Media24Media.com: #यौन उत्पीड़न

Responsive Ad Slot


 

Showing posts with label #यौन उत्पीड़न. Show all posts
Showing posts with label #यौन उत्पीड़न. Show all posts

शादी का झांसा, सालभर किया शोषण - मंडी का पूर्व अधिकारी गिरफ्तार

No comments Document Thumbnail

 कोरबा: जिले में गंभीर यौन उत्पीड़न का मामला सामने आया है। कटघोरा कृषि मंडी में पदस्थ रहे पूर्व अधिकारी राहुल साहू को पुलिस ने घरघोड़ा से गिरफ्तार किया है। पीड़ित महिला की शिकायत पर आरोपी को कटघोरा लाकर न्यायालय में पेश किया गया, जहां अदालत ने उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।


 क्या है मामला

पीड़िता के अनुसार, आरोपी अधिकारी के रूप में कटघोरा कृषि मंडी में पदस्थ था। इसी दौरान उसने महिला से दोस्ती की और शादी का वादा कर लगभग एक वर्ष तक उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। महिला का कहना है कि दोनों की इसी माह शादी तय थी, लेकिन अचानक आरोपी ने विवाह से इनकार कर संबंध तोड़ दिया।

इससे आहत महिला ने कटघोरा थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।

 पुलिस की कार्रवाई

कटघोरा पुलिस ने आरोपी के ठिकाने का पता लगाकर घरघोड़ा क्षेत्र में छापेमारी की और उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को कटघोरा लाकर न्यायालय में पेश किया गया।

 जेल भेजा गया आरोपी

अदालत ने आरोपी की जमानत याचिका खारिज करते हुए उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का आदेश दिया।

किन धाराओं में केस दर्ज

मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया गया है, जिनमें —

  • शादी का झांसा देकर यौन संबंध बनाना
  • धोखाधड़ी
  • यौन उत्पीड़न

जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं।

यौन उत्पीड़न मामले में पुलिस कर्मचारी को राहत नहीं, छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने अग्रिम जमानत याचिका की खारिज

No comments Document Thumbnail

 बिलासपुर। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों में फंसे एक पुलिस कर्मचारी की अग्रिम जमानत याचिका को छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने खारिज कर दिया है। हाई कोर्ट की सिंगल बेंच ने कहा कि आरोपी पुलिस विभाग का कर्मचारी है और यदि उसे अग्रिम जमानत दी जाती है तो वह गवाहों को प्रभावित कर सकता है। न्यायालय ने आरोपों की प्रकृति को गंभीर मानते हुए राहत देने से इनकार कर दिया।


दुर्ग जिले की महिला ने दर्ज कराई थी शिकायत

मामला दुर्ग जिले के पुराना भिलाई थाना क्षेत्र का है। यहां की रहने वाली एक महिला की शिकायत पर पुलिस कर्मचारी अरविंद कुमार मेढ़े के खिलाफ यौन उत्पीड़न का अपराध दर्ज किया गया है।

एफआईआर के अनुसार, पीड़िता का बेटा पॉक्सो एक्ट के एक मामले में जेल में बंद है। आरोप है कि इसी स्थिति का फायदा उठाकर आरोपी पुलिस कर्मचारी ने बेटे की जमानत कराने का झांसा दिया और महिला से संपर्क बढ़ाया।

थाने बुलाने के बाद जंगल ले जाने का आरोप

पीड़िता ने बताया कि 18 नवंबर 2025 की शाम उसे थाने बुलाया गया, जहां महिला पुलिसकर्मियों द्वारा कुछ दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराए गए। इसके बाद आरोपी ने फोन कर उसे चरौदा बस स्टैंड बुलाया और अपनी गाड़ी में बैठाकर एक सुनसान जंगल क्षेत्र में ले गया।

शारीरिक संबंध का दबाव और अश्लील हरकतों का आरोप

महिला का आरोप है कि जंगल में आरोपी ने उससे शारीरिक संबंध बनाने का दबाव डाला, गले लगाया और अश्लील हरकतें कीं। पीड़िता के अनुसार, जब उसने मासिक धर्म की जानकारी दी, तब आरोपी ने उसे छोड़ दिया और दो दिन बाद दोबारा मिलने की बात कही।

24 घंटे बाद दर्ज हुई एफआईआर

घटना के लगभग 24 घंटे बाद, 19 नवंबर 2025 की शाम करीब 6 बजे पीड़िता ने थाने पहुंचकर आरोपी पुलिस कर्मचारी के खिलाफ यौन उत्पीड़न की एफआईआर दर्ज कराई।

हाई कोर्ट ने दलीलें नहीं मानी

आरोपी की ओर से अधिवक्ता के माध्यम से हाई कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर की गई थी। याचिका में आरोपों को निराधार बताते हुए कहा गया कि एफआईआर दर्ज कराने में देरी हुई है तथा आरोपी का कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है।

हालांकि, कोर्ट ने इन दलीलों को स्वीकार नहीं करते हुए कहा कि आरोपी का पुलिसकर्मी होना और आरोपों की गंभीरता को देखते हुए अग्रिम जमानत देना उचित नहीं है, और याचिका को खारिज कर दिया।

Don't Miss
© Media24Media | All Rights Reserved | Infowt Information Web Technologies.