Media24Media.com: #LakhpatiDidi

Responsive Ad Slot


 

Showing posts with label #LakhpatiDidi. Show all posts
Showing posts with label #LakhpatiDidi. Show all posts

केंद्रीय ग्रामीण विकास और कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ‘नई चेतना 4.0’ महिला सशक्तिकरण अभियान का किया शुभारंभ

No comments Document Thumbnail

केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज नई दिल्ली के सुषमा स्वराज भवन में ‘नई चेतना 4.0’ — लिंग समानता और महिला सशक्तिकरण पर राष्ट्रीय अभियान का शुभारंभ किया। इस अवसर पर केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी, ग्रामीण विकास और संचार राज्य मंत्री डॉ. चंद्रशेखर पेम्मासानी, तथा ग्रामीण विकास राज्य मंत्री कमलेश पासवान भी उपस्थित रहे।

मुख्य बातें:

  • शिवराज सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री के दृष्टिकोण को दोहराया कि कोई बहन गरीबी में न रहे, कोई महिला आँसुओं के साथ जीवन न जीए, और हर बहन “लाखपति दीदी” बनकर आत्मसम्मान, आत्मविश्वास और समृद्धि प्राप्त करे। उन्होंने बताया कि दो करोड़ से अधिक SHG महिलाओं ने पहले ही लाखपति दीदी बनने की यात्रा पूरी कर ली है।

  • लॉन्च के अवसर पर 11 मंत्रालयों/विभागों का अंतर-मंत्रालयीय संयुक्त मार्गदर्शन (Joint Advisory) भी जारी किया गया। इसमें महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग, गृह मंत्रालय, पंचायती राज मंत्रालय, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय, युवा मामले एवं खेल मंत्रालय, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, लघु, सूक्ष्म और मध्यम उद्यम मंत्रालय, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, तथा न्याय विभाग शामिल हैं। इसका उद्देश्य लिंग आधारित भेदभाव और हिंसा को समाप्त करना है।

महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने इस अवसर पर बताया कि तीन मंत्रालयों — महिला एवं बाल विकास, कानून और न्याय, और ग्रामीण विकास — के बीच अंतर-मंत्रालयीय MoU के तहत Violence-Free Village Initiative के तहत मॉडल गांव विकसित किए जाएंगे, जिससे ग्रामीण भारत में लड़कियों और महिलाओं की सुरक्षा, अधिकार और सशक्तिकरण सुनिश्चित होगा।

अभियान की अवधि और कार्यप्रणाली:

  • यह माह लंबा अभियान DAY-NRLM (दीनदयाल अंत्योदय योजना – राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन) द्वारा आयोजित किया जा रहा है।

  • अभियान सभी भारतीय राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 23 दिसंबर 2025 तक चलेगा।

  • अभियान का आधार 10 करोड़ ग्रामीण महिलाओं की SHG नेटवर्क है, जो इसे मजबूत जन आंदोलनों में परिवर्तित करती है।

मुख्य उद्देश्य:

  • ग्रामीण भारत में लिंग आधारित हिंसा के खिलाफ सामुदायिक कार्रवाई को मजबूत करना।

  • महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देना।

  • महिलाओं की सुरक्षित आवाजाही, संपत्ति, क्रेडिट, कौशल और बाजार तक पहुँच सुनिश्चित करना।

  • महिलाओं को उद्यमिता और आजीविका के अवसर प्रदान करना।

  • लिंग-संवेदनशील नीतियों और बजटों के माध्यम से महिलाओं की भागीदारी को सुनिश्चित करना।

विशेष आयोजन:

  • बिहार और राजस्थान की दो महिला चैंपियनों ने अपने अनुभव साझा किए, जिन्होंने भेदभाव को पार कर सामुदायिक बदलाव की अगुवाई की।

  • विभिन्न मंत्रालयों, राज्य ग्रामीण आजीविका मिशनों के प्रतिनिधियों, SHG महिलाओं, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और साझेदार नागरिक समाज संगठनों की भागीदारी रही।

नयी चेतना 4.0 ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण, लिंग समानता और समुदाय आधारित विकास की दिशा में एक मजबूत पहल है, जो महिलाओं के जीवन में आत्मनिर्भरता और सुरक्षा सुनिश्चित करने का कार्य करेगी।


उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने राजनांदगांव में “लखपति दीदी सम्मेलन” में की शिरकत, कहा – महिलाएँ बन रहीं हैं आत्मनिर्भर भारत की शक्ति

No comments Document Thumbnail

रायपुर-भारत के उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन आज छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव पहुंचे, जहाँ उन्होंने “लखपति दीदी सम्मेलन” में हिस्सा लिया। इस अवसर पर उन्होंने “लखपति दीदी” पहल को भारत की महिलाओं की शक्ति, आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प का प्रतीक बताया।

सभा को संबोधित करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि “लखपति दीदी” केवल आर्थिक स्थिति का प्रतीक नहीं, बल्कि यह आत्मनिर्भरता, गरिमा और आत्मसम्मान का परिचायक है। उन्होंने कहा कि देशभर में लाखों महिलाएँ स्व-सहायता समूहों के माध्यम से यह साबित कर रही हैं कि परिश्रम, अनुशासन और एकजुटता से जीवन बदला जा सकता है।

राधाकृष्णन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के तीन करोड़ “लखपति दीदी” बनाने के संकल्प को महिला-नेतृत्व वाले विकास की दिशा में असाधारण कदम बताया। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन छत्तीसगढ़ में सशक्त रूप से आगे बढ़ रहा है, जहाँ पाँच लाख महिलाएँ आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन चुकी हैं।

उन्होंने बताया कि राजनांदगांव जिले में 9,663 स्व-सहायता समूहों के माध्यम से एक लाख से अधिक महिलाएँ जुड़ी हैं और ₹700 करोड़ से अधिक की वित्तीय सहायता प्रदान की गई है। साथ ही, “महिला सम्मान योजना” के तहत ₹13,000 करोड़ से अधिक की राशि सीधे लाभार्थियों के खातों में स्थानांतरित की गई है।

उपराष्ट्रपति ने कहा कि राजनांदगांव महिलाओं के सशक्तिकरण का प्रतीक बन चुका है, जहाँ 1,000 से अधिक महिलाएँ पंच, सरपंच और पंचायत प्रतिनिधि के रूप में सक्रिय हैं। उन्होंने कहा कि “लखपति दीदी” आंदोलन लोकतंत्र की जड़ों को मजबूत करता है और स्थानीय स्तर पर पारदर्शिता और भागीदारी को बढ़ावा देता है।

उन्होंने कहा कि अब महिलाएँ घर की सीमाओं से आगे बढ़कर प्रशासन, उद्यमिता और समाजसेवा में अग्रणी भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने सभी “लखपति दीदियों” को उनके साहस और संघर्ष के लिए सलाम किया और कहा कि “अब वह दिन दूर नहीं जब ये लखपति दीदियाँ करोड़पति दीदियाँ बनेंगी।”

राज्य की प्रगति का उल्लेख करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि कभी छत्तीसगढ़ में पानी, बिजली और विकास की कमी थी, लेकिन आज यह राज्य न केवल आत्मनिर्भर है बल्कि पूरे देश को बिजली दे रहा है। उन्होंने नक्सलवाद पर नियंत्रण को केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों का परिणाम बताया।

राधाकृष्णन ने भारतीय महिला क्रिकेट टीम की विश्व कप विजय का उदाहरण देते हुए कहा कि “छत्तीसगढ़ की महिलाएँ भी उसी जज़्बे के साथ समाज में परिवर्तन की प्रेरक शक्ति बन रही हैं।”

कार्यक्रम के दौरान उपराष्ट्रपति ने महिलाओं द्वारा संचालित कई सामाजिक पहलें देखीं, जिनमें दिव्यांगजनों द्वारा बनाए गए सहायक उपकरण भी शामिल थे। उन्होंने इन पहलों को सार्वजनिक कल्याण और सामुदायिक विकास के लिए प्रेरणादायी बताया।

इसके अलावा, उपराष्ट्रपति ने राजनांदगांव स्थित “उदयाचल हेल्थ एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट” की नई पाँच मंज़िला इमारत का उद्घाटन किया और इसे छत्तीसगढ़ को मोतियाबिंद-मुक्त बनाने की दिशा में अग्रणी संस्था बताया। उन्होंने कहा कि “राष्ट्रीय नेत्र ज्योति अभियान”, “आयुष्मान भारत” और “पीएम-आयुष्मान भारत हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन” जैसी योजनाएँ देश के स्वास्थ्य क्षेत्र को सशक्त बना रही हैं।

इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेंन डेका, मुख्यमंत्री विष्णु देव साई और विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह भी उपस्थित रहे।

दिन में पहले उपराष्ट्रपति ने नया रायपुर में छत्तीसगढ़ राज्य के गठन की 25वीं वर्षगांठ (रजत महोत्सव) के अवसर पर भारतीय वायु सेना की “सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम (SKAT)” द्वारा आयोजित शानदार एयर शो का भी अवलोकन किया, जिसने दर्शकों में देशभक्ति की भावना को प्रबल किया।



Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.