Media24Media.com: #DevelopmentPath

Responsive Ad Slot


 

Showing posts with label #DevelopmentPath. Show all posts
Showing posts with label #DevelopmentPath. Show all posts

प्रदेश से नक्सलवाद का खात्मा और विकास की नई राह: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

No comments Document Thumbnail

बस्तर ओलंपिक और बस्तर पंडुम ने बढ़ाया लोगों का सरकार पर विश्वास | 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद समाप्त करने का लक्ष्य

रायपुर-मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सुदर्शन चैनल द्वारा आयोजित कार्यक्रम में दिए गए साक्षात्कार के दौरान कहा कि छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद को समाप्त करना, लोगों का विश्वास जीतना और विकास की दिशा में आगे बढ़ना राज्य सरकार के प्रमुख उद्देश्यों में शामिल है। उन्होंने बताया कि सरकार नियद नेल्लानार योजना के माध्यम से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में लोगों के जीवन स्तर को सुधार रही है। अब तक कई गांव पुनः आबाद हो चुके हैं और आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को रोजगार से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि निर्दोष लोगों की सुरक्षा सरकार की जिम्मेदारी है और नक्सलवाद को 31 मार्च 2026 तक समाप्त करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए सरकार बनने के बाद ज्वाइंट टास्क फोर्स का गठन किया गया है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि शासन की विभिन्न योजनाओं का लाभ बस्तर के लोगों तक पहुँच रहा है। वनांचल में तेंदूपत्ता खरीदी सहकारी समितियों के माध्यम से की जा रही है। नक्सलवादी विचारधारा से लोगों को बाहर निकालकर विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए बस्तर ओलंपिक और बस्तर पंडुम का आयोजन किया गया। बस्तर ओलंपिक में 1 लाख 65 हजार प्रतिभागियों की भागीदारी ने यह सिद्ध कर दिया कि बस्तरवासी विकास की राह पर आगे बढ़ना चाहते हैं।

विदेश यात्रा का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जापान में 24 से 31 अगस्त तक आयोजित छत्तीसगढ़ पवेलियन के माध्यम से राज्य की कला, संस्कृति और संभावनाओं को प्रस्तुत किया गया। निवेशकों को नई उद्योग नीति से अवगत कराया गया, जिसमें रोजगार सृजन को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में उद्योग और निवेश की अपार संभावनाएँ हैं। राज्य की 44 प्रतिशत वन आच्छादित भूमि आयुर्वेद और हर्बल उत्पादों के क्षेत्र में विशाल अवसर प्रदान करती है। स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में भी राज्य ने बड़ी प्रगति की है—वर्तमान में 15 मेडिकल कॉलेज, आईआईटी, एनआईटी, आईआईएम और नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी जैसे संस्थान कार्यरत हैं।

मुख्यमंत्री ने लोगों से आग्रह किया कि गायों को लावारिस न छोड़ा जाए, क्योंकि इससे सड़क दुर्घटनाएँ बढ़ती हैं। उन्होंने कहा कि गौवंश की रक्षा सबकी जिम्मेदारी है और गोचर भूमि पर अवैध कब्जों को हटाने के लिए सख्त कार्रवाई की जा रही है।

अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प है। इसी के अनुरूप अंजोर विजन-2047 (छत्तीसगढ़ विजन) तैयार किया गया है, जो राज्य के सर्वांगीण विकास का रोडमैप है। उन्होंने आह्वान किया कि सभी लोग मिलकर विकसित छत्तीसगढ़ बनाने में योगदान दें।


Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.