म
  • कक्षा 6 से 8 तक: ₹11,500 प्रति छात्र प्रति वर्ष + ₹1,000 यूनिफॉर्म
  • कक्षा 9 से 12 तक: ₹15,000 प्रति छात्र प्रति वर्ष + ₹1,000 यूनिफॉर्म


प्राइवेट स्कूल संचालक लंबे समय से फीस बढ़ाने की मांग करते आ रहे हैं, लेकिन अब तक शासन की ओर से कोई संशोधन नहीं किया गया है।

Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.